काशी विश्वनाथ धाम: सूतक में कराया था लोकार्पण का पूजन, अर्चक के खिलाफ जांच शुरू
काशी विश्वनाथ धाम का लोकार्पण पूजन 13 दिसंबर को हुआ था। काशी के धर्माचार्यों ने सूतक में पूजन कराने की बात कही थी। जिस पर मामले की जांच शुरू हो गई है।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
श्री काशी विश्वनाथ धाम के लोकार्पण दौरान सूतक में पूजन कराने की शिकायत की जांच शुरू हो गई है। धर्मार्थ कार्य मंत्री डॉ. नीलकंठ तिवारी ने पूरे मामले की रिपोर्ट तलब की है। वहीं मंदिर प्रशासन ने भी अर्चक के खिलाफ जांच शुरू करा दी है। जांच रिपोर्ट के आधार पर अर्चक के खिलाफ आगे की कार्रवाई होगी। काशी के धर्माचार्यों ने भी अर्चक के कृत्य को निंदनीय बताया है।
धर्मार्थ कार्य मंत्री ने मामले में मंदिर प्रशासन से रिपोर्ट तलब की है। डॉ. तिवारी ने कहा कि प्रकरण की जानकारी मिली है। धर्म और आस्था से जुड़ा प्रत्येक प्रकरण हमारे लिए बेहद ही महत्वपूर्ण है। पूर्व न्यासी प्रदीप बजाज ने पीएम को पत्र लिखकर आरोप लगाया था कि पांच दिसंबर को श्रीकांत मिश्र के भतीजे की सड़क हादसे में मौत हो गई थी।
सूतक में होने के बाद भी उन्होंने 13 दिसंबर को धाम के लोकार्पण का पूजन कराया। उन्होंने सूतक की बात अधिकारियों से छिपाई थी। मुख्य कार्यपालक अधिकारी सुनील कुमार वर्मा ने बताया कि अर्चक के खिलाफ जांच शुरू कर दी गई है। रिपोर्ट आने के बाद जो भी विधिसम्मत कार्रवाई होगी की जाएगी।