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Varanasi News: आईआईटी बीएचयू में प्रो. जॉन बी गुडइनफ को किया याद
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फोटो..
लिथियम आयन बैटरी के आविष्कार के निधन पर दी गई श्रद्धांजलि
संवाद न्यूज एजेंसी
वाराणसी। लिथियम आयन बैटरी के सह आविष्कारक प्रो. जॉन बी गुडइनफ का सोमवार को निधन हो गया। 101 की उम्र में उन्होंने अमेरिका में अंतिम सांस ली। उनके निधन पर आईआईटी बीएचयू के वैज्ञानिकों ने शोक व्यक्त किया। उनके मार्गदर्शन में पोस्ट डॉक्टरल रिसर्च कर चुके सिरामिक इंजीनियरिंग विभाग के प्रो. प्रीतम सिंह बताया कि प्रो. जॉन गुडइनफ का पिछले साल 100वां जन्मदिन आईआईटी बीएचयू में मनाया गया था। वह ऑनलाइन माध्यम से जुड़े थे और वैज्ञानिकों को संबोधित भी किया था। उन्होंने कहा था कि जो भी शोध कर रहा है उसे यह ध्यान में रखा चाहिए कि मानवता के साथ इसका क्या संबंध है। शोध के नाम पर बेवजह संसाधनों की बर्बादी नहीं करनी चाहिए।
प्रो. प्रीतम ने बताया कि मोबाइल फोन उन्हीं की देन है। लिथियम आयन बैटरी में छोटे साइज की हाई पावर बैटरी का प्रयोग फोन में किया जाता है। वह कभी खुद फोन का इस्तेमाल नहीं करते थे। प्रो. गुडइनफ ने रैंडम एक्सेस मेमोरी (रैम) का भी आविष्कार किया था। लिथियम आयन बैटरी के शोध के लिए उन्हें 2019 में नोबल पुरस्कार दिया गया था।
भारत की संस्कृति से सीखा है बहुत कुछ
ऑनलाइन कार्यक्रम में उन्होंने कहा था कि भारत तेजी से मॉडर्न हो रहा है। कई हद तक ठीक है लेकिन अपनी संस्कृति को कभी नहीं छोड़ना चाहिए। उन्होंने कहा था कि भारत की संस्कृति से बहुत कुछ सीखा है।
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लिथियम आयन बैटरी के आविष्कार के निधन पर दी गई श्रद्धांजलि
संवाद न्यूज एजेंसी
वाराणसी। लिथियम आयन बैटरी के सह आविष्कारक प्रो. जॉन बी गुडइनफ का सोमवार को निधन हो गया। 101 की उम्र में उन्होंने अमेरिका में अंतिम सांस ली। उनके निधन पर आईआईटी बीएचयू के वैज्ञानिकों ने शोक व्यक्त किया। उनके मार्गदर्शन में पोस्ट डॉक्टरल रिसर्च कर चुके सिरामिक इंजीनियरिंग विभाग के प्रो. प्रीतम सिंह बताया कि प्रो. जॉन गुडइनफ का पिछले साल 100वां जन्मदिन आईआईटी बीएचयू में मनाया गया था। वह ऑनलाइन माध्यम से जुड़े थे और वैज्ञानिकों को संबोधित भी किया था। उन्होंने कहा था कि जो भी शोध कर रहा है उसे यह ध्यान में रखा चाहिए कि मानवता के साथ इसका क्या संबंध है। शोध के नाम पर बेवजह संसाधनों की बर्बादी नहीं करनी चाहिए।
प्रो. प्रीतम ने बताया कि मोबाइल फोन उन्हीं की देन है। लिथियम आयन बैटरी में छोटे साइज की हाई पावर बैटरी का प्रयोग फोन में किया जाता है। वह कभी खुद फोन का इस्तेमाल नहीं करते थे। प्रो. गुडइनफ ने रैंडम एक्सेस मेमोरी (रैम) का भी आविष्कार किया था। लिथियम आयन बैटरी के शोध के लिए उन्हें 2019 में नोबल पुरस्कार दिया गया था।
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भारत की संस्कृति से सीखा है बहुत कुछ
ऑनलाइन कार्यक्रम में उन्होंने कहा था कि भारत तेजी से मॉडर्न हो रहा है। कई हद तक ठीक है लेकिन अपनी संस्कृति को कभी नहीं छोड़ना चाहिए। उन्होंने कहा था कि भारत की संस्कृति से बहुत कुछ सीखा है।
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