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Varanasi News: बीएचयू अस्पताल की ओपीडी में 50 सुरक्षा कर्मी, 10 छात्रों से डॉक्टर को छुड़ाने में लगे 40 मिनट

Thu, 20 Aug 2026 12:52 AM IST
Varanasi Bureau वाराणसी ब्यूरो
Updated Thu, 20 Aug 2026 12:52 AM IST
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It took minutes for security personnel to rescue a doctor from students at the BHU Hospital OPD.
मेडिसिन विभाग के डॉक्टर धीरज बोले-दबाव बनाते रहे छात्र, बचाने नहीं आए सुरक्षा कर्मी
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माई सिटी रिपोर्टर
वाराणसी। बीएचयू अस्पताल में मेडिसिन विभाग की ओपीडी में मंगलवार को सीनियर डॉक्टर धीरज किशोर से बदसलूकी, बंधक बनाने के मामले ने तूल पकड़ लिया है। डॉ. धीरज ने घटना को लेकर ओपीडी में सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े किए हैं। उनका कहना है कि 50 सुरक्षा कर्मी ओपीडी कांप्लेक्स में रहते हैं। कंट्रोल रूम भी बना है। इसके बाद भी जिन 10 छात्रों ने बंधक बनाया था, सुरक्षा कर्मी 40 मिनट बाद आए। उन्होंने ठोस कार्रवाई न होने पर पुलिस के उच्चाधिकारियों से शिकायत की बात कही है, वहीं चीफ प्रॉक्टर ने पूरे मामले में तीन सदस्यीय कमेटी गठित कर दी है। बताया कि एक वीडियो भी डॉक्टर ने दिया है, जिसमें जो लोग दिख रहे हैं, उसके आधार पर जांच कराकर दोषियों पर कड़ी कार्रवाई की बात कही है।
बीएचयू अस्पताल में मंगलवार को मेडिसिन विभाग की ओपीडी में उस समय विवाद हो गया जब कुछ छात्र एक मरीज को हेल्थ डायरी पर दिखाने आए। दोपहर 12 बजे 10 लोग ओपीडी में आए और एक मरीज को तुरंत देखने की बात कही। डॉक्टर धीरज किशोर और छात्रों के बीच नोकझोंक हो गई। डॉक्टर ओपीडी से बाहर आकर दूसरे कमरे में चले गए। कुलपति, चीफ प्रॉक्टर,चिकित्सा अधीक्षक से शिकायत में बताया कि छात्र उस कमरे में आ गए, जहां मैं गया और घेर लिया। वहां भी जबरन देखने का दबाव बना रहे थे। डॉक्टर धीरज का कहना है कि अगर सुरक्षा कर्मी अपनी डयूटी पर मुस्तैद रहते तो शायद इस तरह की घटना नहीं होती है। बताया कि कमरे में एक छात्र ने मारने के लिए हाथ भी उठाया।
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जांच कमेटी में आईएमएस के सदस्य भी शामिल
बीएचयू चीफ प्रॉक्टर प्रो. संदीप पोखरिया ने कहा कि डॉक्टर धीरज ने जो शिकायत की थी, उसको आगे की कार्रवाई के लिए नियमानुसार लंका थाने में भेजा गया है। इसके अलावा तीन सदस्यीय जांच कमेटी गठित की गई है। इसमें प्रॉक्टोरियल बोर्ड के सदस्य के साथ ही आईएमएस से भी एक सदस्य शामिल है। वीडियो में कुछ छात्र प्रोफेसर के साथ बहस करते देखे जा रहे हैं। उनकी भी पहचान कराई जा रही है।
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