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वाराणसी पुलिस का एक्शन: वीडीए के जेई समेत सात पर रंगदारी और मारपीट में एफआईआर, कोर्ट के आदेश पर हुई कार्रवाई
Sat, 19 Sep 2026 01:57 PM IST
वाराणसी ब्यूरो
अमर उजाला नेटवर्क, वाराणसी।
अमर उजाला नेटवर्क, वाराणसी।
Published by: वाराणसी ब्यूरो
Updated Sat, 19 Sep 2026 01:57 PM IST
सार
वाराणसी जिले की पुलिस ने कोर्ट के आदेश पर वीडीए के जेई समेत सात पर रंगदारी और मारपीट के मामले में प्राथमिकी दर्ज की है। आरोप है कि मकान के संबंध में नोटिस जारी हुआ था। उसी का काम कराने के एवज में साढ़े तीन लाख रुपये की मांग की गई थी।
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सांकेतिक तस्वीर
- फोटो : अमर उजाला प्रिंट
विस्तार
वाराणसी विकास प्राधिकरण के जूनियर इंजीनियर समेत सात लोगों के खिलाफ रंगदारी, मारपीट, घर में घुसकर तोड़फोड़ और जातिसूचक शब्दों के इस्तेमाल के आरोप में शिवपुर थाने में प्राथमिकी दर्ज की गई है। विशेष न्यायाधीश (एससी/एसटी) की अदालत के आदेश पर दर्ज हुई प्राथमिकी में जेई जयप्रकाश गुप्ता, कर्मचारी सुशील उपाध्याय, अनिरुद्ध पांडेय और सूरज यादव समेत तीन अज्ञात लोगों को आरोपी बनाया गया है।
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शिवपुर निवासी सुजीत कुमार सोनकर ने आरोप लगाया कि उनके मकान के संबंध में वीडीए ने नोटिस जारी किया था। इसके बाद वह नक्शा पास कराने के लिए वीडीए कार्यालय पहुंचे। आरोप है कि वहां सुशील और जेई जयप्रकाश गुप्ता ने काम कराने के एवज में साढ़े तीन लाख रुपये की मांग की। 30 हजार रुपये एडवांस लिए गए।
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पीड़ित के मुताबिक, बाद में वीडीए की ओर से 8,13,433 रुपये का शुल्क निर्धारित किया गया, जिसमें उन्होंने 50 हजार रुपये जमा किए। आरोप है कि शेष शुल्क को लेकर विवाद होने पर आरोपियों ने मकान सील करने की धमकी देते हुए पांच लाख रुपये अतिरिक्त देने का दबाव बनाया।
सुजीत का आरोप है कि 17 मार्च 2026 की शाम आरोपी जबरन उनके घर में घुस आए। उनके साथ मारपीट की गई। जेब से आठ हजार रुपये निकालने, घर का सामान तोड़ने और जातिसूचक शब्द कहने का भी आरोप लगाया गया है। पीड़ित ने फर्जी मामले में फंसाने की धमकी देने की बात भी कही है। पुलिस से शिकायत के बाद कार्रवाई न होने पर पीड़ित ने अदालत की शरण ली। थाना प्रभारी अजीत कुमार वर्मा ने बताया कि जांच की जा रही है।