Corona Vaccination: टीकाकरण के बाद सूजन और एलर्जी से घबराएं नहीं, जानें जरूरी बातें
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कोरोना का टीका वैसे तो पूरी तरह से सुरक्षित हैं लेकिन अगर इसके लगवाने के बाद आपके हाथ में सूजन हो गई या फिर कोई अन्य एलर्जी, तो घबराने की जरूरत नहीं है। इसकी जानकारी कंट्रोल रूम में देने के साथ ही नजदीकी अस्पताल में भी जाकर डॉक्टर को दिखाना चाहिए।
हर केंद्र पर राष्ट्रीय स्तर पर 1075 और राज्य स्तर पर 104 और जिला स्तर पर कंट्रोल रूम 1077 नंबर भी दिया गया है। एडिशनल सीएमओ डॉ. एके मौर्या ने बताया कि आम तौर पर बुखार एलर्जी, इंजेक्शन लगवाने वाले हाथ में दर्द या सूजन, चक्कर आना, थकान, कमजोरी, जोड़ों में दर्द जैसी समस्या हो सकती है। यह सामान्य लक्षण हैं। बताया कि गर्भवती महिलाओं को टीका लगवाने से पहले अपने डॉक्टर से जरूर सलाह लेनी चाहिए।
टीके का दुष्प्रभाव होता है तो मौजूद रहेगी किट
कोरोना का टीका लगने के बाद अगर किसी को कोई दुष्प्रभाव दिखता है तो इसके लिए सभी केंद्रों पर एईएफआई किट (एडवर्स इवेन्ट फॉलोइंग इम्यूनाइजेशन किट) भी मौजूद रहेगी। एडिशनल सीएमओ डॉ. संजय राय ने बताया कि ड्यूटी पर तैनात एएनएम और चिकित्सक के पास किट मौजूद रहेगी। इसमें इलाज से जुड़े इंजेक्शन, जरूरी दवाइयां आदि शामिल हैं।
जानें क्या कहते हैं चिकित्सक
- कोविशील्ड टीके में सार्स कोव-2 मौजूद नहीं है। ऐसे में इससे कोरोना का संक्रमण होने का खतरा ही नहीं हो सकता है।
- कोविड वैक्सीन पूरी तरह सुरक्षित हैं और इसका शरीर पर कोई भी दुष्प्रभाव नही है।
- कोविड वैक्सीन का इंजेक्शन बांह के ऊपरी हिस्से में इंट्रा मस्कुलर पर लगेगा।
- एक व्यक्ति को केवल 0.5 एमएल डोज ही लगाया जाता है।
- अगर पहले से कोई एलर्जी या बुखार है तो इसकी जानकारी टीका लगाने वाले कर्मचारियों को जरूर देनी चाहिए।
- मात्रा काफी कम होने से और सुई पतली होने के कारण कोई भी दर्द या सूजन नही होगी।
- पहली डोज लगने के बाद 28 दिन बाद दूसरी डोज लगाई जाएगी।
- दूसरी डोज लगने के भी 14 दिन बाद ही शरीर में पर्याप्त एंटीबॉडी बनती है।
- वैक्सीन के लगने से शरीर में प्रतिरक्षा तंत्र सक्रिय होकर टी सेल के माध्यम से कोरोना वायरस के खिलाफ प्रयाप्त एंटीबॉडी बनाएगा।
- पहली डोज लगने से लेकर शरीर में पर्याप्त एंटीबॉडी बनने तक कोविड नियमों का पालन करना जरूरी है।