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मिर्जापुरः डीएम की अजीब सफाई, प्रिंट के पत्रकार ने वीडियो क्यों बनाया
Wed, 04 Sep 2019 01:19 AM IST
दुष्यंत शर्मा
अमर उजाला ब्यूरो, मिर्जापुर
अमर उजाला ब्यूरो, मिर्जापुर
Published by: दुष्यंत शर्मा
Updated Wed, 04 Sep 2019 01:19 AM IST
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नमक से रोटी खा रहे स्कूल के बच्चे
- फोटो : अमर उजाला
जमालपुर विकास खंड के सिऊर प्राथमिक विद्यालय में बच्चों को नमक रोटी खिलाए जाने के मामले में पत्रकार पर एफआईआर दर्ज कराने के मामले में डीएम अनुराग पटेल ने अजीब सफाई दी। उन्होंने कहा कि प्रिंट मीडिया के पत्रकार को वीडियो बनाने की क्या जरूरत थी। प्रिंट मीडिया के पत्रकार फोटो लेते हैं। इससे लगता है कि वह किसी साजिश में शामिल था।
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डीएम अनुराग पटेल ने मंगलवार को कलेक्ट्रेट सभागार में पत्रकारों के सामने अपना पक्ष रखते हुए कहा कि पुलिस और प्रशासन की ओर से जो मुकदमा दर्ज कराया गया है वो सही है। पत्रकार पवन जायसवाल साजिश में शामिल होने के आरोपी हैं।
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डीएम अनुराग पटेल ने कहा यह सत्य है कि उस दिन विद्यालय में केवल रोटी बनी थी लेकिन रसोइयां व शिक्षामित्र को प्रभारी प्रधानाध्यापक ने यह निर्देश दे रखा था कि यदि किसी दिन वह सब्जी पहुंचाने में देर करते हैं तो वह बगल की सब्जी की दुकान से सब्जी खरीद सकते हैं। इसके लिए उन्होंने वहां पर अग्रिम तीन सौ रुपये जमा कर रखे थे।
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चूंकि उनका विद्यालय सिऊर से तकरीबन 15 किमी दूर था, उस दिन जब तक वह दाल व चावल लेकर पहुंचे तब तक वीडियो बनाया जा चुका था। उन्होंने कहा कि आरोपियों की बातचीत से स्पष्ट है कि जानबूझकर इस मामले को हाईलाइट करने के लिए ही ऐसा किया गया। इससे शासन प्रशासन की छवि धूमिल हुई है। निर्दोष लोगों को इससे डरने की जरूरत नहीं है।
प्रधान प्रतिनिधि को गिरफ्तार किया जा चुका है। उन्होंने कहा कि कार्रवाई की जा रही है। इस प्रकरण में अब तक कई अध्यापक निलंबित व एक प्रधानाध्यापक बर्खास्त हो चुके हैं। साथ ही बीईओ को निलंबित कर बीएसए को स्थानांतरित किया जा चुका है। अब तो इस मामले में राजनीतिक पार्टियां भी कूद चुकी हैं। आरोप- प्रत्यारोप का दौर भी शुरू हो चुका है।