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इस सोमवार टूटे सभी रिकार्ड, चार लाख श्रद्धालुओं ने काशी विश्वनाथ के दर पर लगाई हाजिरी
Tue, 30 Jul 2019 01:25 PM IST
Sayali Maurya
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वाराणसी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वाराणसी
Published by: Sayali Maurya
Updated Tue, 30 Jul 2019 01:25 PM IST
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बाबा विश्वनाथ के दर्शन करने के लिए लगी श्रद्धालुओं की भीड़।
- फोटो : अमर उजाला
सावन के दूसरे सोमवार को काशी विश्वनाथ मंदिर में श्रृद्धालुओं ने एक रिकॉर्ड बनाया। इस साल सावन के सोमवार के अवसर पर पिछले सालों की तुलना में अधिक शिवभक्तों ने बाबा विश्वनाथ के दर्शन किए।
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सुबह चार बजे से लेकर रात 11 बजे तक तीन लाख से अधिक श्रद्धालुओं ने बाबा के दर्शन किए। मंदिर प्रशासन ने दर्शनार्थियों का आंकड़ा चार लाख बताया है। अब तक एक दिन में सबसे अधिक 2.5 लाख श्रद्धालुओं ने दर्शन-पूजन किए थे।
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काशी विश्वनाथ मंदिर में औसतन प्रतिदिन 50 हजार से 75 हजार श्रद्धालु दर्शन-पूजन करते हैं। सावन में यह आंकड़ा एक लाख के पार पहुंच जाता है। सावन के सोमवार और शिवरात्रि पर बाबा विश्वनाथ के दर्शन-पूजन करने वाले श्रद्धालुओं की संख्या 2 से 2.5 लाख तक रहती है।
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प्रयागराज कुंभ के शाही स्नान के पलट प्रवाह के समय भी दर्शन करने वालों की संख्या ढाई लाख के आसपास ही रही थी। एलआईयू की रिपोर्ट के अनुसार, इस बार सावन के दूसरे सोमवार को दर्शनार्थियों का आंकड़ा तीन लाख से ज्यादा रहा। जबकि मंदिर प्रशासन ने चार लाख का दावा किया है।
काशी विश्वनाथ मंदिर के सीईओ विशाल सिंह ने बताया कि चारों गेट से हो रहे बाबा विश्वनाथ के झांकी दर्शन से यह आंकड़ा करीब चार लाख तक पहुंच गया है। वहीं देर शाम के बाद स्थिति सामान्य हो गई थी।
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काम आई झांकी दर्शन की व्यवस्था
अब तक गर्भ गृह के चार गेट में से दो गेट से श्रद्धालु प्रवेश करते थे और दो गेट से बाहर निकलते थे। इससे दर्शन पूजन में समय लगता था। सावन में की गई झांकी दर्शन की व्यवस्था से सभी गेट से बाबा के दर्शन हो रहे हैं। मंदिर के अधिकारियों के अनुसार, सावन के सोमवार को श्रद्धालु चार से पांच घंटे खड़े होने के बाद बाबा के दर्शन कर पाते थे। झांकी दर्शन की व्यवस्था से इसमें अधिकतम दो घंटे ही लगते हैं।