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Varanasi News: घर जाकर 31 हजार भवनों के डाटा का होगा सत्यापन
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जलकर और गृहकर का बिल एक करने के दौरान डाटा मिसमैच हो रहे हैं। इस नाते गृहकर और जलकर के बिल एक नहीं हो पा रहे हैं। इसे देखते हुए जलकल की ओर से योजना में बदलाव किया गया है। अब तक 1.25 लाख भवनों का डाटा जलकल ने मैच करा लिया है। जबकि 31 हजार डाटा ऐसे हैं, जिनका सत्यापन घर जाकर ही हो पाएगा। इन लोगोंं के भवन स्वामी, आराजी नंबर आदि में कुछ अंतर है।
नगर निगम में भवन स्वामियों की संख्या 2.20 लाख है। जबकि पानी के कनेक्शनधारकों की संख्या 1.87 लाख है। इनमें से 62 हजार डाटा मैच कराना है। इसके लिए जलकल विभाग ने कार्ययोजना बनाई है। लेखाधिकारी मनोज त्रिपाठी ने बताया कि नगर निगम का डाटा जलकल के डाटा से मैच कराया जा रहा है। कुछ डाटा मैच कराने के लिए फील्ड वेरिफिकेशन जरूरी है। इसके बिना यदि किसी का बिल गड़बड़ हो जाएगा तो दिक्कत बढ़ जाएगी। जिनके डाटा में किसी प्रकार की दिक्कत नहीं है, उनके डाटा मैच हो रहे हैं। बाकी जिनके डाटा में अंतर है, उसे अभी मैच नहीं कराया जा रहा है। ज्यादातर लोगों के नाम गृहकर में अलग हैं। जबकि पानी का कनेक्शन किसी और नाम से लिए गए हैं। इस नाते एक ही भवन संख्या में दो नाम आ रहे हैं। ऐसे लोगों का सत्यापन घर जाकर करना है। इसकी पूरी कार्ययोजना बना ली गई है। आगामी तीन महीनों में बाकी बचे डाटा को मैच करा लिया जाएगा।
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नगर निगम में भवन स्वामियों की संख्या 2.20 लाख है। जबकि पानी के कनेक्शनधारकों की संख्या 1.87 लाख है। इनमें से 62 हजार डाटा मैच कराना है। इसके लिए जलकल विभाग ने कार्ययोजना बनाई है। लेखाधिकारी मनोज त्रिपाठी ने बताया कि नगर निगम का डाटा जलकल के डाटा से मैच कराया जा रहा है। कुछ डाटा मैच कराने के लिए फील्ड वेरिफिकेशन जरूरी है। इसके बिना यदि किसी का बिल गड़बड़ हो जाएगा तो दिक्कत बढ़ जाएगी। जिनके डाटा में किसी प्रकार की दिक्कत नहीं है, उनके डाटा मैच हो रहे हैं। बाकी जिनके डाटा में अंतर है, उसे अभी मैच नहीं कराया जा रहा है। ज्यादातर लोगों के नाम गृहकर में अलग हैं। जबकि पानी का कनेक्शन किसी और नाम से लिए गए हैं। इस नाते एक ही भवन संख्या में दो नाम आ रहे हैं। ऐसे लोगों का सत्यापन घर जाकर करना है। इसकी पूरी कार्ययोजना बना ली गई है। आगामी तीन महीनों में बाकी बचे डाटा को मैच करा लिया जाएगा।
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