वाराणसी: साइबर फ्रॉड का केस दर्ज कराने को भटक रही महिला, ऑस्ट्रेलिया में पति है मरीन इंजीनियर
वाराणसी के आदित्य नगर में रहने वाली मरीन इंजीनियर की पत्नी 74 हजार रुपये के साइबर फ्रॉड का मुकदमा दर्ज कराने के लिए चितईपुर थाने से साइबर क्राइम थाने और सुंदरपुर चौकी के चक्कर काट रही है।
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वाराणसी के आदित्य नगर में रहने वाली मरीन इंजीनियर की पत्नी 74 हजार रुपये के साइबर फ्रॉड का मुकदमा दर्ज कराने के लिए चितईपुर थाने से साइबर क्राइम थाने और सुंदरपुर चौकी के चक्कर काट रही है। पुलिस के रवैये से दुखी महिला का कहना है कि आखिरकार वह किससे गुहार लगाए कि मुकदमा दर्ज कर कार्रवाई हो। पुलिस मिशन शक्ति अभियान को लेकर गंभीर नहीं है।
ऑस्ट्रेलिया में कार्यरत मरीन इंजीनियर गौतम सिंह की पत्नी मेनका ने बताया कि एक अक्तूबर को उनके पास एक कॉल आया। फोन करने वाले ने कहा कि वह फ्लिपकार्ट से बोल रहा है और कुछ पैसे वापस करने है। मेनका ने बताया कि उन्होंने फ्लिपकार्ट से कोई लेन-देन नहीं किया था, इसलिए कॉल काट दी। कुछ देर बाद उनके बैंक खाते से दो बार में 74,762 रुपये कट गए। जबकि उन्होंने न कोई ओटीपी शेयर किया न किसी लिंक पर क्लिक। बावजूद खाते से रुपये कट गए।
तीन अक्तूबर से भटक रहीं मुकदमा दर्ज कराने के लिए
मेनका ने बताया कि साइबर फ्रॉड की सूचना उन्होंने एक अक्तूबर को 1930 नंबर पर दी थी। वहां से चितईपुर थाने की पुलिस से संपर्क करने को कहा गया।
तीन अक्तूबर को बैंक स्टेटमेंट लेकर चितईपुर थाने गईं तो उन्हें सारनाथ स्थित साइबर क्राइम थाने जाकर चार डिजिट का ओटीपी लाने को कहा गया। वहां से ओटीपी लाकर दे दिया। इसके बाद उन्हें चितईपुर थाने से सुंदरपुर चौकी भेजा गया। सुंदरपुर चौकी से फिर चितईपुर थाने भेजा गया। फिर चितईपुर थाने में कहा गया कि 1930 नंबर पर जो शिकायत दर्ज है, हम लोग उसी के आधार पर कार्रवाई कर देंगे। मेनका ने बताया कि पुलिस से मांगने के बाद भी रिसीविंग नहीं मिला।