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चाकू से गोदकर भंडारी की हत्या
ब्यूरो, अमर उजाला, वाराणसी
Updated Tue, 07 Mar 2017 02:21 AM IST
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- फोटो : अमर उजाला
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अस्सी स्थित मारवाड़ी सेवा संघ के भोजनालय केे भंडारी नीलकंठ तिवारी (40) की चाकू से गोदकर हत्या कर दी गई। सोमवार सुबह नीलकंठ का शव सीरगोवर्धनपुर में लौटूबीर पुलिया के समीप खून से लथपथ मिला। मां ननकी देवी की तहरीर पर लंका थाने में नीलकंठ की पत्नी लक्ष्मी और जीजा गणेशू तथा मुन्ना के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज किया गया है।
सोमवार सुबह पुलिया के पास ग्रामीणों ने युवक का शव देखा तो लंका पुलिस को सूचना दी। युवक पर चाकू से कई वार किए गए थे। पुलिस पहुंची तो मृतक की जेब में मौजूद मोबाइल फोन की घंटी बजी। पुलिस ने रिसीव किया तो उसकी पहचान नीलकंठ के रूप में हुई। पुलिस ने इसकी सूचना ननकी देवी को दी। ननकी ने बताया कि वह और नीलकंठ दोनों मारवाड़ी सेवा संघ के भोजनालय में काम करते थे। रविवार रात दोनों घर पहुंचे तो छोटे दामाद मुन्ना ने नीलकंठ को फोन किया। बताया कि लक्ष्मी और गणेशू ने कोर्ट में शादी कर ली है। नरिया में किराए के मकान से वह कागजात ले जाए। नीलकंठ घर से निकला तो लौटा नहीं।
ननकी ने बताया कि नीलकंठ के तीन बच्चे खरगोश, नंदिनी और पवन हैं। लक्ष्मी के साथ खरगोश और पवन रहते हैं। नंदिनी हमारे साथ रहती है। पांच-छह दिन से लक्ष्मी फोन करके नंदिनी को उसे देने का दबाव नीलकंठ पर बना रही थी। ननकी का आरोप है कि लक्ष्मी और गणेशू के बीच में नीलकंठ बाधक बन रहा था। उसके मकान पर दोनों दामाद कब्जा करना चाहते हैं। इसी वजह से तीनों ने मिलकर नीलकंठ की हत्या कर दी।
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पुलिस ने आरोपियों की तलाश में नरिया स्थित किराए के मकान पर छापेमारी की लेकिन उनका पता नहीं लगा। उधर, पीएम मोदी के कार्यक्रम स्थल से महज डेढ़ किलोमीटर की दूरी पर हुई इस घटना से पुलिस अधिकारियों के कान खड़े हो गए। लंका इंस्पेक्टर को आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी की ताकीद की गई।
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सोमवार सुबह पुलिया के पास ग्रामीणों ने युवक का शव देखा तो लंका पुलिस को सूचना दी। युवक पर चाकू से कई वार किए गए थे। पुलिस पहुंची तो मृतक की जेब में मौजूद मोबाइल फोन की घंटी बजी। पुलिस ने रिसीव किया तो उसकी पहचान नीलकंठ के रूप में हुई। पुलिस ने इसकी सूचना ननकी देवी को दी। ननकी ने बताया कि वह और नीलकंठ दोनों मारवाड़ी सेवा संघ के भोजनालय में काम करते थे। रविवार रात दोनों घर पहुंचे तो छोटे दामाद मुन्ना ने नीलकंठ को फोन किया। बताया कि लक्ष्मी और गणेशू ने कोर्ट में शादी कर ली है। नरिया में किराए के मकान से वह कागजात ले जाए। नीलकंठ घर से निकला तो लौटा नहीं।
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ननकी ने बताया कि नीलकंठ के तीन बच्चे खरगोश, नंदिनी और पवन हैं। लक्ष्मी के साथ खरगोश और पवन रहते हैं। नंदिनी हमारे साथ रहती है। पांच-छह दिन से लक्ष्मी फोन करके नंदिनी को उसे देने का दबाव नीलकंठ पर बना रही थी। ननकी का आरोप है कि लक्ष्मी और गणेशू के बीच में नीलकंठ बाधक बन रहा था। उसके मकान पर दोनों दामाद कब्जा करना चाहते हैं। इसी वजह से तीनों ने मिलकर नीलकंठ की हत्या कर दी।
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पुलिस ने आरोपियों की तलाश में नरिया स्थित किराए के मकान पर छापेमारी की लेकिन उनका पता नहीं लगा। उधर, पीएम मोदी के कार्यक्रम स्थल से महज डेढ़ किलोमीटर की दूरी पर हुई इस घटना से पुलिस अधिकारियों के कान खड़े हो गए। लंका इंस्पेक्टर को आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी की ताकीद की गई।