वाराणसी में मुख्तार गिरोह के मछली विक्रेता की 12.65 लाख की संपत्ति जब्त, गैंगेस्टर एक्ट में हुई कार्रवाई
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अंतरराज्यीय गिरोह (आईएस-191) के सरगना मऊ सदर विधायक मुख्तार अंसारी के करीबियों के खिलाफ जिला पुलिस की कार्रवाई लगातार जारी है। इसी के तहत गुरुवार को मंडुवाडीह और लंका थाने की पुलिस द्वारा शिव प्रसाद गुप्त कॉलोनी निवासी गुरु चरण सिंह की अवैध गतिविधियों से अर्जित 12,65,000 रुपये मूल्य की संपत्ति जिलाधिकारी के आदेश से गैंगेस्टर एक्ट के तहत जब्त की गई।
एसपी सिटी विकास चंद्र त्रिपाठी ने बताया कि जिला जेल में बंद गुरुचरण का संबंध मुख्तार अंसारी के सहयोगी छावनी क्षेत्र निवासी सलीम से रहा है। सलीम वर्ष 2007 में कौमी एकता दल के टिकट पर विधानसभा का चुनाव लड़ चुका है और मुख्तार अंसारी के कई आपराधिक मामलों में जमानतदार भी रहा है।
बीती 28 जून को कैंट, लंका और शिवपुर थाने में प्रतिबंधित थाई मांगुर मछली के कारोबार का अवैध सिंडिकेट चलाने वाले अब्दुल सलीम व गुरुचरण सिंह सहित सात आरोपियों की गिरफ्तारी करते हुए भारी मात्रा में थाई मांगुर मछली बरामद की गई थी।
इसके बाद 16 जुलाई को सलीम के खिलाफ थाना कैंट में और सात अगस्त को गुरुचरण सिंह के खिलाफ थाना लंका में गैंगस्टर अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज किया गया था। जिलाधिकारी के आदेश के क्रम में 14 अगस्त को सलीम की 26,33,188 रुपये मूल्य की संपत्ति जब्त की गई थी।
वांछित मेराज के करीबियों का ब्योरा जुटा रही पुलिस
मुख्तार गैंग के सदस्य और जैतपुरा थाने के हिस्ट्रीशीटर मेराज अहमद उर्फ भाई मेराज के करीबियों का जिले की पुलिस डोजियर तैयार कर रही है। इसके तहत जिले के सभी थाना क्षेत्र में रहने वाले मेराज के 20 से ज्यादा करीबियों के शस्त्र लाइसेंस और उनके खिलाफ दर्ज मुकदमों का ब्योरा जुटाया जा रहा है। उधर, मेराज की तलाश में पुलिस टीमें लगातार दबिश दे रही हैं। पुलिस अब अदालत में प्रार्थना पत्र देकर मेराज को फरार घोषित कराने और उसकी कुर्की कराने की तैयारी में है।