बकरी चराने के विवाद में खूनी संघर्ष: वाराणसी में लाठी-डंडे और रॉड से हमला, महिलाओं समेत 8 घायल; पुलिस बल तैनात
Varanasi News: मारपीट की सूचना मिलते ही मिर्जामुराद थाने की पुलिस पहुंच गई। घायलों को अस्पताल भेजा गया, जहां उपचार शुरू हुआ। स्थानीय लोगों से जानकारी लेने के बाद मामला दर्ज किया गया।
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Varanasi Crime: लल्लापुर गांव में रविवार सुबह खेत में बकरी चराने को लेकर दो पक्षों के बीच जमकर खूनी संघर्ष हो गया। मामूली विवाद देखते ही देखते हिंसक झड़प में बदल गया, जिसमें लाठी-डंडे और लोहे की रॉड से हुए हमले में महिलाओं सहित आठ लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। घटना के बाद गांव में तनाव का माहौल बन गया। सूचना पर पहुंची मिर्जामुराद पुलिस ने स्थिति को नियंत्रित कर घायलों को अस्पताल भिजवाया।
मामला मिर्जामुराद थाना क्षेत्र के लल्लापुर गांव का है। जानकारी के अनुसार गांव निवासी मिंटू बिंद के सब्जी के खेत में दूसरे पक्ष के जमुना बिंद की बकरी घुस गई और फसल चरने लगी। इसका विरोध करने पर दोनों पक्षों में कहासुनी शुरू हो गई। देखते ही देखते विवाद इतना बढ़ गया कि दोनों तरफ से दर्जनों लोग लाठी, डंडा और लोहे की रॉड लेकर आमने-सामने आ गए।
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, खेत में अचानक मारपीट शुरू होते ही अफरा-तफरी मच गई। दोनों पक्षों के लोग एक-दूसरे पर ताबड़तोड़ हमला करने लगे। संघर्ष में कई लोगों के सिर फट गए और वे लहूलुहान होकर जमीन पर गिर पड़े। चीख-पुकार सुनकर आसपास के ग्रामीण मौके पर पहुंचे, लेकिन तब तक कई लोग गंभीर रूप से घायल हो चुके थे।
पुलिस ने की कार्रवाई
घटना में एक पक्ष से संतराम, उनकी पत्नी, अजय बिंद, मिंटू बिंद, सिंटू बिंद और उनकी मां घायल हुईं। वहीं दूसरे पक्ष से जमुना बिंद, उनकी पत्नी शक्ति देवी, पुत्र बिंदु और बहू को चोटें आई हैं। घायलों को एंबुलेंस की मदद से इलाज के लिए मंडलीय अस्पताल कबीरचौरा भेजा गया, जहां कुछ की हालत गंभीर बताई जा रही है।
सूचना मिलते ही थाना प्रभारी गोपाल जी कुशवाहा पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे और हालात पर काबू पाया। गांव में दोबारा विवाद न हो, इसके लिए एहतियातन पुलिस बल तैनात कर दिया गया है। पुलिस दोनों पक्षों से तहरीर लेकर मामले की जांच में जुटी है।