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भाभी को हुआ चचेरे देवर से प्यार, पति बना बाधक तो हत्या करा दी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला,मिर्जापुर
Updated Thu, 22 Mar 2018 10:40 AM IST
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भाभी की चाहत में चचेरे भाई ने की थी हत्या
- फोटो : अमर उजाला
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भाभी को अपने चचेरे देवर से प्यार हो गया। दोनों चोरी छुपे मिला करते थे। पति को इस जानकारी हुई तो उसने प्रेम संबंध पर पहरा लगाना शुरू कर दिया। रोज रोज की टोका-टाकी पत्नी को पसंद नहीं था। इसका हल निकावने के लिए उसने खतरनाक प्लान बनाया।
अपने प्रेमी चचरे देवर को पति की हत्या करने के लिए कह दी। फिर क्या था, भाभी की चाहत में देवर ने 19 मार्च की रात अपने बड़े भाई की हत्या कर दी। घटना मिर्जापुर जिले के एक गांव की है। घटना का खुलासा बुधवार को पुलिस ने कर दिया।
मृतक की पत्नी और उसके चचेरे भाई को पुलिस ने गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। हत्यारोपी की निशानदेही पर पुलिस ने चाकू को बरामद कर लिया है। पुलिस अधीक्षक आशीष तिवारी ने बुधवार को पुलिस लाइन में हत्याकांड का खुलासा किया।
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उन्होंने बताया कि महरौड़ा गांव निवासी रणजीत सरोज की पत्नी सरिता का प्रेम संबंध उसके चचेरे देवर बलराम से पिछले पांच वर्षों से चल रहा था। दोनों चोरी छुपे मिला करते थे।
एक दिन इसकी जानकारी रणजीत को हुई तो उसने सरिता को अपने चाचा के लड़के से दूर रहने को कहा, लेकिन सरिता नहीं मानी और बलराम से मिलती रही। धीरे-धीरे दोनों का प्यार परवान चढ़ता गया।
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अपने प्रेमी चचरे देवर को पति की हत्या करने के लिए कह दी। फिर क्या था, भाभी की चाहत में देवर ने 19 मार्च की रात अपने बड़े भाई की हत्या कर दी। घटना मिर्जापुर जिले के एक गांव की है। घटना का खुलासा बुधवार को पुलिस ने कर दिया।
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मृतक की पत्नी और उसके चचेरे भाई को पुलिस ने गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। हत्यारोपी की निशानदेही पर पुलिस ने चाकू को बरामद कर लिया है। पुलिस अधीक्षक आशीष तिवारी ने बुधवार को पुलिस लाइन में हत्याकांड का खुलासा किया।
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उन्होंने बताया कि महरौड़ा गांव निवासी रणजीत सरोज की पत्नी सरिता का प्रेम संबंध उसके चचेरे देवर बलराम से पिछले पांच वर्षों से चल रहा था। दोनों चोरी छुपे मिला करते थे।
एक दिन इसकी जानकारी रणजीत को हुई तो उसने सरिता को अपने चाचा के लड़के से दूर रहने को कहा, लेकिन सरिता नहीं मानी और बलराम से मिलती रही। धीरे-धीरे दोनों का प्यार परवान चढ़ता गया।
ऐसे दिया वारदात को अंजाम
विरोध जताने पर बलराम ने रणजीत को रास्ते से हटाने का प्लान बनाया। 19 मार्च की रात बलराम चाकू लेकर छत के रास्ते रणजीत के कमरे में पहुंचा और चारपाई पर सो रहे रणजीत के पेट पर वार कर दिया।
चाकू लगते ही रणजीत गंभीर रूप से घायल हो गया लेकिन इस दौरान उसने बलराम को पहचान लिया। रणजीत जब तक किसी को बलराम के बारे में बताता तब तक उसकी सांसें टूट चुकी थीं।
घटना की जानकारी होने पर मृतक के पिता बंशीलाल ने अज्ञात लोगों के विरुद्ध पुत्र की हत्या करने का मुकदमा दर्ज कराया। बहू पर पुत्र की हत्या कराने की आशंका जताने पर पुलिस मामले की छानबीन में जुट गई थी।
बुधवार को पता चला कि रणजीत हत्याकांड का आरोपी महरौड़ा गांव से भागने वाला है। जानकारी होते ही विंध्याचल थानाध्यक्ष अशोक सिंह, उपनिरीक्षक बहानंद यादव के साथ पहुंचे और आरोपी बलराम को गिरफ्तार कर पूछताछ किया तो पूरा मामला प्रकाश में आ गया। पुलिस ने हत्याकांड में शामिल मृतक की पत्नी सरिता को भी गिरफ्तार कर लिया।
चाकू लगते ही रणजीत गंभीर रूप से घायल हो गया लेकिन इस दौरान उसने बलराम को पहचान लिया। रणजीत जब तक किसी को बलराम के बारे में बताता तब तक उसकी सांसें टूट चुकी थीं।
घटना की जानकारी होने पर मृतक के पिता बंशीलाल ने अज्ञात लोगों के विरुद्ध पुत्र की हत्या करने का मुकदमा दर्ज कराया। बहू पर पुत्र की हत्या कराने की आशंका जताने पर पुलिस मामले की छानबीन में जुट गई थी।
बुधवार को पता चला कि रणजीत हत्याकांड का आरोपी महरौड़ा गांव से भागने वाला है। जानकारी होते ही विंध्याचल थानाध्यक्ष अशोक सिंह, उपनिरीक्षक बहानंद यादव के साथ पहुंचे और आरोपी बलराम को गिरफ्तार कर पूछताछ किया तो पूरा मामला प्रकाश में आ गया। पुलिस ने हत्याकांड में शामिल मृतक की पत्नी सरिता को भी गिरफ्तार कर लिया।