फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Varanasi News ›   Baba maze of millions in the name of worship, offerings

बाबा के पूजा-प्रसाद के नाम पर लाखों का गोरखधंधा

Mon, 05 Oct 2015 02:03 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, वाराणसी
ब्यूरो/अमर उजाला, वाराणसी Updated Mon, 05 Oct 2015 02:03 AM IST
विज्ञापन
Baba maze of millions in the name of worship, offerings
खुद को मंदिर का कर्मचारी और सेवादार बताकर बाबा विश्वनाथ के भक्तों को घर बैठे प्रसाद भेजने और पूजा कराने का गोरखधंधा सामने आया है। ये लोग आश्रमों के नाम पर भी इस धंधे को चला रहे हैं और लाखों रुपये का वारा-न्यारा किया जा रहा है। लखनऊ के एक भक्त के पते पर घर बैठे प्रसाद भेजने और एक लाख रुपये में शंकराचार्य से विश्वनाथ मंदिर में रुद्राभिषेक कराने की बुकिंग के बाद इस नेटवर्क की शिकायत अफसरों से की गई। प्रभारी मुख्य कार्यपालक अधिकारी पीएन द्विवेदी ने बाबा के प्रसाद के नाम पर हो रहे इस धंधे की जांच शुरू कर दी है। मंदिर प्रशासन ने इस धंधे से जुड़े तीन सदस्यों के मोबाइल नंबर सर्विलांस पर लगाने की संस्तुति देर शाम एसएसपी आकाश कुलहरि को पत्र भेजकर की। दो मोबाइल नंबर इससे पहले पुलिस को जांच के लिए दिए जा चुके हैं। पता चला है कि इस तरह की ठगी सैकड़ों भक्तों से की जा चुकी है।
विज्ञापन


घर बैठे बाबा विश्वनाथ का प्रसाद कोरियर से भेजने के धंधे में शामिल युवक-युवतियों के नाम और मोबाइल नंबर पुलिस को दिए गए हैं, ताकि इस गोरखधंधे की तह तक पहुंचा जा सके। हाल ही में यह मामला तब सामने आया जब लखनऊ के बालागंज निवासी ज्ञानप्रकाश के पास एक महिला ने फोन कर विश्वनाथ मंदिर में शंकराचार्य की ओर से कराए जाने वाले रुद्राभिषेक में उनसे शामिल होने की गुजारिश की। इसके लिए एडवांस में रकम भेजने के लिए भी कहा। ज्ञान प्रकाश ने जब मंदिर से जुड़े लोगों से संपर्क कर शंकराचार्य की ओर से कराई जाने वाली पूजा के बारे में पता किया तब जानकारी मिली कि ऐसा कोई अनुष्ठान यहां नहीं होने वाला है। इसके बाद ज्ञान प्रकाश ने इसकी जानकारी अपने कुछ और मित्रों को दी। फिर, वाराणसी निवासी अजय शर्मा के फोन पर खुद को विश्वनाथ मंदिर की सेवादार बताते हुए संध्या मिश्रा नामक किसी महिला ने बाबा विश्वनाथ के प्रसाद की बुकिंग कराई।
विज्ञापन


अजय का मकान लखनऊ के गोमती नगर स्थित विराट खंड में भी है। 22 सौ रुपये जमा करने के बाद उनके लखनऊ के पते पर कोरियर से प्रसाद पहुंचा, तब उस पर भेजने वाले का पता 59/143 मालती सदन हुकुलगंज, पांडेयपुर लिखा था। बाबा के प्रसाद का पैकेट विश्वनाथ मंदिर के बजाय दूसरे पते से भेजने पर अजय को शक हुआ तब उन्होंने संबंधित मोबाइल नंबर पर फोन कर इसकी सचाई जाननी चाही। इस पर उस महिला ने उनसे कहा कि वह एक आश्रम से भी जुड़ी हैं। 1.01 लाख रुपये में उनका आश्रम विश्वनाथ मंदिर में 31 आचार्यो से रुद्राभिषेक भी करवाता है और यह कार्य 12 वर्षों से चल रहा है। उनकी बात से संतुष्ट न होने पर अजय ने प्रसाद लेने से इनकार कर दिया और इसकी शिकायत मंदिर प्रशासन से की।
विज्ञापन
विज्ञापन


प्रभारी सीईओ ने बताया कि अजय से जिन तीन अलग-अलग मोबाइल नंबरों से प्रसाद की बुकिंग कराई गई थी। उन नंबरों को एसएसपी के पास भेजा जा रहा है। बातचीत के रिकार्ड भी मंदिर प्रशासन के हाथ लगे हैं। अफसरों का कहना है कि बाबा के प्रसाद के नाम पर धंधा चलाने वालों का जल्द ही खुलासा होने की उम्मीद है। इससे पहले भी दूसरे शहरों से इस तरह की शिकायत भक्तों ने की थी। तब एसपी ज्ञानवापी एके पांडेय को दो मोबाइल नंबर सर्विलांस पर लगाकर ट्रेस करने के लिए दिए गए थे।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed