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बाबा श्मशान नाथ की निकाली बारात
ब्यूरो/ अमर उजाला, वाराण्ासी
Updated Tue, 12 Apr 2016 02:16 AM IST
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दारानगर से निकली बाबा श्मशान नाथ की बारात में शामिल भक्तगण।
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तीनों लोक से न्यारी काशी में सोमवार को बाबा श्मशान नाथ के विवाहोत्सव की झलक पाने के लिए लोग उमड़ पड़े। धूम मच गई। शाम को मृत्युंजय महादेव मंदिर से हाथी, घोड़े से सुसज्जित बारात बाजेगाजे के साथ निकली तो छतों, बारजों पर उस दृश्य को निहारने के लिए बच्चों, महिलाओं की भीड़ लग गई। इसी के साथ मणिकर्णिका महाश्मशान पर तीन दिवसीय उत्सव शुरू हो गया। 13 अप्रैल को श्मशान पर यादगार महफिल लगेगी। इसमें देश के कोने-कोने से पहुंचने वाली नगर बधुएं श्मशान पर नृत्य करेंगी।
मृत्युंजय महादेव मंदिर में सोमवार की शाम छह बजे रुद्राभिषेक, पूजा और तिलक के बाद बाबा श्मशान नाथ की बारात निकाली गई। बाबा श्मशान नाथ संघर्ष समिति के तत्वावधान में बारात दारानगर स्थित स्वर्णकार धर्मशाला से निकाली गई। लोग हाथी, घोड़े, ऊंटों पर सवार होकर चले। बारातियों की शान देखने बन रही थी। लोग सज धज कर निकले। डीएवी, लोहटिया, मैदागिन, बुलानाला, नीचीबाग से चौक होते हुए बारात रात करीब नौ बजे मणिकर्णिका श्मशान पर पहुंची। इस दौरान बारात में दुर्गा, काली, सरस्वती के स्वरूपों की झांकियां आकर्षण का केंद्र बनी थीं।
विश्वनाथ मंदिर के महंत डा. कुलपति तिवारी शाही पगड़ी में बग्घी पर सवार थे। श्री काशी विश्वनाथ डमरू दल के सदस्य झूमते-थिरकते चल रहे थे। घाट पहुंचने के बाद बाबा की महाआरती उतारी गई। बारातियों में समिति के अध्यक्ष चैनू प्रसाद गुप्ता, बिहारी लाल गुप्ता, गुलशन, सोनू, विजय शंकर, निहाल आदि शामिल थे।
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मृत्युंजय महादेव मंदिर में सोमवार की शाम छह बजे रुद्राभिषेक, पूजा और तिलक के बाद बाबा श्मशान नाथ की बारात निकाली गई। बाबा श्मशान नाथ संघर्ष समिति के तत्वावधान में बारात दारानगर स्थित स्वर्णकार धर्मशाला से निकाली गई। लोग हाथी, घोड़े, ऊंटों पर सवार होकर चले। बारातियों की शान देखने बन रही थी। लोग सज धज कर निकले। डीएवी, लोहटिया, मैदागिन, बुलानाला, नीचीबाग से चौक होते हुए बारात रात करीब नौ बजे मणिकर्णिका श्मशान पर पहुंची। इस दौरान बारात में दुर्गा, काली, सरस्वती के स्वरूपों की झांकियां आकर्षण का केंद्र बनी थीं।
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विश्वनाथ मंदिर के महंत डा. कुलपति तिवारी शाही पगड़ी में बग्घी पर सवार थे। श्री काशी विश्वनाथ डमरू दल के सदस्य झूमते-थिरकते चल रहे थे। घाट पहुंचने के बाद बाबा की महाआरती उतारी गई। बारातियों में समिति के अध्यक्ष चैनू प्रसाद गुप्ता, बिहारी लाल गुप्ता, गुलशन, सोनू, विजय शंकर, निहाल आदि शामिल थे।
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