{"_id":"f1e7f86e9bfb750e2f599d7c6cc8bfcb","slug":"at-bhikharipur-electric-office-central-joint-secretry-meeting-with-md-kajol-hindi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"पक्के महाल में बिजली के तार होंगे भूमिगत","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
पक्के महाल में बिजली के तार होंगे भूमिगत
वाराण्ासी, ब्यूरो
Updated Thu, 29 Jan 2015 02:15 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
वाराणसी(ब्यूरो)। गंगा घाटों और पक्के महाल में बिजली के लटकते तार हटाए जाएंगे। बिजली के हाईटेंशन और वितरण केबल को पूरी तरह भूमिगत किया जाएगा। टेलीफोन की तरह जगह-जगह बाक्स बनाकर वहां से घरों को विद्युत आपूर्ति दी जाएगी।
विज्ञापन
शहर के आसपास के गांवों का पूर्ण विद्युतीकरण किया जाएगा। केंद्रीय ऊर्जा मंत्रालय के संयुक्त सचिव बीएन शर्मा ने इसका प्रस्ताव भेजने को कहा है। पूर्वांचल विद्युत वितरण निगम मुख्यालय सभागार में बुधवार को समीक्षा बैठक में उन्होंने प्राचीन शहर में ई रिक्शा चलाने की योजना बनाने को कहा।
विज्ञापन
पूर्वांचल के 29 नगरों में चल रहे संशोधित त्वरित विद्युत सुधार एवं विकास परियोजना के कार्यों की समीक्षा के दौरान संयुक्त सचिव ने कहा कि वाराणसी पर्यटन का केंद्र है।
विज्ञापन
सैलानी पुराने शहर और घाटों के आकर्षण में यहां खिंचे चले आते हैं। इसको देखकर साढ़े आठ मीटर लंबे गंगा घाट के दो किलोमीटर चौड़ाई के दायरे में आने वाले सभी विद्युत तारों को भूमिगत किया जाए ताकि शहर सुंदर लगे। भूमिगत केबल के जरिए ही शहर की 36 हजार स्ट्रीट लाइट्स का भी कनेक्शन किया जाना चाहिए।