{"_id":"5a8c8de14f1c1b5e028b6622","slug":"31519160801-varanasi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"संत कबीर चिकित्सालय का भूमि पूजन 24 को","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
संत कबीर चिकित्सालय का भूमि पूजन 24 को
Updated Wed, 21 Feb 2018 02:40 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
वाराणसी। संत कबीर परिनिर्वाण के 500 साल पूरे होने पर शिवपुर में चिकित्सालय का भूमि पूजन 24 फरवरी को किया जाएगा। यह अनुष्ठान कबीरपंथी और वैदिक विधियों से किया जाएगा। इस दौरान देश भर के धर्माचार्य हिस्सा ले रहे हैं। भूमिपूजन के अलावा कबीर मठ में भी विविध आयोजन किए जाएंगे। इस दौरान कबीरचौरा मठ के विकास की पांच योजनाओं का लोकार्पण भी किया जाएगा। यह जानकारी कबीरपंथ के प्रमुख आचार्य महंत विवेकदास ने मंगलवार को कबीरमठ में बातचीत के दौरान दी।
उन्होंने बताया कि 24 फरवरी को संत कबीर के 500वें निर्वाण समारोह पर 11 सौ करोड़ की योजनाओं का लोकार्पण होगा। 500 बेड की क्षमता वाले अस्पताल का निर्माण कार्य तीन साल में पूर्ण होने की संभावना है। इसके अलावा संत कबीर विद्यापीठ, कबीर की झोपड़ी और कबीर संग्रहालय, कबीर स्मारक परियोजना और कबीरचौरा मठ आश्रम कन्हेरिया का लोकार्पण किया जाएगा। संगोष्ठी में महामंडलेश्वर स्वामी गुरुशरणानंद महाराज, स्वामी अवधेशानंद महाराज, स्वामी परमात्मानंद, स्वामी विशेश्वरानंद, स्वामी ज्ञानानंद महाराज, स्वामी हंसाराम महाराज, स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद और हिंदू धर्म आचार्य सभा के प्रतिनिधि व आचार्य आदि अपने विचार रखेंगे। संगोष्ठी के बाद भजन मंडलियां कबीर संगीत पेश करेंगी।
विज्ञापन
उन्होंने बताया कि 24 फरवरी को संत कबीर के 500वें निर्वाण समारोह पर 11 सौ करोड़ की योजनाओं का लोकार्पण होगा। 500 बेड की क्षमता वाले अस्पताल का निर्माण कार्य तीन साल में पूर्ण होने की संभावना है। इसके अलावा संत कबीर विद्यापीठ, कबीर की झोपड़ी और कबीर संग्रहालय, कबीर स्मारक परियोजना और कबीरचौरा मठ आश्रम कन्हेरिया का लोकार्पण किया जाएगा। संगोष्ठी में महामंडलेश्वर स्वामी गुरुशरणानंद महाराज, स्वामी अवधेशानंद महाराज, स्वामी परमात्मानंद, स्वामी विशेश्वरानंद, स्वामी ज्ञानानंद महाराज, स्वामी हंसाराम महाराज, स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद और हिंदू धर्म आचार्य सभा के प्रतिनिधि व आचार्य आदि अपने विचार रखेंगे। संगोष्ठी के बाद भजन मंडलियां कबीर संगीत पेश करेंगी।
विज्ञापन