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मुंडेर ढही, बच्ची की मौत, 40 घायल
Updated Fri, 09 Jun 2017 01:43 AM IST
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वाराणसी। श्रीकंठपुर गांव के धोबहिया पुरवा में गुरुवार की शाम भोला राम की छत की मुंडेर बारात में नाच-गाना देखने के लिए उमड़ी महिलाओं और बच्चों की भीड़ का भार न सह सकी और अचानक भरभराकर ढह गई। मलबे में दबकर मौके पर ही भोला राम की बेटी सोनम (8) की मौत हो गई जबकि 40 लोग घायल हो गए। हादसे के चलते गांव में घंटों चीख-पुकार मची रही। किसी तरह 30 घायलों को दीनदयाल अस्पताल पहुंचाया गया जिनमें से पांच की हालत गंभीर देख बीएचयू ट्रॉमा सेंटर रेफर कर दिया गया। इस घटना के बाद गमगीन माहौल में शादी की रस्म पूरी करने के लिए 10 लोग बारात लेकर गाजीपुर के सादात रवाना हुए।
चौबेपुर थाना के श्रीकंठपुर गांव निवासी मुन्ना राम के बेटे शेरू की बारात परछन के लिए निकल रही थी। इस दौरान परिवार और गांव की महिलाएं बैंड बाजा की धुन पर नृत्य कर रही थीं। नाच-गाना देखने के लिए महिलाओं और बच्चों की भीड़ मुन्ना राम के पड़ोसी भोला राम की छत पर खड़ी थीं। इसी दौरान अचानक मुंडेर ढह गई और नीचे खड़े लोग इसकी चपेट में आ गए। हादसे में भोला की बेटी सोनम ने मौके पर ही दम तोड़ दिया। वहीं, घायल पिंकी (5), कुसुम (10), आशू (4), जानकी (25), संजू (35), अंकित (10), आकाश (7), सुमन (12), उमंग (12), रश्मि (18), प्रीति (8), अमरजीत (10), संजना (12), लालती (74), पिंकी (8), पूजा (17), अंजनी (17), सुनीता (12) और अंजू (33) को दीनदयाल अस्पताल पहुंचाया गया। अंकित, आकाश, सुमन और आशू सहित पांच की हालत गंभीर होने पर उन्हें बीएचयू ट्रॉमा सेंटर रेफर कर दिया गया। इसके अलावा बैंड बाजा बजाने वाले लच्छू राम, सद्दाम, रुस्तम, आकाश के साथ ही घूरे, साधो, मीरा, गामा, दुर्गावती, लक्ष्मीना, विष्णु, लालती सहित अन्य घायलों का उपचार क्षेत्र के सरकारी और निजी अस्पतालों में कराया गया।
नहीं आई एंबुलेंस, अपने वाहन से पहुंचे घायल को लेकर
वाराणसी। दीनदयाल अस्पताल पहुंचे श्रीकंठपुर के लोगों का कहना था कि उनकी मदद के लिए सरकारी एंबुलेंस भी नहीं पहुंची। शादी के लिए आए वाहनों से घायलों को अस्पताल लाया गया। घटना की जानकारी पुलिस को काफी देरी से हुई। उधर, अस्पताल में घायल बच्चों के परिवारीजनों का रोना-बिलखना देख कर मौजूद लोगों की आंखें भी भर आ रहीं थी। थानाध्यक्ष चौबेपुर ने बताया कि जानकारी मिलते ही गांव में फोर्स भेजी गई। इसके साथ ही दीनदयाल और बीएचयू अस्पताल भी थाने से पुलिसकर्मी भेजे गए हैं।
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चौबेपुर थाना के श्रीकंठपुर गांव निवासी मुन्ना राम के बेटे शेरू की बारात परछन के लिए निकल रही थी। इस दौरान परिवार और गांव की महिलाएं बैंड बाजा की धुन पर नृत्य कर रही थीं। नाच-गाना देखने के लिए महिलाओं और बच्चों की भीड़ मुन्ना राम के पड़ोसी भोला राम की छत पर खड़ी थीं। इसी दौरान अचानक मुंडेर ढह गई और नीचे खड़े लोग इसकी चपेट में आ गए। हादसे में भोला की बेटी सोनम ने मौके पर ही दम तोड़ दिया। वहीं, घायल पिंकी (5), कुसुम (10), आशू (4), जानकी (25), संजू (35), अंकित (10), आकाश (7), सुमन (12), उमंग (12), रश्मि (18), प्रीति (8), अमरजीत (10), संजना (12), लालती (74), पिंकी (8), पूजा (17), अंजनी (17), सुनीता (12) और अंजू (33) को दीनदयाल अस्पताल पहुंचाया गया। अंकित, आकाश, सुमन और आशू सहित पांच की हालत गंभीर होने पर उन्हें बीएचयू ट्रॉमा सेंटर रेफर कर दिया गया। इसके अलावा बैंड बाजा बजाने वाले लच्छू राम, सद्दाम, रुस्तम, आकाश के साथ ही घूरे, साधो, मीरा, गामा, दुर्गावती, लक्ष्मीना, विष्णु, लालती सहित अन्य घायलों का उपचार क्षेत्र के सरकारी और निजी अस्पतालों में कराया गया।
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नहीं आई एंबुलेंस, अपने वाहन से पहुंचे घायल को लेकर
वाराणसी। दीनदयाल अस्पताल पहुंचे श्रीकंठपुर के लोगों का कहना था कि उनकी मदद के लिए सरकारी एंबुलेंस भी नहीं पहुंची। शादी के लिए आए वाहनों से घायलों को अस्पताल लाया गया। घटना की जानकारी पुलिस को काफी देरी से हुई। उधर, अस्पताल में घायल बच्चों के परिवारीजनों का रोना-बिलखना देख कर मौजूद लोगों की आंखें भी भर आ रहीं थी। थानाध्यक्ष चौबेपुर ने बताया कि जानकारी मिलते ही गांव में फोर्स भेजी गई। इसके साथ ही दीनदयाल और बीएचयू अस्पताल भी थाने से पुलिसकर्मी भेजे गए हैं।
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