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ई-नाम: प्रदेश में कहीं उत्पाद बेच सकेंगे किसान
Updated Fri, 15 Dec 2017 02:21 AM IST
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वाराणसी। इलेक्ट्रानिक ट्रेडिंग पोर्टल राष्ट्रीय कृषि बाजार (ई-नाम) को लेकर गुरुवार को पहडि़या मंडी में संगोष्ठी हुई। इस दौरान किसानाें को उपनिदेशक प्रशासन विपणन डॉ. हिमांशु शेखर त्रिपाठी ने ई-नाम के बारे में विस्तार से बताया।
उपनिदेशक ने जिला कृषि अधिकारी से अनुरोध किया कि बड़े किसानों को इससे जोड़े। इससे किसान अपने उत्पाद को प्रदेश में कही भी बेंच सकेंगे। उन्होंने बताया कि यह योजना प्रदेश के 100 मंडियों में संचालित हो रही है। 55 हजार किसान पंजीकृत हो चुके हैं। 3650 किसानों ने अब तक इसके माध्यम से व्यापार किया है। यूनिफाइड लाइसेंस के बारे में बताने दौरान कहा कि अगर कोई व्यापारी एक मंडी में यूनिफाइड लाइसेंस ले लेगा तो वह फिर किसी भी मंडी में व्यापार कर सकेगा। उसे अलग-अलग मंडी में लाइसेंस नही लेना होगा। उपनिदेशक ने बताया कि पहले एक लाख रुपये यूनिफाइड लाइसेंस के लिए देने होते थे अब यह फीस महज 10 हजार रुपये रह गए हैं। इस मौके पर बड़ी संख्या में किसान मौजूद रहे।
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उपनिदेशक ने जिला कृषि अधिकारी से अनुरोध किया कि बड़े किसानों को इससे जोड़े। इससे किसान अपने उत्पाद को प्रदेश में कही भी बेंच सकेंगे। उन्होंने बताया कि यह योजना प्रदेश के 100 मंडियों में संचालित हो रही है। 55 हजार किसान पंजीकृत हो चुके हैं। 3650 किसानों ने अब तक इसके माध्यम से व्यापार किया है। यूनिफाइड लाइसेंस के बारे में बताने दौरान कहा कि अगर कोई व्यापारी एक मंडी में यूनिफाइड लाइसेंस ले लेगा तो वह फिर किसी भी मंडी में व्यापार कर सकेगा। उसे अलग-अलग मंडी में लाइसेंस नही लेना होगा। उपनिदेशक ने बताया कि पहले एक लाख रुपये यूनिफाइड लाइसेंस के लिए देने होते थे अब यह फीस महज 10 हजार रुपये रह गए हैं। इस मौके पर बड़ी संख्या में किसान मौजूद रहे।
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