{"_id":"57619d764f1c1b481e11b852","slug":"with-raining-weather-changed-people-got-relief","type":"story","status":"publish","title_hn":"मौसम ने बदली करवट, लोगों ने दी राहत","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
मौसम ने बदली करवट, लोगों ने दी राहत
ब्यूरो अमर उजाला, उन्नाव
Updated Thu, 16 Jun 2016 12:04 AM IST
विज्ञापन
जलभराव
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
उधर, मौसम विज्ञानियों का कहना है कि अगले दो दिनों तक मौसम का मिजाज ऐसा ही रहेगा। तेज आंधी और बारिश के आसार हैं। जून के तीसरे या चौथे सप्ताह में मानसून दस्तक देगा। 21 और 22 जून को भी अच्छी बारिश की उम्मीद है। पारे के उतार-चढ़ाव के कारण ही वायुदाब बनने और क्षेत्रीय चक्रवात (आंधी-तूफान) आने की गुंजाइश है। यह बारिश आम और सब्जियों की फसलों के लिए अच्छी है।
विज्ञापन
मंगलवार रात से ही मौसम में बदलाव दिखने लगा था। तड़के आसमान में बादल छा गए थे। इसी बीच तेज हवाएं चलने लगी थीं। कुछ क्षेत्रों में हल्की बूंदाबांदी भी हुई। हालांकि दिन में कुछ समय के लिए मौसम साफ तो हो गया। दोपहर दो बजे के बाद अचानक मौसम बदला। देखते ही देखते बारिश शुरू हो गई। तेज बारिश से बचने के लिए सड़क से गुजर रहे लोग इधर-उधर भागने लगे। वहीं घरों की छतों पर लोग बारिश का आनंद लेते देखे गए। डेढ़ घंटे तक तेज बारिश हुई। शाम पांच तक छुटपुट बौछारें जारी रहीं। बारिश ने किसानों के चेहरों पर रौनक ला दी है। अब धान की बेड़ समेत अन्य खरीफ फसलों की बुआई में तेजी आने की उम्मीद जताई जा रही है। बारिश से सबसे ज्यादा बागवानी करने वाले लोगों को फायदा पहुंचने की संभावना है।
विज्ञापन
आंधी-पानी में गिरे पेड़, जगह-जगह यातायात बाधित
आंधी-पानी में शहर के आवास विकास कालोनी में एक पेड़ गिर पड़ा। इससे वाहनों का आवागमन ठप हो गया। कुछ ही देर में वाहनों की लाइन हरदोई पुल तक पहुंच गईं। असोहा में पुरवा तहसील क्षेत्र के अंतर्गत मंगतखेड़ा में दोपहर लगभग 2.30 बजे आंधी-बारिश में लगभग एक किमी. की रेंज में कई पेड़ उखड़ गए। लोगों के घरों और दुकानों पर लगे सौर ऊर्जा के पैनल और टीनशेड लगभग चार सौ मीटर दूर तक जा गिरे। लगभग तीन मिनट तक तबाही मचा दी। गनीमत रही कि कोई हताहत नहीं हुआ। आंधी से पुरवा-मंगतखेड़ा मार्ग पर एक दर्जन पेड़ गिरने से जाम लग गया। पुलिस और ग्रामीणों की मदद से लगभग एक घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद जाम खुलवाया जा सका। आंधी में खर्गीखेड़ा के दिनेश सिंह की और एक अन्य के घर की दीवारें ढह गईं। चकलवंशी में सूखे से प्रभावित गांवों के किसानों के चेहरे खिल गए हैं। किसानों ने धान की फ सल की बेड़ लगाने की तैयारी शुरू करने की बात कही है। वहीं कस्बे में नाली से जलभराव हो जाने से लोग परेशान भी हुए।
विज्ञापन
जलभराव होने से परेशान हुए लोग
तेज बारिश ने निकाय के सफाई दावों की पोल खोल दी। शहर से लेकर नगर पंचायतों व ग्रामीण इलाकों में भीषण जलभराव से लोग बेहाल नजर आए। शहर में मोतीनगर, बंदूहार, आदर्शनगर, गांधीनगर, रामपुरी समेत अन्य मोहल्लों की गलियों में पानी भरा रहा। हसनगंज में तहसील परिसर में जलभराव से फरियादियों व कर्मचारियों को खासी दिक्कतें उठानी पड़ीं। बांगरमऊ, बीघापुर, सदर व पुरवा तहसील क्षेत्र के इलाके भी जलभराव की चपेट में रहे।
शहर से गांव तक घंटों गुल रही बिजली
बारिश और आंधी ने शहर से लेकर ग्रामीण इलाकों तक की बिजली गुल कर दी। कई फीडर में ब्रेकडाउन हुआ। क्षेत्रों की बिजली घंटों गुल रही। शहर के मोतीनगर, बाबूगंज, बड़ा चौराहा, छोटा चौराहा, आदर्शनगर, डीएसएन कालेज रोड, इंदिरानगर, गांधीनगर, सिविल लाइन, आवास विकास कालोनी के साथ ही विकासखंड नवाबगंज, पुरवा, असोहा, मौरावां, हसनगंज, बीघापुर, सुमेरपुर, बांगरमऊ आदि से जुड़े कस्बों व ग्रामीण इलाकों में बिजली संकट रहा। फाल्ट ढूढ़ने के लिए कर्मचारी बारिश रुकने का इंतजार करते रहे। असोहा में पोल टूटने से क्षेत्र की आपूर्ति ठप रही। इसके अलावा मंगतखेड़ा में खंभा टूटने से ट्रांसफार्मर फुंका गया।