औरास। विसवल गांव स्थित जंगलेश्वर महादेव मंदिर में चल रहे शतचंडी महायज्ञ और संगीतमय रामकथा का सोमवार को समापन किया गया। इस दौरान श्रद्धालुओं ने महायज्ञ में पूर्णाहुति दी।
सोमवार को अंतिम दिन नैमिषारण्य के यज्ञाचार्य वेद प्रकाश शास्त्री और हरिद्वार से पधारे प्रेमशंकर मिश्र ने सुबह श्रद्धालुओं से वैदिक मंत्रों के उच्चारण कर शतचंडी महायज्ञ की पूर्णाहुति कराई। वहीं वृंदावन धाम से आए कथा व्यास राधिकाशरण महाराज और रामकथा व्यास राधा किशोरी ने श्रद्धालुओं को आखिरी दिन शबरी की कथा का रसपान कराया।
बताया कैसे मर्यादा पुरुषोत्तम भगवान राम ने शबरी के जूठे बेर खाकर उसका उद्धार किया। संगीतमय रामकथा सुनकर श्रद्धालु भावविभोर हो गए। इसके बाद दोपहर से शुरू हुए भंडारे में दूर-दूर से आए हजारों श्रद्धालुओं ने प्रसाद ग्रहण किया। आयोजक महंत गिरीश दास ने सभी का आभार व्यक्त किया। इस मौके पर सुरेश शर्मा, अवधेश यादव, बाबू लाल यादव, कप्तान सिंह, प्रदीप सिंह, पप्पू सिंह भी मौजूद रहे।