फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Unnao News ›   Panther Khandi Minor cut, crop submerged

पैथर माइनर की खांदी कटी, फसल जलमग्न

Thu, 05 Jan 2017 11:59 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो, उन्नाव
अमर उजाला ब्यूरो, उन्नाव Updated Thu, 05 Jan 2017 11:59 PM IST
विज्ञापन
Panther Khandi Minor cut, crop submerged
खेतों में पानी भरने से जलमग्न फसलें। - फोटो : अमर उजाला

विज्ञापन
पुरवा तहसील क्षेत्र के तहत शारदा नहर की पुरवा ब्रांच से निकली पैथर माइनर की खांदी कटने से खेतों में पानी भर गया। इससे कई बीघे फसल जलमग्न हो गई। खांदी कटने के 24 घंटे बाद भी इसे बांधा नहीं जा सका है। खेतों में पानी भर जाने से किसानों के आंसू थमने का नाम नहीं ले रहे हैं।

बुधवार की रात तहसील क्षेत्र के पुरवा नहर से निकली पैथर माइनर रतावर के पास कट गई। पानी का बहाव इतना तेज था कि आसपास के खेतों में पानी भर गया। इसके साथ ही करीब 25 बीघे में बोई गई रबी सीजन की फसलें गेहूं, लाही, अरहर आदि जलमग्न हो गईं। गुरुवार सुबह शौच के लिए निकले किसानों को जब इसकी जानकारी हुई तो उनके पैरों तले जमीन खिसक गई।
विज्ञापन


इसके बाद उन्होंने किसी तरह से खांदी को बांधने की कवायद शुरू की। काफी प्रयास के बाद भी किसान खांदी नहीं बांध सके। खांदी कटने से रतावर के शीतला मिश्रा, सुरेंद्र शुक्ला, रामकुमार, गंगासेवक, सुरेश, विजय, अरविंद, संतोष व राकेश सहित लगभग 15 किसानों की 25 बीघा रबी की फसल जलमग्न हुई है। बहाव तेज था इसलिए खेतों में फसलें पूरी तरह से जलमग्न हैं। इसके बाद भी कोई अधिकारी गांव नहीं पहुंचा। किसानों का कहना है कि शुक्रवार तक खांदी न बांधी गई तो पानी सैकड़ों बीघे की फसल नष्ट कर देगा। इस मामले में सिंचाई विभाग के अधिकारी से बात करने का प्रयास किया गया, लेकिन संपर्क नहीं हो सका।
विज्ञापन
विज्ञापन


हसनगंज में कट चुकी है खांदी
पुरवा में खांदी कटने का मामला नया नहीं है। इससे पहले हसनगंज के गजफ्फरनगर में भी खांदी कट जाने से कई बीघे में बोई गई रबी सीजन की फसलें जलमग्न होकर सड़ चुकी हैं। किसानों को तगड़ा नुकसान उठाना पड़ा है। लेकिन किसी भी मामले में जिला प्रशासन ने मामले की जांच कराने की भी जहमत नहीं उठाई है। प्रशासन का मानना है कि खांदी कटने के जिम्मेदार खुद किसान हैं। वह खुद के खेतों की सिंचाई करने के लिए माइनर, नहरों को बांध देते हैं।


जिससे पानी आगे नहीं जा सकता है और ओवरफ्लो होने से खांदी कट जाती है। वहीं किसानों का कहना है कि सिंचाई विभाग की ओर से नहरों व माइनरों की सफाई में खानापूर्ति की गई है। इसकी परिणाम खांदी कटने के रूप में सामने आ रहा है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed