{"_id":"61881e01f0f38b614a0664bd","slug":"line-hajir-unnao-news-knp6626346189","type":"story","status":"publish","title_hn":"महिला सिपाही से अभद्रता, थाने का मुंशी लाइन हाजिर","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
महिला सिपाही से अभद्रता, थाने का मुंशी लाइन हाजिर
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
उन्नाव। अचलगंज थाना में तैनात महिला सिपाही से अभद्रता करने के मामले में थाना के मुंशी (सिपाही) को सीओ की रिपोर्ट पर एसपी ने लाइन हाजिर कर दिया। महिला सिपाही का आरोप है कि पहले भी मुंशी ने उससे अभद्रता की थी। मुंशी के माफी मांगने पर उसने शिकायत नहीं की थी।
अचलगंज थाना में तैनात महिला सिपाही से 5/6 नवंबर को थाना के मुंशी रामविनय चाहर ने अभद्रता की। आरोप है कि कार्यवाहक एसओ राजेश कुमार सिंह से महिला सिपाही ने शिकायत की तो उन्होंने कार्रवाई की जगह मुंशी (सिपाही) का ही पक्ष लिया। मुंशी पर कार्रवाई न होने से वह एसपी दिनेश त्रिपाठी से मिलने पहुंची। उनके न मिलने पर पीआरओ को आपबीती बताई और लौट आई।
बाद में एसपी तक मामला पहुंचा तो उन्होंने सीओ बीघापुर डीपी सिंह को जांच के निर्देश दिए। सीओ ने जांच में आरोप सही पाकर रिपोर्ट एसपी को सौंप दी। सीओ की जांच रिपोर्ट के आधार पर एसपी ने मुंशी कांस्टेबल रामविनय चाहर को लाइन हाजिर कर दिया। एसपी ने बताया कि सिपाही के विरुद्ध विभागीय जांच के निर्देश भी सीओ को दिए गए हैं।
विज्ञापन
घटना 5/6 नवंबर की रात हुई। सूत्रों के अनुसार कार्यवाहक एसओ ने पहले तो महिला सिपाही की शिकायत को नजरअंदाज कर दिया फिर अपने करीबी मुंशी को बचाने के लिए पांच नवंबर की सुबह छुट्टी देकर रजिस्टर में उसकी रवानगी दर्ज करा दी। सूत्रों के अनुसार आरोपी सिपाही के मोबाइल लोकेशन की जांच की जाए तो घटना वाली रात उसकी मौजूदगी थाने की ही मिलेगी। एसपी ने बताया कि प्रकरण के सभी बिंदुओं पर बारीकी से जांच कराई जाएगी। जो भी दोषी होगा उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन
अचलगंज थाना में तैनात महिला सिपाही से 5/6 नवंबर को थाना के मुंशी रामविनय चाहर ने अभद्रता की। आरोप है कि कार्यवाहक एसओ राजेश कुमार सिंह से महिला सिपाही ने शिकायत की तो उन्होंने कार्रवाई की जगह मुंशी (सिपाही) का ही पक्ष लिया। मुंशी पर कार्रवाई न होने से वह एसपी दिनेश त्रिपाठी से मिलने पहुंची। उनके न मिलने पर पीआरओ को आपबीती बताई और लौट आई।
विज्ञापन
बाद में एसपी तक मामला पहुंचा तो उन्होंने सीओ बीघापुर डीपी सिंह को जांच के निर्देश दिए। सीओ ने जांच में आरोप सही पाकर रिपोर्ट एसपी को सौंप दी। सीओ की जांच रिपोर्ट के आधार पर एसपी ने मुंशी कांस्टेबल रामविनय चाहर को लाइन हाजिर कर दिया। एसपी ने बताया कि सिपाही के विरुद्ध विभागीय जांच के निर्देश भी सीओ को दिए गए हैं।
विज्ञापन
घटना 5/6 नवंबर की रात हुई। सूत्रों के अनुसार कार्यवाहक एसओ ने पहले तो महिला सिपाही की शिकायत को नजरअंदाज कर दिया फिर अपने करीबी मुंशी को बचाने के लिए पांच नवंबर की सुबह छुट्टी देकर रजिस्टर में उसकी रवानगी दर्ज करा दी। सूत्रों के अनुसार आरोपी सिपाही के मोबाइल लोकेशन की जांच की जाए तो घटना वाली रात उसकी मौजूदगी थाने की ही मिलेगी। एसपी ने बताया कि प्रकरण के सभी बिंदुओं पर बारीकी से जांच कराई जाएगी। जो भी दोषी होगा उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।