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कासगंज पैसेंजर का चालक निलंबित
ब्यूरो/अमर उजाला, उन्नाव
Updated Thu, 14 May 2015 12:13 AM IST
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उन्नाव। नशे में धुत होकर रेड सिगभनल पार करने वाले कासगंज पैसेंजर ट्रेन के चालक को निलंबित कर दिया गया है। उधर, मामले की जानकारी लखनऊ मुख्यालय के अफसरों तक पहुंच गई है। अधिकारियों ने अन्य चालकों को कड़े निर्देश जारी किए हैं।
कासगंज पैसेंजर ट्रेन सोमवार रात करीब 11.35 बजे ट्रेन सोनिक स्टेशन पहुंची तो हड़कंप मच गया था। ट्रेन रेड सिग्नल होने के बाद भी प्लेटफार्म नंबर तीन को पार करते हुए सोनिक क्रासिंग तक जा पहुंची थी। ट्रेन रुकती न देख गार्ड ने चेन पुलिंग कर ट्रेन रोकी और जब ड्राइवर रामकुमार के पास पहुंचा तो वह नशे में धुत था। उसने इसकी जानकारी सोनिक स्टेशन मास्टर हजारीलाल मीना को दी थी।
किसी तरह ट्रेन को बैक कराकर स्टेशन तक लाया गया। ट्रेन के सिग्नल तोड़ने से स्टेशन मास्टर के भी होश उड़ गए थे। स्टेशन मास्टर ने भी चालक को नशे ही हालत में पाया था। उन्होंने इसकी सूचना उच्चाधिकारियों के साथ आरपीएफ व जीआरपी को दी थी। रेलवे अस्पताल के चिकित्सक डा. भूपेंद्र भी पहुंचे और उन्होंने ड्राइवर के स्वास्थ्य परीक्षण के साथ उसके खून का नमूना लिया था।
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लखनऊ से असिस्टेंट मैकेनिकल इंजीनियर टीम मौके पर पहुंची और साथ में आए ड्राइवर व गार्ड की मदद से ट्रेन को तड़के करीब 4.46 बजे लखनऊ के लिए रवाना किया गया। नशे में धुत चालक व ट्रेन रोकने वाले गार्ड को सोनिक स्टेशन पर ही उतार लिया गया था। बुधवार को चालक रामकुमार को निलंबित कर दिया गया।
डीआरएम जेपी सिंह ने बताया कि चालक का मौके पर ब्रेथ एनलाइजर टेस्ट कराया गया था जिसमें उसके नशे में होने की पुष्टि हुई थी। इसके बाद उसे निलंबित कर दिया गया। बताया कि खून की जांच रिपोर्ट एक सप्ताह बाद मिलेगी। उसके बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।
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कासगंज पैसेंजर ट्रेन सोमवार रात करीब 11.35 बजे ट्रेन सोनिक स्टेशन पहुंची तो हड़कंप मच गया था। ट्रेन रेड सिग्नल होने के बाद भी प्लेटफार्म नंबर तीन को पार करते हुए सोनिक क्रासिंग तक जा पहुंची थी। ट्रेन रुकती न देख गार्ड ने चेन पुलिंग कर ट्रेन रोकी और जब ड्राइवर रामकुमार के पास पहुंचा तो वह नशे में धुत था। उसने इसकी जानकारी सोनिक स्टेशन मास्टर हजारीलाल मीना को दी थी।
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किसी तरह ट्रेन को बैक कराकर स्टेशन तक लाया गया। ट्रेन के सिग्नल तोड़ने से स्टेशन मास्टर के भी होश उड़ गए थे। स्टेशन मास्टर ने भी चालक को नशे ही हालत में पाया था। उन्होंने इसकी सूचना उच्चाधिकारियों के साथ आरपीएफ व जीआरपी को दी थी। रेलवे अस्पताल के चिकित्सक डा. भूपेंद्र भी पहुंचे और उन्होंने ड्राइवर के स्वास्थ्य परीक्षण के साथ उसके खून का नमूना लिया था।
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लखनऊ से असिस्टेंट मैकेनिकल इंजीनियर टीम मौके पर पहुंची और साथ में आए ड्राइवर व गार्ड की मदद से ट्रेन को तड़के करीब 4.46 बजे लखनऊ के लिए रवाना किया गया। नशे में धुत चालक व ट्रेन रोकने वाले गार्ड को सोनिक स्टेशन पर ही उतार लिया गया था। बुधवार को चालक रामकुमार को निलंबित कर दिया गया।
डीआरएम जेपी सिंह ने बताया कि चालक का मौके पर ब्रेथ एनलाइजर टेस्ट कराया गया था जिसमें उसके नशे में होने की पुष्टि हुई थी। इसके बाद उसे निलंबित कर दिया गया। बताया कि खून की जांच रिपोर्ट एक सप्ताह बाद मिलेगी। उसके बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।