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इंटरनेट तकनीक बढाएगी फसलों की पैदावार, किसानों की आय
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उन्नाव। राष्ट्रीय कृषि और ग्रामीण विकास बैंक (नाबार्ड) ने सिकंदरपुर सरोसी ब्लॉक के गंगादीनखेड़ा गांव में इंटरनेट ऑफ थिंग्स आधारित कृषि परियोजना का शुभारंभ किया। इससे किसानों को मौसम के पूर्वानुमान, आर्र्दता, मिट्टी की नमी, फसलों के रोग संबंधी जानकारी मिल सकेगी।
नाबार्ड उत्तर प्रदेश कार्यालय के मुख्य महाप्रबंधक एसके दोरा, डीएम रवींद्र कुमार और सीडीओ दिव्यांशु पटेल ने गंगादीनख़ेड़ा में किसानों के लिए तरक्की की नई राह खोली। डीएम ने बताया कि तकनीक आधारित इस परियोजना से किसानों को खेती में बड़ा लाभ होगा। रोगों से बचाव के साथ ही फसल के विकास की जानकारी मिल सकेगी।
उन्होंने कहा कि नाबार्ड ने उन्नाव में अनूठी पहल की है। नाबार्ड के अधिकारियों से कहा कि इस पायलट प्रोजेक्ट के परिणामों को रिकार्ड किया जाएगा। ताकि परियोजना से पहले और बाद में किसानों की सहूलियतों और उनकी आय वृद्धि का आकलन किया जा सके। सीडीओ दिव्यांशु पटले ने कहा कि इंटरनेट ऑफ थिंग्स तकनीक देखकर खुशी हो रही है।
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नाबार्ड के मुख्य महाप्रबंधक एस के दोरा ने किसानों की आय में वृद्धि और ग्रामीण समृद्धि की दिशा में नाबार्ड द्वारा चलाए जा रहे विभिन्न कार्यक्रमों की चर्चा की। नाबार्ड की जिला विकास प्रबंधक ऋचा बाजपेई ने बताया कि इस प्रोजेक्ट को आजादी के अमृत महोत्सव कार्यक्रम के दौरान आयोजित किए जा रहे आइकोनिक वीक के तहत लांच किया गया है। उपनिदेशक कृषि डॉ मुकुल तिवारी ने भी किसानों को इस आधुनिक तकनीक से जुड़ने के फायदे बताए।
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नाबार्ड उत्तर प्रदेश कार्यालय के मुख्य महाप्रबंधक एसके दोरा, डीएम रवींद्र कुमार और सीडीओ दिव्यांशु पटेल ने गंगादीनख़ेड़ा में किसानों के लिए तरक्की की नई राह खोली। डीएम ने बताया कि तकनीक आधारित इस परियोजना से किसानों को खेती में बड़ा लाभ होगा। रोगों से बचाव के साथ ही फसल के विकास की जानकारी मिल सकेगी।
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उन्होंने कहा कि नाबार्ड ने उन्नाव में अनूठी पहल की है। नाबार्ड के अधिकारियों से कहा कि इस पायलट प्रोजेक्ट के परिणामों को रिकार्ड किया जाएगा। ताकि परियोजना से पहले और बाद में किसानों की सहूलियतों और उनकी आय वृद्धि का आकलन किया जा सके। सीडीओ दिव्यांशु पटले ने कहा कि इंटरनेट ऑफ थिंग्स तकनीक देखकर खुशी हो रही है।
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नाबार्ड के मुख्य महाप्रबंधक एस के दोरा ने किसानों की आय में वृद्धि और ग्रामीण समृद्धि की दिशा में नाबार्ड द्वारा चलाए जा रहे विभिन्न कार्यक्रमों की चर्चा की। नाबार्ड की जिला विकास प्रबंधक ऋचा बाजपेई ने बताया कि इस प्रोजेक्ट को आजादी के अमृत महोत्सव कार्यक्रम के दौरान आयोजित किए जा रहे आइकोनिक वीक के तहत लांच किया गया है। उपनिदेशक कृषि डॉ मुकुल तिवारी ने भी किसानों को इस आधुनिक तकनीक से जुड़ने के फायदे बताए।