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बुखार ने पैर पसारे, डेंगू का खतरा बरकरार
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जिला अस्पताल की इमरजेंसी में भर्ती बुखार पीड़ित मरीज। संवाद
- फोटो : UNNAO
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उन्नाव। बुखार के मरीजों में इजाफा हो रहा है। जिला अस्पताल की ओपीडी में बुखार के 120 से अधिक मरीज पहुंचे। इसमें कई दिनों से बुखार से पीड़ित पांच मरीजों को इमरजेंसी में भर्ती किया गया। डेंगू की जांच कराने के लिए पांच सैंपल राम मनोहर लोहिया अस्पताल लखनऊ भेजे गए।
जिला अस्पताल में पहुंचे शांतिनगर निवासी अल्फाज (3) पुत्र मुन्ना, माखी के बंदाखेड़ा निवासी गुरुप्रसाद (26) पुत्र होरीलाल, गांधीनगर के सृजल (7), अचलगंज के बेहटानथई की गुड्डी (50) व कोलुहागाड़ा की चंद्रावती (62) को कई दिनों से बुखार आने पर भर्ती किया गया। फिजीशियन डॉ. कौशलेंद्र व सीनियर फिजीशियन डॉ. आलोक पांडेय ने ओपीडी में मरीज देखे। जिला अस्पताल की लैब में मियादी बुखार के 50 व मलेरिया जांच के लिए 39 सैंपल लिए गए। सीएमएस डॉ. पवन कुमार ने बताया कि रोजाना की अपेक्षा बुखार के मरीजाें की संख्या बढ़ने के साथ ही जांच का दायरा भी बढ़ा है।
बुखार से पीड़ित मरीजों की पहचान के लिए स्वास्थ्य विभाग ने डोर टू डोर सर्विलांस अभियान शुरू किया है। टीमें घर-घर जाकर सर्दी, जुकाम व बुखार से पीड़ित मरीजों की पहचान कर सूची तैयार करेंगी। बुखार के गंभीर मरीजों को अस्पताल में भर्ती कराकर उनका इलाज कराएंगी।
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जिला अस्पताल में पहुंचे शांतिनगर निवासी अल्फाज (3) पुत्र मुन्ना, माखी के बंदाखेड़ा निवासी गुरुप्रसाद (26) पुत्र होरीलाल, गांधीनगर के सृजल (7), अचलगंज के बेहटानथई की गुड्डी (50) व कोलुहागाड़ा की चंद्रावती (62) को कई दिनों से बुखार आने पर भर्ती किया गया। फिजीशियन डॉ. कौशलेंद्र व सीनियर फिजीशियन डॉ. आलोक पांडेय ने ओपीडी में मरीज देखे। जिला अस्पताल की लैब में मियादी बुखार के 50 व मलेरिया जांच के लिए 39 सैंपल लिए गए। सीएमएस डॉ. पवन कुमार ने बताया कि रोजाना की अपेक्षा बुखार के मरीजाें की संख्या बढ़ने के साथ ही जांच का दायरा भी बढ़ा है।
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बुखार से पीड़ित मरीजों की पहचान के लिए स्वास्थ्य विभाग ने डोर टू डोर सर्विलांस अभियान शुरू किया है। टीमें घर-घर जाकर सर्दी, जुकाम व बुखार से पीड़ित मरीजों की पहचान कर सूची तैयार करेंगी। बुखार के गंभीर मरीजों को अस्पताल में भर्ती कराकर उनका इलाज कराएंगी।
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