{"_id":"572ceb1b4f1c1b083f5cd2d1","slug":"blowing-a-big-dent-to-the-mango-crop","type":"story","status":"publish","title_hn":"आंधी से आम की फसल को तगड़ा नुकसान","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
आंधी से आम की फसल को तगड़ा नुकसान
अमर उजाला ब्यूरो, उन्नाव
Updated Sat, 07 May 2016 12:46 AM IST
विज्ञापन
आंधी से बाजार में अमिया की भरमार।
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
शुक्रवार की भोर में तेज आंधी से आम की फसल को तगड़ा नुकसान पहुंचा है। बारिश से खेत में पड़े गेहूं के बोझ भीग गए। इससे मड़ाई पिछड़ने की आशंका है। उद्यान विभाग की मानें तो तूफान से आम की फसल को नुकसान पहुंचा है ।
जिले में सफीपुर, हसनगंज, औरास, फतेहपुर चौरासी व मियागंज में आम की बड़ी पैदावार होती है। इन इलाकों में लगभग 37 हजार हेक्टेयर में आम के बाग फैले हैं। उद्यान विभाग के मुताबिक आम उत्पादन में ऑन और आफ इयर का फंडा चलता है। ऑन इयर में 75 से 80 क्विंटल प्रति हेक्टेयर का उत्पादन होता है । आफ इयर में उत्पादन घटकर इसका आधा रह जाता है। इस बार ऑन इयर होने से लगभग 26 लाख क्विंटल रिकार्ड उत्पादन होने की संभावना है।
शुक्रवार की भोर लगभग 3.30 बजे आए तूफान से आम के फल बड़ी तादाद में टूट गए। ऐसे में आम का उत्पादन गिरने की आशंका बढ़ गई है। बारिश ने मड़ाई के लिए रखी व खेतों में खड़ी फसल के लिए मुश्किल खड़ी कर दी है। गेहूं के बोझ भीगने से मड़ाई का काम टल जाएगा। भूसा भी खराब होगा। हालांकि तेज आंधी और बारिश से पारा में उतार आया है। शुक्रवार को अधिकतम तापमान 36 और न्यूनतम 24 डिग्री सेल्सियस रिकार्ड किया गया।
विज्ञापन
इससे लोगों को राहत मिली है। अपर जिला उद्यान अधिकारी आरबी वर्मा ने बताया कि आंधी से आम की फसल को नुकसान हुआ है लेकिन बारिश ने फायदा पहुंचाया है। इस बारिश से फल मजबूत होंगे।
विज्ञापन
जिले में सफीपुर, हसनगंज, औरास, फतेहपुर चौरासी व मियागंज में आम की बड़ी पैदावार होती है। इन इलाकों में लगभग 37 हजार हेक्टेयर में आम के बाग फैले हैं। उद्यान विभाग के मुताबिक आम उत्पादन में ऑन और आफ इयर का फंडा चलता है। ऑन इयर में 75 से 80 क्विंटल प्रति हेक्टेयर का उत्पादन होता है । आफ इयर में उत्पादन घटकर इसका आधा रह जाता है। इस बार ऑन इयर होने से लगभग 26 लाख क्विंटल रिकार्ड उत्पादन होने की संभावना है।
विज्ञापन
शुक्रवार की भोर लगभग 3.30 बजे आए तूफान से आम के फल बड़ी तादाद में टूट गए। ऐसे में आम का उत्पादन गिरने की आशंका बढ़ गई है। बारिश ने मड़ाई के लिए रखी व खेतों में खड़ी फसल के लिए मुश्किल खड़ी कर दी है। गेहूं के बोझ भीगने से मड़ाई का काम टल जाएगा। भूसा भी खराब होगा। हालांकि तेज आंधी और बारिश से पारा में उतार आया है। शुक्रवार को अधिकतम तापमान 36 और न्यूनतम 24 डिग्री सेल्सियस रिकार्ड किया गया।
विज्ञापन
इससे लोगों को राहत मिली है। अपर जिला उद्यान अधिकारी आरबी वर्मा ने बताया कि आंधी से आम की फसल को नुकसान हुआ है लेकिन बारिश ने फायदा पहुंचाया है। इस बारिश से फल मजबूत होंगे।