फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Unnao News ›   खूंटा गाड़ने के विवाद में चचेरे भाई की हत्या

खूंटा गाड़ने के विवाद में चचेरे भाई की हत्या

Sun, 14 Sep 2014 05:31 AM IST
Unnao
Unnao Updated Sun, 14 Sep 2014 05:31 AM IST
विज्ञापन
हसनगंज/उन्नाव। खूंटे गाड़ने के विवाद में बेटी के सामने चचेरे भाई ने भाई की ईंट से कूच कर हत्या कर दी और शव गांव के बाहर नाले में फेंक दिया। सूचना पर रात एक बजे पुलिस मौके पहुंची मगर अंधेरा होने से शव नहीं मिला। शनिवार सुबह शव बरामद किया गया। पुलिस ने मृतक की बेटी की ओर से मुकदमा दर्ज किया है।
विज्ञापन

हसनगंज थानाक्षेत्र के शाहपुरतोंदा गांव के मजरा कांशीराम खेड़ा निवासी मेवालाल (45) का चचेरे भाई रामकृपाल से घर के सामने खूंटा गाड़ने को लेकर काफी दिनों से विवाद चल रहा था। शुक्रवार देर शाम रामकृपाल को खूंटे में मवेशी बांधते देख मेवालाल ने विरोध किया इसे लेकर दोनों के बीच कहासुनी भी हुई। रात करीब नौ बजे रामकृपाल और मेवालाल ने साथ बैठकर शराब पी। शराब पीने के दौरान दोनों में फिर खूंटे की बात उठी तो विवाद शुरू हो गया मारपीट होने लगी। इसी दौरान रामकृपाल ने पास में ही पड़ीर् इंट उठाकर मेवालाल के सिर पर कई बार वार कर दिया। सिर में गहरी चोट लगने से उसकी मौके पर ही मौत हो गई। इस दौरान घर में मौजूद मेवालाल की आठ साल की बेटी दीपा, चाचा रामकृपाल से पिता को छोड़ने के लिए गुहार लगाती रही मगर उसने एक नहीं सुनी। हत्यारे ने बच्ची को भी डपटकर भगा दिया। इसके बाद मेवालाल के शव को खींचकर गांव के बाहर करीब दो सौ मीटर दूर स्थित नाले में फेंक आया। सूचना मिलने पर रात में मौके पर पहुंची मगर अंधेरा होने से शव नजर नहीं आया। सुबह पुलिस ने नाले से शव बरामद किया। पुलिस ने मृतक की बेटी से पूछताछ की तो उसने आंखों देखी बयान की। बेटी की ओर से तहरीर लेकर पुलिस ने रामकृपाल के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज किया है। थानाध्यक्ष प्रदीप कुमार यादव ने बताया कि घटना की तफ्तीश चल रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद स्थिति और साफ हो जाएगी। हत्यारोपी की गिरफ्तारी के प्रयास किए जा रहे हैं।
विज्ञापन


बेटी के सामने पिता को ईंट से कूच दिया
उन्नाव। अपनी आंखों के सामने पिता की मौत का मंजर देख चुकी आठ साल की मासूम दीपा अभी तक सहमी हुई है। उसके मुताबिक जिस समय उसके चाचा, पिता को मार रहे थे उसने रोकने का प्रयास भी किया मगर उन्होंने एक नहीं सुनी। इसके बाद उसने आसपास रहने वाले लोगों को भी बताया। गांव के दो लोगों ने बचाने का प्रयास किया मगर चाचा ने उसके सिर फोड़ दिया। बताया कि हत्या करने के बाद चाचा उसके पिता का इलाज कराने की बात कहकर लेकर चले गए और लौटकर नहीं आए।
विज्ञापन
विज्ञापन


अनाथ हो गई दीपा
उन्नाव। दीपा के जन्म के कुछ महीने बाद ही उसकी मां की मौत हो गई थी। पिता मेवालाल ने ही उसका पालन-पोषण किया। मेवालाल की मौत ने उसकी आठ साल की बेटी को अनाथ बना दिया। पिता के पास अब दस बिसुवा जमीन बची है। मेवालाल का कोई भाई भी नहीं है उसकी एक बहन सुनीता औरास थानाक्षेत्र के रामपुर खंजड़ी गांव में रहती है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed