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मुजफ्फनगर दंगाः रेप पीड़िताओं ने दर्ज कराए बयान
अमर उजाला, मुजफ्फरनगर
Updated Tue, 10 Dec 2013 11:32 PM IST
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हिंसा के दौरान फुगाना गांव में दर्ज कराए गए बलात्कार के मामलों में दो और महिलाओं ने कोर्ट में पहुंचकर अपने बयान दर्ज कराए। अब तक चार महिलाएं न्यायालय में आपबीती सुना चुकी हैं। दंगे के दौरान रेप के छह मामले दर्ज हुए थे।
बुढ़ाना क्षेत्र के फुगाना गांव की छह महिलाओं ने दंगे के दौरान बलात्कार किए जाने की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। कोर्ट में इन महिलाओं के बयान दर्ज कराना चुनौती बना हुआ था। एसआईटी को प्राथमिक जांच में रेप के कोई सुबूत नहीं मिले थे।
जांच अधिकारी माला यादव ने सोमवार को दो पीड़िताओं के मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट केपी सिंह की कोर्ट में बयान दर्ज कराए थे। मंगलवार को पुलिस सुरक्षा में माला यादव, दो अन्य महिलाओं को लेकर अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट कोर्ट द्वितीय में पहुंची।
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दोनों पीड़िताओं के धारा 164 के बयान दर्ज कराए गए। गौरतलब है कि दंगे के दौरान छह महिलाओं ने रेप का मुकदमा दर्ज कराया था। चार के बयान दर्ज होने के बाद अब केवल दो पीड़िताओं के बयान बाकी रह गए हैं। बुधवार को बयान कराए जा सकते हैं। गौरतलब है कि एसआईटी को प्राथमिक जांच में रेप के कोई साक्ष्य नहीं मिले थे।
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बुढ़ाना क्षेत्र के फुगाना गांव की छह महिलाओं ने दंगे के दौरान बलात्कार किए जाने की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। कोर्ट में इन महिलाओं के बयान दर्ज कराना चुनौती बना हुआ था। एसआईटी को प्राथमिक जांच में रेप के कोई सुबूत नहीं मिले थे।
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जांच अधिकारी माला यादव ने सोमवार को दो पीड़िताओं के मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट केपी सिंह की कोर्ट में बयान दर्ज कराए थे। मंगलवार को पुलिस सुरक्षा में माला यादव, दो अन्य महिलाओं को लेकर अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट कोर्ट द्वितीय में पहुंची।
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दोनों पीड़िताओं के धारा 164 के बयान दर्ज कराए गए। गौरतलब है कि दंगे के दौरान छह महिलाओं ने रेप का मुकदमा दर्ज कराया था। चार के बयान दर्ज होने के बाद अब केवल दो पीड़िताओं के बयान बाकी रह गए हैं। बुधवार को बयान कराए जा सकते हैं। गौरतलब है कि एसआईटी को प्राथमिक जांच में रेप के कोई साक्ष्य नहीं मिले थे।