{"_id":"60f998df8ebc3ecd053c21b7","slug":"work-of-restructuring-drinking-water-scheme-started-on-dm-s-intervention-sonbhadra-news-vns6018734137","type":"story","status":"publish","title_hn":"खबर का असर : डीएम के हस्तक्षेप पर पुनर्गठन पेयजल योजना का काम शुरू","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
खबर का असर : डीएम के हस्तक्षेप पर पुनर्गठन पेयजल योजना का काम शुरू
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
सोनभद्र। सिंचाई विभाग के अड़ंगेबाजी के चलते राबर्ट्सगंज पुनर्गठन पेयजल परियोजना को पूरी करने में आ रही अड़चन को डीएम अभिषेक सिंह ने गंभीरता से लिया है। उन्होंने जल निगम और सिंचाई विभाग के एक्सईन को फाइल के साथ तलब किया है।
वहीं सिंचाई विभाग को एनओसी जारी करने के लिए दस दिन की मोहलत दी है। डीएम के कड़ा रुख देख सिंचाई विभाग ने जल निगम को काम शुरू करने की अनुमति दे दी है। जल निगम ने कार्य शुरू करा दिया है। राबर्ट्सगंज नगर के 50 हजार आबादी को पुनर्गठन पेयजल योजना से शुद्ध पेयजल उपलब्ध कराया जाना है। कार्यदायी संस्था जल निगम की तरफ से करीब 96.01 करोड़ की लागत से परियोजना का काम कराया जा रहा है। पाइपलाइन बिछाने का काम 90 प्रतिशत पूरा हो गया है। लेकिन धंधरौल के समीप पाइप लाइन नहर क्रास करने के लिए सिंचाई विभाग की तरफ से एनओसी नहीं दिए जाने से 25 दिन से पेयजल योजना काम रुक गया था।
परियोजना पूरी होने में आ रही अड़चन के संबंध में अमर उजाला ने 26 जून को 'पानी के लिए अभी और इंतजार सिंचाई विभाग ने लगाया ब्रेक' शीर्षक से तथा 20 जुलाई को 'पांच महीने में भी आगे नहीं बढ़ सकी फाइल' शीर्षक से खबर प्रकाशित की। खबर को संज्ञान में लेते हुए जिलाधिकारी अभिषेक सिंह ने मिर्जापुर कैनाल डिविजन (सिंचाई विभाग) के अधिशासी अभियंता वैभव सिंह और जल निगम के अधिशासी अभियंता महेंद्र सिंह को फाइल के साथ तलब किया है। उन्होंने फाइल पूरी होने पर भी एनओसी जारी करने में टालमटोल करने पर सिंचाई विभाग के अधिकारियों को फटकार भी लगाई है और 10 दिन में एनओसी जारी करने का निर्देश दिया।
विज्ञापन
----
---
वर्जन:
धंधरौल बांध के समीप पाइपलाइन नहर क्रास करने के लिए एनओसी न मिलने के कारण काम ठप था। सिंचाई विभाग की तरफ से एनओसी के लिए सहमति जताने पर काम शुरू कर दिया गया है।
- महेंद्र सिंह, अधिशासी अभियंता-जल निगम सोनभद्र।
विज्ञापन
वहीं सिंचाई विभाग को एनओसी जारी करने के लिए दस दिन की मोहलत दी है। डीएम के कड़ा रुख देख सिंचाई विभाग ने जल निगम को काम शुरू करने की अनुमति दे दी है। जल निगम ने कार्य शुरू करा दिया है। राबर्ट्सगंज नगर के 50 हजार आबादी को पुनर्गठन पेयजल योजना से शुद्ध पेयजल उपलब्ध कराया जाना है। कार्यदायी संस्था जल निगम की तरफ से करीब 96.01 करोड़ की लागत से परियोजना का काम कराया जा रहा है। पाइपलाइन बिछाने का काम 90 प्रतिशत पूरा हो गया है। लेकिन धंधरौल के समीप पाइप लाइन नहर क्रास करने के लिए सिंचाई विभाग की तरफ से एनओसी नहीं दिए जाने से 25 दिन से पेयजल योजना काम रुक गया था।
विज्ञापन
परियोजना पूरी होने में आ रही अड़चन के संबंध में अमर उजाला ने 26 जून को 'पानी के लिए अभी और इंतजार सिंचाई विभाग ने लगाया ब्रेक' शीर्षक से तथा 20 जुलाई को 'पांच महीने में भी आगे नहीं बढ़ सकी फाइल' शीर्षक से खबर प्रकाशित की। खबर को संज्ञान में लेते हुए जिलाधिकारी अभिषेक सिंह ने मिर्जापुर कैनाल डिविजन (सिंचाई विभाग) के अधिशासी अभियंता वैभव सिंह और जल निगम के अधिशासी अभियंता महेंद्र सिंह को फाइल के साथ तलब किया है। उन्होंने फाइल पूरी होने पर भी एनओसी जारी करने में टालमटोल करने पर सिंचाई विभाग के अधिकारियों को फटकार भी लगाई है और 10 दिन में एनओसी जारी करने का निर्देश दिया।
विज्ञापन
----
---
वर्जन:
धंधरौल बांध के समीप पाइपलाइन नहर क्रास करने के लिए एनओसी न मिलने के कारण काम ठप था। सिंचाई विभाग की तरफ से एनओसी के लिए सहमति जताने पर काम शुरू कर दिया गया है।
- महेंद्र सिंह, अधिशासी अभियंता-जल निगम सोनभद्र।