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Sonebhadra News: फाइनेंस कंपनी के शाखा प्रबंधक समेत तीन कर्मचारियों पर 16.79 लाख गबन का आरोप
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पिपरी थाना क्षेत्र के मुर्धवा में स्थित भारत फाइनेंशियल इंक्लूजन लिमिटेड नामक प्राइवेट फाइनेंस कंपनी की स्थानीय शाखा में 16.79 रुपये का गबन सामने आया है। कंपनी के इकाई प्रबंधक सत्यप्रकाश यादव ने पिपरी थाने में केस दर्ज कराया है।
इकाई प्रबंधक की तहरीर के मुताबिक शाखा प्रबंधक अनिल यादव और कैशियर कामेश्वर प्रसाद यादव पर 44 ग्राहकों के लोन की रकम और समय पूर्व भुगतान के नाम पर 16.79 लाख रुपये गबन करने का आरोप है। यह मामला तब सामने आया जब कुछ माह पूर्व कंपनी के डीआरसीएम सुनील कुमार ने शाखा का निरीक्षण किया।
उस दौरान दो लाख छह हजार चार सौ रुपये नकदी की कमी पाई गई थी। जांच आगे बढ़ी तो शाखा प्रबंधक अनिल यादव और कैशियर कामेश्वर यादव पर शक गहरा गया। कंपनी की ऑडिट टीम को विस्तृत जांच में पता चला कि दोनों ने मिलकर 44 ग्राहकों के लोन की रकम अपने पास रख ली।
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इससे ग्राहकों का कर्ज नहीं चुका और कंपनी को नुकसान हुआ। ऑडिट रिपोर्ट के अनुसार शाखा प्रबंधक अनिल यादव ने 980341 रुपये और कैशियर कामेश्वर प्रसाद यादव ने 157745 रुपये का गबन किया।
इसके अलावा अनिल पर 302720 कामेश्वर प्रसाद यादव एक लाख सात हजार रुपये और कर्मचारी प्रियांशु मौर्य पर एक लाख बत्तीस हजार एक सौ साठ रुपये को कलेक्शन के एडवांस के रूप में बुक किया गया था, लेकिन यह राशि भी गबन कर ली गई।
कुल मिलाकर तीनों कर्मचारियों पर 1679966 रुपये की धोखाधड़ी का आरोप है। आरोपी कर्मचारी फरार हैं। इस मामले में पिपरी थाने के प्रभारी निरीक्षक विश्वनाथ प्रताप सिंह ने बताया कि मुकदमा दर्ज कर लिया गया है।
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इकाई प्रबंधक की तहरीर के मुताबिक शाखा प्रबंधक अनिल यादव और कैशियर कामेश्वर प्रसाद यादव पर 44 ग्राहकों के लोन की रकम और समय पूर्व भुगतान के नाम पर 16.79 लाख रुपये गबन करने का आरोप है। यह मामला तब सामने आया जब कुछ माह पूर्व कंपनी के डीआरसीएम सुनील कुमार ने शाखा का निरीक्षण किया।
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उस दौरान दो लाख छह हजार चार सौ रुपये नकदी की कमी पाई गई थी। जांच आगे बढ़ी तो शाखा प्रबंधक अनिल यादव और कैशियर कामेश्वर यादव पर शक गहरा गया। कंपनी की ऑडिट टीम को विस्तृत जांच में पता चला कि दोनों ने मिलकर 44 ग्राहकों के लोन की रकम अपने पास रख ली।
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इससे ग्राहकों का कर्ज नहीं चुका और कंपनी को नुकसान हुआ। ऑडिट रिपोर्ट के अनुसार शाखा प्रबंधक अनिल यादव ने 980341 रुपये और कैशियर कामेश्वर प्रसाद यादव ने 157745 रुपये का गबन किया।
इसके अलावा अनिल पर 302720 कामेश्वर प्रसाद यादव एक लाख सात हजार रुपये और कर्मचारी प्रियांशु मौर्य पर एक लाख बत्तीस हजार एक सौ साठ रुपये को कलेक्शन के एडवांस के रूप में बुक किया गया था, लेकिन यह राशि भी गबन कर ली गई।
कुल मिलाकर तीनों कर्मचारियों पर 1679966 रुपये की धोखाधड़ी का आरोप है। आरोपी कर्मचारी फरार हैं। इस मामले में पिपरी थाने के प्रभारी निरीक्षक विश्वनाथ प्रताप सिंह ने बताया कि मुकदमा दर्ज कर लिया गया है।