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सूखा राहत दिलाने के नाम पर वसूली
sonbhadra
Updated Thu, 12 Apr 2018 11:57 PM IST
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- फोटो : सोनभद्र
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यूपी सरकार ने जिले को सूखा प्रभावित घोषित कर दिया है। वहीं, किसानों से किसी भी तरह की वसूली बंद करने के आदेश भी हो चुके हैं। मगर सूखा राहत दिलाने के नाम पर जिले में राजस्वकर्मी किसानों से प्रति बीघा के हिसाब से दस प्रतिशत की वसूली कर रहे हैं। सूची तैयार कर ज्यादा नुकसान दिखाने की बात कहकर लेखपाल किसानों से मिलने वाली राशि का दस फीसदी हिस्सा पहले ही ले ले रहे हैं। गुरुवार को इसका वीडियो वायरल होते ही हड़कंप मच गया।
इस बार कम बारिश होने से सूखा के हालात रहे। इसको ध्यान में रखते हुए हाल में ही यूपी सरकार ने जिले को सूखा प्रभावित घोषित कर दिया है। प्रशासन की ओर से तीनों तहसीलों के लेखपालों को निर्देश दिया गया है कि वे प्रभावित किसानों की सूची तैयार करें। पता करें कि किस किसान की कितनी फसल सूखे से प्रभावित हुई है। किसानों को प्रति बीघा 3200 रुपये मुआवजा दिया जाना है। अब जांच के नाम पर लेखपालों ने किसानों का उत्पीड़न करना शुरू कर दिया है।
वह मुआवजे के नाम पर दस प्रतिशत धन की मांग कर रहे हैं। गुरुवार को राबर्ट्सगंज तहसील क्षेत्र के करद, कोरियांव, ऐलाही गांव में सूखा राहत का धन दिलाने के नाम पर ग्रामीणों ने वसूली करते हुए लेखपाल का वीडियो बनाया और उसे वायरल कर दिया। उधर एसडीएम सदर डॉ. अंकुर लाठर ने कहा है कि उन्हें मामले की जानकारी नहीं है। वीडियो देखने के बाद उसकी जांच कराकर जिम्मेदारों के खिलाफ कार्रवाई करेंगी। वहीं मंडलायुक्त मुरली मनोहर लाल ने कहा है कि अभी वे इस मामले में डीएम अमित कुमार सिंह से बात करते हैं और मामले की जांच कराते हैं।
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इस बार कम बारिश होने से सूखा के हालात रहे। इसको ध्यान में रखते हुए हाल में ही यूपी सरकार ने जिले को सूखा प्रभावित घोषित कर दिया है। प्रशासन की ओर से तीनों तहसीलों के लेखपालों को निर्देश दिया गया है कि वे प्रभावित किसानों की सूची तैयार करें। पता करें कि किस किसान की कितनी फसल सूखे से प्रभावित हुई है। किसानों को प्रति बीघा 3200 रुपये मुआवजा दिया जाना है। अब जांच के नाम पर लेखपालों ने किसानों का उत्पीड़न करना शुरू कर दिया है।
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वह मुआवजे के नाम पर दस प्रतिशत धन की मांग कर रहे हैं। गुरुवार को राबर्ट्सगंज तहसील क्षेत्र के करद, कोरियांव, ऐलाही गांव में सूखा राहत का धन दिलाने के नाम पर ग्रामीणों ने वसूली करते हुए लेखपाल का वीडियो बनाया और उसे वायरल कर दिया। उधर एसडीएम सदर डॉ. अंकुर लाठर ने कहा है कि उन्हें मामले की जानकारी नहीं है। वीडियो देखने के बाद उसकी जांच कराकर जिम्मेदारों के खिलाफ कार्रवाई करेंगी। वहीं मंडलायुक्त मुरली मनोहर लाल ने कहा है कि अभी वे इस मामले में डीएम अमित कुमार सिंह से बात करते हैं और मामले की जांच कराते हैं।
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