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किसानों को उन्नतशील खेती के गुर सिखाए
ब्यूरो अमर उजाला, सोनभद्र
Updated Fri, 27 Feb 2015 11:30 PM IST
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जिला उद्यान कार्यालय परिसर में शुक्रवार को कृषि विभाग की ओर से दो दिवसीय जिलास्तरीय किसान मेले का आगाज हुआ। इसका शुभारंभ प्रभारी जिलाधिकारी महेंद्र सिंह ने दीप प्रज्ज्वलित कर किया।
गोष्ठी में वैज्ञानिकों ने किसानों को उन्नतशील खेती करने के बारे में विधिवत जानकारी दी। गोष्ठी को संबोधित करते हुए प्रभारी डीएम महेंद्र सिंह ने कहा कि किसान देश के भविष्य होते हैं।
शासन की ओर से किसानों के लिए ढेर सारी योजनाएं संचालित हो रही हैं। योजनाओं का अधिक से अधिक किसान लाभ लें। वैज्ञानिक टीडी मिश्रा और शैलेंद्र सिंह ने कहा कि आवश्यकतानुसार फसलों को पानी मुहैया कराया जाना चाहिए।
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डा. शिशिर सिंह, डा. आनंद सिंह और डा. रत्नाकर ने कहा कि आवश्यकता से अधिक फसलों में उर्वरक का प्रयोग नहीं करना चाहिए।
क्योंकि अधिक उर्वरक होने से फसल के सूखने या नष्ठ होने की संभावना बन जाती है। इस दौरान किसानों ने भी बारी-बारी से खेती करने में होने वाली समस्याओं को उठाया।
समस्याओें के समाधान के बारे में वैज्ञानिकों ने जानकारी दी। इसके पूर्व प्रभारी डीएम समेत अन्य अधिकारियों ने उद्यान विभाग, कृषि विभाग, पशु विभाग, मत्स्य विभाग, स्वास्थ्य विभाग, बाल पुष्टाहार विभाग और किसानों की ओर से फल, सब्जी, फसल के लगाए गए स्टाल का निरीक्षण किया। इस मौके पर जिला कृषि अधिकारी राजीव भारती आदि मौजूद रहे।
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गोष्ठी में वैज्ञानिकों ने किसानों को उन्नतशील खेती करने के बारे में विधिवत जानकारी दी। गोष्ठी को संबोधित करते हुए प्रभारी डीएम महेंद्र सिंह ने कहा कि किसान देश के भविष्य होते हैं।
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शासन की ओर से किसानों के लिए ढेर सारी योजनाएं संचालित हो रही हैं। योजनाओं का अधिक से अधिक किसान लाभ लें। वैज्ञानिक टीडी मिश्रा और शैलेंद्र सिंह ने कहा कि आवश्यकतानुसार फसलों को पानी मुहैया कराया जाना चाहिए।
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डा. शिशिर सिंह, डा. आनंद सिंह और डा. रत्नाकर ने कहा कि आवश्यकता से अधिक फसलों में उर्वरक का प्रयोग नहीं करना चाहिए।
क्योंकि अधिक उर्वरक होने से फसल के सूखने या नष्ठ होने की संभावना बन जाती है। इस दौरान किसानों ने भी बारी-बारी से खेती करने में होने वाली समस्याओं को उठाया।
समस्याओें के समाधान के बारे में वैज्ञानिकों ने जानकारी दी। इसके पूर्व प्रभारी डीएम समेत अन्य अधिकारियों ने उद्यान विभाग, कृषि विभाग, पशु विभाग, मत्स्य विभाग, स्वास्थ्य विभाग, बाल पुष्टाहार विभाग और किसानों की ओर से फल, सब्जी, फसल के लगाए गए स्टाल का निरीक्षण किया। इस मौके पर जिला कृषि अधिकारी राजीव भारती आदि मौजूद रहे।