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छह सूत्री मांग को लेकर एंबुलेंस कर्मचारियों ने किया प्रदर्शन
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जिला अस्पताल परिसर में शुक्रवार को जीवनदायिनी स्वास्थ्य विभाग एंबुलेंस कर्मचारी संघ के बैनर तले एंबुलेंस कर्मचारियों ने प्रदर्शन किया। एंबुलेंस कर्मचारी छह सूत्री मांगों के समर्थन में प्रदर्शन कर रहे हैं। उनका कहना है कि यदि मांगें शीघ्र पूरी नहीं हुई तो वह आंदोलन को बाध्य होंगे।
संगठन के प्रदेश अध्यक्ष हनुमान पांडेय व प्रदेश महामंत्री बृजेश कुमार ने कहा कि यदि उत्तर प्रदेश में जीवनदायिनी एंबुलेंस संघ के समस्याओं का तत्काल सरकार निवारण नहीं करती है तो यह संगठन पूरे देश में एक बड़ा आंदोलन करने को बाध्य होगी। इसकी जिम्मेदारी संबंधित शासन प्रशासन की होगी। बताया कि एएलएस एंबुलेंस पर कार्यरत कर्मचारियों को कंपनी बदलने पर कर्मचारियों को ना बदला जाए। अनुभवी कर्मचारियों को ही रखा जाए। कोरोना महामारी के दौरान अग्रणी भूमिका निभा रहे कोरोना योद्धा एंबुलेंस कर्मचारी को ठेकेदारी से मुक्त किया जाए। वही कोराना काल में शहीद हुए आश्रितों के परिवार को जल्द बीमा राशि 50 लाख और सहायता राशि सरकार की तरफ से जारी हो। साथ ही कंपनी बदलने पर वेतन में किसी भी तरह की कटौती न की जाए। सभी एंबुलेंस कर्मचारियों को नेशनल हेल्थ मिशन के अधीन नहीं किया जाता है तब तक नियमित वेज और चार घंटे का ओवर टाइम दिया जाए। 23 हजार लगभग प्रतिवर्ष महंगाई भत्ता भी दिया जाए।
जीवनदायनी स्वास्थ्य विभाग 108, 102 एंबुलेंस कर्मचारी संघ उत्तर प्रदेश के आह्वान पर शुक्रवार को घोरावल सीएचसी पर कार्यरत एंबुलेंस कर्मचारियों ने प्रदर्शन किया। बांह पर काली पट्टी बांधकर विरोध जताया।
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संगठन के प्रदेश अध्यक्ष हनुमान पांडेय व प्रदेश महामंत्री बृजेश कुमार ने कहा कि यदि उत्तर प्रदेश में जीवनदायिनी एंबुलेंस संघ के समस्याओं का तत्काल सरकार निवारण नहीं करती है तो यह संगठन पूरे देश में एक बड़ा आंदोलन करने को बाध्य होगी। इसकी जिम्मेदारी संबंधित शासन प्रशासन की होगी। बताया कि एएलएस एंबुलेंस पर कार्यरत कर्मचारियों को कंपनी बदलने पर कर्मचारियों को ना बदला जाए। अनुभवी कर्मचारियों को ही रखा जाए। कोरोना महामारी के दौरान अग्रणी भूमिका निभा रहे कोरोना योद्धा एंबुलेंस कर्मचारी को ठेकेदारी से मुक्त किया जाए। वही कोराना काल में शहीद हुए आश्रितों के परिवार को जल्द बीमा राशि 50 लाख और सहायता राशि सरकार की तरफ से जारी हो। साथ ही कंपनी बदलने पर वेतन में किसी भी तरह की कटौती न की जाए। सभी एंबुलेंस कर्मचारियों को नेशनल हेल्थ मिशन के अधीन नहीं किया जाता है तब तक नियमित वेज और चार घंटे का ओवर टाइम दिया जाए। 23 हजार लगभग प्रतिवर्ष महंगाई भत्ता भी दिया जाए।
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जीवनदायनी स्वास्थ्य विभाग 108, 102 एंबुलेंस कर्मचारी संघ उत्तर प्रदेश के आह्वान पर शुक्रवार को घोरावल सीएचसी पर कार्यरत एंबुलेंस कर्मचारियों ने प्रदर्शन किया। बांह पर काली पट्टी बांधकर विरोध जताया।
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