फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Sonebhadra News ›   बिजली कनेक्शन के नाम पर वसूला गया लाखों रुपये

बिजली कनेक्शन के नाम पर वसूला गया लाखों रुपये

Tue, 01 May 2018 11:16 PM IST
Updated Tue, 01 May 2018 11:16 PM IST
विज्ञापन
बिजली कनेक्शन के नाम पर वसूला गया लाखों रुपये
अनपरा (सोनभद्र)। पिपरी सोनवानी गांव में बिजली कनेक्शन देने के नाम पर ग्रामीणों से लाखों रुपये वसूलने व वर्ष 2014 से बिजली का बिल एक बार भी नहीं मिलने से घबराएं ग्रामीणों ने विद्युत वितरण विभाग पिपरी कार्यालय के उच्चाधिकारियों से शिकायत कर कार्रवाई की मांग की है। पिपरी सोनवानी गांव की जैनब निशा, अंजुमन निशा, कविता, लालजी, नजबुद्दीन, रामग्रह जायसवाल, अनिल जायसवाल, विजय कुमारी, राणा प्रताप सिंह आदि ने आरोप लगाया कि सन 2014 में विद्युतीकरण के नाम पर बिजली, पोल, ट्रांसफार्मर लगाने के नाम पर गांव के ललित बैसवार ने प्रति कनेक्शन के पीछे दस हजार रुपये वसूले। लोगों ने बताया कि ललित बैसवार बिजली विभाग के अधिकारियों के नाम पर हम लोगों से एक किलोवाट बिजली कनेक्शन के नाम पर 1350 रुपये की रसीद देकर दस हजार रुपये वसूल लिया। आसिफ खान ने बताया कि आलम यह था कि आठ हजार रुपये पहली किस्त में देने के बाद भी उन्हें बिजली नहीं दी गई, जब तक कि वह दो हजार रुपये बकाया जमा नहीं कर दिए। दिनांक 23 अगस्त 2014 को उन्हें कनेक्शन प्रदान कर दिया गया लेकिन बिजली लगभग चार माह बाद मिली। तब से लेकर आज तक पूरे मोहल्ले में कभी भी बिजली का बिल नहीं आया। जिससे घबड़ाये ग्रामीण बिजली विभाग के पिपरी कार्यालय में अपनी शिकायत दर्ज कराते हुए कार्रवाई की मांग की है। उन्होंने कहा कि गांव में बराबर बिजली भी नहीं रहती है। फाल्ट ठीक करने के नाम पर लाइनमैन अवैध धन उगाही करते है। बिना धन दिये लाइन को चालू नहीं किया जाता है। बिजली के नाम पर विगत चार साल से ग्रामीणों का शोषण किया जा रहा है जिससे थकहार व उच्चाधिकारियों के शरण में गए है। जहां बुधवार को उन्हें पुन: बुलाया गया है। उन्होंने कहा कि जिस तार वश ट्रांसफार्मर व पोल के लिए ग्रामीणों से दस-दस हजार रुपये वसूले गए। वहां जर्जर तारों व पोलों को लगा दिया गया है। जिससे आए दिन बिजली गुल रहती है। फोन करने पर लाइन मैन आते जरूर हैं पर बिना पैसे का कार्य नहीं करते है।
विज्ञापन

चार साल से बिजली बिल का है इंतजार
अनपरा। अंधेरे मे जीवन यापन कर रहे बिजली पिपरी सोनवानी निवासियों का कहना था कि बिजली के लालच में उन्होंने कर्ज कर पैसा दिया था। जब बिजली आई तो उन्होंने राहत की सांस ली पर आए दिन बिजली गुल रहने से लोग अपने को ठगा सा महसूस कर रहे है। चार वर्ष में एक बार भी बिजली का बिल नहीं मिलने से गांव में लाखों रुपये का बिल आने की चर्चा से जहां ग्रामीण भयभीत है वहीं उनका कहना है कि प्रदेश सरकर चाहे जितना भी भ्रष्टाचार समाप्त करने की बात कहे पर बिना पैसा दिए कोई काम होने वाला नहीं है। लोग इसे नियति मान चुके है। जब उन्हें बताया गया कि अब कुछ समय से बिजली का बिल आनलाइन भरा जा रहा है तब उन्हें इस बात का एहसास हुआ कि उन्हें स्वयं जाकर इस समस्या से निपटना होगा। बिजली कनेक्शन के नाम पर वसूले गये लाखों रुपये का उन्हें गम नहीं है पर बिजली का एक बिल आने पर उनके समक्ष परेशानी खड़ी हो जायेगी। मजदूरी कर जीवन यापन करने वाले लोगों के लिए एक मुश्त धन उपलब्ध करना किसी चुनौती से कम नहीं होता है। उन्होंने जिलाधिकारी का ध्यान आकृष्ट कराते हुए कार्रवाई की मांग की है।
विज्ञापन

पिपरी ग्राम सभा के ग्राम प्रधान सरदार मान सिंह का कहना है कि मामला उनके कार्यकाल का नहीं है। हालांकि पिपरी ग्राम सभा की आबादी 3200 है । जिसमें लगभग 100 कनेक्शनधारी ही बिजली जला रहे है बाकी 300 से अधिक लोगों के आवास पर बिजली का मीटर तो लगा दिया गया पर अभी तक बिजली उनके घरों तक नहीं पहुंच पाई है।
विज्ञापन
विज्ञापन

कनेक्शन के नाम पर अधिक रुपये लेने की जानकारी उन्हें नहीं है। अब जब जानकारी हुई है तो प्रकरण की जांच कराई जाएगी। ग्रामीणों का बयान लिया जाएगा। .यदि अवैध वसूली की पुष्टि होती है तो दोषी कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। - लक्ष्मी शंकर, अधिशासी अभियंता विद्युत वितरण खंड पिपरी।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed