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वाहनों का जुर्माना करने तक सिमटा यातायात माह
Updated Mon, 12 Nov 2018 11:52 PM IST
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सोनभद्र। एक नवंबर से यातायात माह शुरू है। इसका मुख्य उद्देश्य लोगों को सड़क हादसों के प्रति जागरूक करना है। लेकिन यह सिर्फ जागरूकता रैली, वाहनों की चेकिंग और जुर्माना वसूलने तक सिमट कर रह गया है। शुरुआती 12 दिन में पुलिस ने साढ़े चार सौ वाहनों के चालान काटे और साढ़े तीन सौ लोगों से चार लाख से अधिक जुर्माना वसूल किया है।
यातायात माह के तहत लोगों को जागरूक करने के लिए जागरूकता रैली निकाली जा रही है। लेकिन इस बार भी पुलिस ने लोगों को जागरूक करने के लिए नया कुछ नहीं किया है, अन्य सालों की तरह रस्म अदायगी की जा रही है। पुलिस विभाग से मिली जानकारी के अनुसार एक नवंबर से 12 नवंबर तक यातायात पुलिस ने ढाई सौ और जिले के 22 थाना की पुलिस ने दो सौ वाहनों का चालान करते हुए लगभग साढ़े चार लाख जुर्माना वसूल किया है। चालान और जुर्माना वसूलने में महिला थाना शामिल नहीं है। यातायात प्रभारी बागीश कुमार सिंह ने कहा कि शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों में जागरूकता रैली निकाल कर लोगों को जागरूक किया जा रहा है। इसके अलावा स्कूलों में छात्र-छात्राओं और बाजारों में आग लोगों को यातायात नियमों से संबंधित पंफलेट वितरित किया जा रहा है।
मंगलवार को मारकुंडी में शिविर लगकार ट्रक समेत अन्य वाहनों के चालकों का नेत्र परीक्षण कर उन्हें दवा वितरित की जाएगी। दुर्घटना बाहुल्य इलाकों में सांकेतिक बोर्ड भी लगाए जा रहे है। आरएसएम इंटर कालेल के पूर्व प्रधानाचार्य शिवधारी शरण राय ने कहा कि जागरूकता अभियान लगातार चलना चाहिए। निजी स्कूलों में गोष्ठी कर बच्चों को जागरूक करने की जरूरत है। मालती सिंह कहती है कि 18 वर्ष की कम आयु के बच्चों को वाहन चलाने पर सख्त रोक लगनी चाहिए। बिमलेश सिंह ने कहा कि ग्रामीण इलाकों में जागरूकता रैली निकालने की जरूरत है। क्योंकि ग्रामीणों को यातायात नियमों की जानकारी नहीं है। चंद्रहार और प्रेमचंद्र पांडेय ने कहा कि पुलिस के साथ-साथ अभिभावक और शिक्षकों की भी जिम्मेदारी है कि बच्चों को यातायात के प्रति जागरूक करें।
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यातायात माह के तहत लोगों को जागरूक करने के लिए जागरूकता रैली निकाली जा रही है। लेकिन इस बार भी पुलिस ने लोगों को जागरूक करने के लिए नया कुछ नहीं किया है, अन्य सालों की तरह रस्म अदायगी की जा रही है। पुलिस विभाग से मिली जानकारी के अनुसार एक नवंबर से 12 नवंबर तक यातायात पुलिस ने ढाई सौ और जिले के 22 थाना की पुलिस ने दो सौ वाहनों का चालान करते हुए लगभग साढ़े चार लाख जुर्माना वसूल किया है। चालान और जुर्माना वसूलने में महिला थाना शामिल नहीं है। यातायात प्रभारी बागीश कुमार सिंह ने कहा कि शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों में जागरूकता रैली निकाल कर लोगों को जागरूक किया जा रहा है। इसके अलावा स्कूलों में छात्र-छात्राओं और बाजारों में आग लोगों को यातायात नियमों से संबंधित पंफलेट वितरित किया जा रहा है।
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मंगलवार को मारकुंडी में शिविर लगकार ट्रक समेत अन्य वाहनों के चालकों का नेत्र परीक्षण कर उन्हें दवा वितरित की जाएगी। दुर्घटना बाहुल्य इलाकों में सांकेतिक बोर्ड भी लगाए जा रहे है। आरएसएम इंटर कालेल के पूर्व प्रधानाचार्य शिवधारी शरण राय ने कहा कि जागरूकता अभियान लगातार चलना चाहिए। निजी स्कूलों में गोष्ठी कर बच्चों को जागरूक करने की जरूरत है। मालती सिंह कहती है कि 18 वर्ष की कम आयु के बच्चों को वाहन चलाने पर सख्त रोक लगनी चाहिए। बिमलेश सिंह ने कहा कि ग्रामीण इलाकों में जागरूकता रैली निकालने की जरूरत है। क्योंकि ग्रामीणों को यातायात नियमों की जानकारी नहीं है। चंद्रहार और प्रेमचंद्र पांडेय ने कहा कि पुलिस के साथ-साथ अभिभावक और शिक्षकों की भी जिम्मेदारी है कि बच्चों को यातायात के प्रति जागरूक करें।
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