फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Sonebhadra News ›   तीन से शराब बंदी से डेढ़ करोड़ की राजस्व क्षति

तीन से शराब बंदी से डेढ़ करोड़ की राजस्व क्षति

Tue, 03 Apr 2018 11:47 PM IST
Updated Tue, 03 Apr 2018 11:47 PM IST
विज्ञापन
तीन से शराब बंदी से डेढ़ करोड़ की राजस्व क्षति
सोनभद्र। जिले में अंग्रेजी और बीयर की आपूर्ति पिछले तीन दिनों से न होने से ब्रिकी पूरी तरह से ठप है। शासन के बार कोड के चक्कर में जिले में करीब डेढ़ करोड़ रुपये राजस्व की क्षति हो चुकी है। प्रतिदिन करीब दो हजार लीटर शराब की बिक्री होती है।
विज्ञापन

वर्ष 2018-19 के लिए जिले में देशी शराब की 132 दुकानें, अंग्रेजी की 60 और बीयर की 50 दुकानें आवांटित की गई हैं। नई आबकारी नीति के तहत एक अप्रैल से शराब ठेकों में बार कोडिंग युक्त शराब की बिक्री होनी है। लेकिन मंगलवार को भी शराब की दुकानों में पर्याप्त मात्रा में प्रचलित ब्रांड की शराब नही पहुंच सकी। जिससे अंग्रेजी और बीयर के दुकानदार परेशान हैं। आलम है कि जरूरत के अनुसार माल की सप्लाई नहीं हो पा रही है। शराब के एक थोक कारोबारी की मानें तो बीस लाख लाइसेंस फीस जमा करने और दो लाख रूपये जमानत, साठ हजार फार्म फीस जमा कर कर चुके हैं। इसके अलावा अस्सी हजार गोदाम का किराया और नौ हजार जीएसटी अलग से देंगे। इतने रुपये खर्च करने के बाद भी उन्हें अभी तक माल की सप्लाई नहीं मिल सकी। शराब की किल्लत दूर न होने से कई दुकानदारों ने अपनी दुकानों में ताला लटका दिया है।
विज्ञापन

जिला आबकारी अधिकारी अनूप शर्मा कहते हैं कि बोतलों पर बार कोड एलाट न होने के नाते आपूर्ति नहीं हो पा रही है। बताया कि पिछली शराब की बोतलों पर बार कोड नहीं लगा था। ऐसे में उसकी बिक्री की नहीं की जा सकती। बताया कि प्रतिदिन करीब दो हजार लीटर अंग्रेजी शराब और बीयर बिकती है। जिससे 50 से 60 लाख रुपये राजस्व मिलता है।
विज्ञापन
विज्ञापन

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed