{"_id":"673b97bcdc45250fd80c8334","slug":"lakhai-ghat-bridge-of-gon-river-in-sitapur-is-in-bad-condition-pedestrians-put-their-lives-at-risk-sitapur-news-c-13-1-lko1022-958102-2024-11-19","type":"story","status":"publish","title_hn":"Sitapur News: सीतापुर में गोन नदी का लखई घाट पुल बदहाल, जान जोखिम में डालते हैं राहगीर","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Sitapur News: सीतापुर में गोन नदी का लखई घाट पुल बदहाल, जान जोखिम में डालते हैं राहगीर
Tue, 19 Nov 2024 01:08 AM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सीतापुर
संवाद न्यूज एजेंसी, सीतापुर
Updated Tue, 19 Nov 2024 01:08 AM IST
विज्ञापन
जान जोखिम में डालकर जर्जर पुल से गुजरता वाइक सवार।
- फोटो : जान जोखिम में डालकर जर्जर पुल से गुजरता वाइक सवार।
विज्ञापन
खैराबाद (सीतापुर)। गोन नदी पर लखई घाट का पुल 20 वर्षों से खस्ताहाल है। पुल का स्लैब पूरी तरह से टूट चुका है। इसमें गहरे गड्ढे हो गए हैं। दूसरे रास्ते से आने-जाने में क्षेत्रीय ग्रामीणों को करीब 20 किलोमीटर की अधिक दूरी तय करनी पड़ती है। लंबी दौड़ से बचने के लिए राहगीर जोखिम उठाकर जर्जर पुल से आवागमन करने को मजबूर हैं। कई बार शिकायत के बाद भी जिम्मेदार ध्यान नहीं दे रहे हैं।
विकास खंड क्षेत्र के मखुवा चौबेपुर से फूलपर जाने वाले मार्ग पर गोन नदी पड़ती है। इस पर लखई घाट का पुल 20 वर्षों से जर्जर हालत में है। यह पुल मखुवा चौबेपुर वाया बरई जलालपुर होते हुए नेशनल हाईवे को जोड़ता है। दूसरी तरफ फूलपुर से कटरा मानपुर होते हुए बिसवां और बहराइच मार्ग को जोड़ता है। सैकड़ों गांवों के लोगों का रोजाना इस मार्ग पर आवागमन रहता है। पुल की हालत इस कदर खराब हो चुकी है कि ऊपरी स्लैब कई जगह से टूट गया है। पुल पर कई जगह गहरे गड्ढे भी हो गए हैं। राहगीरों का इस पुल गुजरना खतरे से खाली नहीं है। इसके बाद भी वे मजबूरी में इससे गुजरते हैं। क्षेत्र के अशोक, संतराम राठौर, हरद्वारी बघेल, सुमित आदि ने जर्जर पुल का पुर्ननिर्माण कराने की मांग की है।
विकास खंड क्षेत्र के मखुवा चौबेपुर से फूलपर जाने वाले मार्ग पर गोन नदी पड़ती है। इस पर लखई घाट का पुल 20 वर्षों से जर्जर हालत में है। यह पुल मखुवा चौबेपुर वाया बरई जलालपुर होते हुए नेशनल हाईवे को जोड़ता है। दूसरी तरफ फूलपुर से कटरा मानपुर होते हुए बिसवां और बहराइच मार्ग को जोड़ता है। सैकड़ों गांवों के लोगों का रोजाना इस मार्ग पर आवागमन रहता है। पुल की हालत इस कदर खराब हो चुकी है कि ऊपरी स्लैब कई जगह से टूट गया है। पुल पर कई जगह गहरे गड्ढे भी हो गए हैं। राहगीरों का इस पुल गुजरना खतरे से खाली नहीं है। इसके बाद भी वे मजबूरी में इससे गुजरते हैं। क्षेत्र के अशोक, संतराम राठौर, हरद्वारी बघेल, सुमित आदि ने जर्जर पुल का पुर्ननिर्माण कराने की मांग की है।
विज्ञापन