फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Lucknow News ›   Azam reached jail: kept in old barrack, two people will be in one barrack

जेल पहुंचे आजम: पुरानी बैरक में रखे गए, एक बैरक में होंगे दो लोग, महीने में सिर्फ चार बार हो पाएगी मिलाई

Mon, 23 Oct 2023 07:28 AM IST
रोहित मिश्र अमर उजाला संवाद, सीतापुर
अमर उजाला संवाद, सीतापुर Published by: रोहित मिश्र Updated Mon, 23 Oct 2023 07:28 AM IST
सार

शासन के निर्देश पर पूर्व मंत्री व सपा नेता आजम खां को रविवार सुबह पांच बजे रामपुर से सीतापुर जेल शिफ्ट कर दिया गया। उनके बेटे अब्दुल्ला को वहीं से हरदोई जेल भेजा गया। 

विज्ञापन
Azam reached jail: kept in old barrack, two people will be in one barrack
इसी गाड़ी से जेल पहुंचे आजम खान। - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

 बेटा अब्दुल्ला आजम के फर्जी जन्म प्रमाणपत्र मामले में सात साल की सजा पाए सपा नेता आजम खां 17 माह बाद फिर सीतापुर जिला कारागार पहुंचे। कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच रविवार सुबह उन्हें कारागार तक लाया गया। इससे पहले सपा नेता आजम खां सीतापुर की जेल में करीब दो साल तीन महीने तक बंद रहें। 88 मुकदमें दर्ज करने के बाद फरवरी 2020 में उनको सबसे पहले जिला कारागार लाया गया था। उनकी पत्नी तंजीम फातिमा, बेटा अब्दुल्ला आजम भी कारागार लाए गए थे। हालांकि इस बार बेटे अब्दुल्ला आजम को हरदोई जेल भेज दिया गया है। वहीं आजम की पत्नी तंजीम फातिमा रामपुर की जेल में बंद हैं।

विज्ञापन


पुरानी बैरक में रखे गए आजम
जेल अधीक्षक एसके सिंह ने बताया कि आजम खां को उच्च सुरक्षा में रखा गया है। जेल में पांच पुरानी बैरकें हैं। उनमें से एक में ही उनको रोका गया है। एक बैरक में दो लोग रह सकते हैं। रविवार के दिन मिलाई बंद रहती है। इसलिए उनसे कोई नहीं मिल पाया है। नियम यह है कि महीने में सिर्फ चार बार मिलाई हो सकती है। एक मिलाई में तीन लोग ही जाते हैं। 
विज्ञापन


आजम बोले, हमारा एनकाउंटर हो सकता है...
शासन के निर्देश पर पूर्व मंत्री व सपा नेता आजम खां को रविवार सुबह पांच बजे रामपुर से सीतापुर जेल शिफ्ट कर दिया गया। उनके बेटे अब्दुल्ला को वहीं से हरदोई जेल भेजा गया। जबकि पत्नी तजीन फात्मा को रामपुर जेल में ही रखा गया है। सुबह-सुबह रामपुर जेल से बाहर आते ही आजम का पारा चढ़ गया और गाड़ी पर बैठने से ना-नुकुर करने लगे। कहा कि हमारा एनकाउंटर भी हो सकता है।
विज्ञापन
विज्ञापन


मेरी कमर तकलीफ है, उम्र का तो ख्याल कीजिए
गाड़ी से सीतापुर जाने से इन्कार करते हुए कहा कि मेरी कमर में तकलीफ है, मैं इसमें नहीं बैठ सकता। कम से कम हमारी उम्र का ख्याल तो रखिए। आजम, तजीन और अब्दुल्ला आजम को दो जन्म प्रमाण पत्र के मामले में 18 अक्तूबर को एमपी-एमएलए कोर्ट ने सात-सात साल की सजा सुनाई थी और तीनों को रामपुर जेल भेज दिया गया था। शासन ने शनिवार रात आजम और अब्दुल्ला की जेल बदलने का आदेश भेजा। आजम को पुलिस की बाेलेरो गाड़ी से जबकि अब्दुल्ला को कैदी वाहन से रवाना किया गया। डीजी जेल एसएन साबत ने बताया कि दोनों को सुबह दस बजे तक सुरक्षित शिफ्ट कर दिया गया। आजम को फरवरी 2020 में सबसे पहले सीतापुर जेल लाया गया था। उनकी पत्नी तंजीम व बेटा अब्दुल्ला भी तब साथ थे।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed