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गोदाम से 23 हजार गेहूं व चावल के बोरे गायब

Wed, 08 Dec 2021 12:33 AM IST
Lucknow Bureau लखनऊ ब्यूरो
Updated Wed, 08 Dec 2021 12:33 AM IST
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23 thousand wheat and rice sacks missing from warehouse
सीतापुर। थाना रामकोट इलाके में लखनऊ-दिल्ली नेशनल हाईवे पर स्थित राज्य भंडारण निगम के गोदाम से 23 हजार से अधिक सरकारी गेहूं, चावल के गबन का सनसनीखेज मामला सामने आया है। करीब चार करोड़ 14 लाख से अधिक का घोटाला बताया जा रहा है। राज्य भंडारण निगम के प्रभारी क्षेत्रीय प्रबंधक की तहरीर पर पुलिस ने भंडारण केंद्र के प्राविधिक सहायक पर केस दर्ज किया है। आरोपी गोदाम इंचार्ज के साथ केंद्र का प्रभारी भी है। पुलिस का कहना है कि मामले में जांच की जा रही है।
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रामकोट इलाके के नेरी कलां में उत्तर प्रदेश राज्य भंडारण निगम का गोदाम है, जिसमें सरकारी गेहूं, चावल का स्टॉक रहता है। प्रबंधक उत्तर प्रदेश राज्य भंडारण निगम क्षेत्रीय कार्यालय लखनऊ संजीव कुमार ने रामकोट थाने में तहरीर देकर बताया कि गोदाम में रखे स्टॉक में गेहूं और चावल के 23 हजार 148 बोरे जांच में गायब मिले हैं। गायब हुए सरकारी अनाज की कीमत चार करोड़ 14 लाख 58 हजार 938 रुपये है।
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नेरी कलां में स्थित निगम के भंडारण केंद्र के प्राविधिक सहायक लखीमपुर के ऑफीसर कॉलोनी के निवासी अशोक कुमार शुक्ला हैं। इनके पास गोदाम का चार्ज है, इसके अलावा केंद्र के यह प्रभारी भी हैं। निगम के क्षेत्रीय प्रबंधक का आरोप है कि भंडारण के सहायक ने ही बोरों को गायब कराकर करोड़ों का गबन किया है। पिछले कई महीनों के दरम्यान में ऐसा किया गया है।
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जांच में मामला पकड़ में आने के बाद क्षेत्रीय प्रबंधक ने रामकोट थाने में सहायक के खिलाफ तहरीर दी है। प्रभारी एसओ रामकोट करुणेश सिंह ने बताया कि मामले में प्राविधिक सहायक अशोक शुक्ला के खिलाफ धारा 409 आईपीसी के तहत केस दर्ज कर लिया गया है। बताया कि विभाग की ओर से किए गए सत्यापन में गबन का मामला पकड़ में आया है। जांच की जा रही है। जांचकर कार्रवाई की जाएगी।
पुलिस 50 लाख तक के गबन की करती है जांच
प्रभारी एसओ रामकोट करुणेश सिंह की माने तो करोड़ों के गबन के मामले की जांच पुलिस नहीं करेगी। वह बताते हैं कि पुलिस 50 लाख से अधिक के गबन के मामलों की जांच नहीं करती है। 50 लाख तक के गबन की जांच पुलिस करती है। इसके ऊपर के मामलों में पत्राचार किया जाता है।
आपराधिक अनुुुुसंधान शाखा करेगी मामले की जांच
प्रभारी एसओ ने बताया कि मामला हाई प्रोफाइल होने की वजह से इसे ईओ डब्ल्यू (आपराधिक अनुुुुसंधान शाखा लखनऊ) को भेजा जाएगा। अभी तो विवेचना पुलिस ही करेगी, लेकिन कुछ दिनों के बाद जांच ट्रांसफर कराने के लिए पत्राचार किया जाएगा। आपराधिक अनुसंधान शाखा लखनऊ ही पूरे मामले की जांच करेगी। जांच के निष्कर्षों के आधार पर कार्रवाई की जाएगी।
गोदाम इंचार्ज नहीं बता रहे, कहां गायब हुआ अनाज
राज्य भंडारण निमग के क्षेत्रीय प्रबंधक संजीव कुमार ने बताया कि नेरी कलां में स्थित गोदाम वेयर हाउसिंग कस्टोडियन का है। जबकि इसमें अनाज एफसीआई का होता है। बताया कि यह सरकारी अनाज है। अशोक शुक्ला के पास दो चार्ज थे। वह केंद्र के प्रभारी और गोदाम के इंचार्ज थे। इसलिए इनकी जिम्मेदारी और जवाबदेही दोगुनी है। इतने बड़े पैमाने पर सरकारी राशन गायब हो गया और उन्हें जानकारी नहीं है। वह कुछ बता नहीं पा रहे। उनकी मिलीभगत से ऐसा हुआ है।

पांच दिनों से नहीं आ रहा गोदाम का इंचार्ज
मामले से जुड़े सूत्रों की माने तो गोदाम में 60 हजार एमटी सरकारी अनाज था। इसमें 23 हजार 148 बोरे गायब मिले हैं। पिछले तीन महीनों की ज्वाइंट पीवी में गबन का मामला पकड़ में आया है। बताया जाता है कि मामले के तूल पकड़ने के बाद से आरोपी गोदाम इंचार्ज गायब चल रहा है। क्षेत्रीय प्रबंधक बताते हैं कि गोदाम इंचार्ज पांच दिनों से नहीं आ रहे हैं।
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