{"_id":"5c913650bdec22143439c64f","slug":"161553020496-sitapur-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"अभियान बेअसर, बढ़ रहे क्षय रोगी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
अभियान बेअसर, बढ़ रहे क्षय रोगी
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
सीतापुर। सेहत महकमा टीबी रोग को जड़ से मिटाने के लिए लाख कोशिशें कर रहा है। समय समय पर अभियान चला कर टीबी रोगियों को चिन्हित कर उनको दवाओं की पूरी किट भी मुफ्त में बांट रहा है, लेकिन यह सारे अभियान बेअसर से साबित हो रहे हैं। कोशिशों के बाद भी जिले में टीबी रोगियों की संख्या बढ़ रही है।
योजना के मुताबिक क्षय रोग को जड़ से मिटाने के लिए स्वास्थ्य विभाग द्वारा डोर-टू-डोर मरीजों को ढूंढने के लिए अभियान चलाया। पूरे जिले में करीब 175 टीमों को इस काम के लिए लगाया गया था। तीन सदस्यीय यह टीमें क्षेत्र में जाकर संभावित मरीजों का पता लगा कर उनकी जांच कराई।
जो पॉजिटिव मिले, उनका इलाज शुरू कराया गया। ऐसे मरीजों को मुफ्त में इलाज के अलावा प्रति माह पांच रुपये भी दिए जाते हैं। सूत्र बताते हैं कि वर्ष 2017 में 7676 मरीज मिले, जबकि वर्ष 2018 में 7807 मरीज मिले। इस लिहाज से मरीजों की संख्या में इजाफा दर्ज किया गया। यह अच्छे संकेत नहीं हैं।
विज्ञापन
जिले में टीबी के नए मरीज मिलने और उनकी संख्या में बढ़ोत्तरी होने कई सवाल उठ रहे हैं। इस बाबत क्षयरोग विभाग के अधिकारी डा. मुसाफिर ने भी माना कि क्षय रोगियों की तादात इस बार बढ़ी है। उनका कहना हैं कि जांच में पिछले साल के मुकाबले कुछ संख्या बढ़ी है।
विज्ञापन
योजना के मुताबिक क्षय रोग को जड़ से मिटाने के लिए स्वास्थ्य विभाग द्वारा डोर-टू-डोर मरीजों को ढूंढने के लिए अभियान चलाया। पूरे जिले में करीब 175 टीमों को इस काम के लिए लगाया गया था। तीन सदस्यीय यह टीमें क्षेत्र में जाकर संभावित मरीजों का पता लगा कर उनकी जांच कराई।
विज्ञापन
जो पॉजिटिव मिले, उनका इलाज शुरू कराया गया। ऐसे मरीजों को मुफ्त में इलाज के अलावा प्रति माह पांच रुपये भी दिए जाते हैं। सूत्र बताते हैं कि वर्ष 2017 में 7676 मरीज मिले, जबकि वर्ष 2018 में 7807 मरीज मिले। इस लिहाज से मरीजों की संख्या में इजाफा दर्ज किया गया। यह अच्छे संकेत नहीं हैं।
विज्ञापन
जिले में टीबी के नए मरीज मिलने और उनकी संख्या में बढ़ोत्तरी होने कई सवाल उठ रहे हैं। इस बाबत क्षयरोग विभाग के अधिकारी डा. मुसाफिर ने भी माना कि क्षय रोगियों की तादात इस बार बढ़ी है। उनका कहना हैं कि जांच में पिछले साल के मुकाबले कुछ संख्या बढ़ी है।