{"_id":"6824d7a24820a1e90d0b9c78","slug":"temperatures-crossed-42-degrees-leaving-the-house-in-this-heat-becomes-difficult-siddharthnagar-news-c-227-1-sdn1003-137493-2025-05-14","type":"story","status":"publish","title_hn":"Siddharthnagar News: 42 डिग्री के पार हुुआ पारा, तपिश में घर से निकलना हुआ दुश्वार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Siddharthnagar News: 42 डिग्री के पार हुुआ पारा, तपिश में घर से निकलना हुआ दुश्वार
विज्ञापन
शहर में अशोक मार्ग पर दोपहर में चिलचिलाती धूप में आवागमन करते लोग। संवाद
संवाद न्यूज एजेंसी
सिद्धार्थनगर। जिले में भीषण गर्मी के तल्ख तेवर बरकरार हैं। बुधवार को भी सूरज के प्रकोप ने लोगों को परेशान किया। तेज धूल भरी गर्म हवाओं के बीच दोपहर में गर्मी का असर अपने चरम पर रहा।
बदन झुलसाती गर्मी के कारण शहर के मुख्य चौराहों व सार्वजनिक रास्तों पर आवाजाही कम नजर आई। जरूरी काम से बाहर निकले लोग तपिश व गर्म हवाओं से बचने के लिए तरह-तरह के जतन करते दिखाई दिए। बुधवार की सुबह से ही गर्मी ने तेवर दिखाने शुरू कर दिए थे। सूरज की गर्म किरणें सुबह नौ बजे ही बदन में चुभने लगीं। तपिश से आम जनमानस बेहाल नजर आया। दोपहर होते-होते चिलचिलाती धूप बदन झुलसाने लगी। आलम यह रहा कि तेज धूप के साथ 20 से 22 किमी प्रति घंटे की गति से चलने वाली गर्म हवा के थपेड़ों ने मुसीबत और बढ़ा दी। भीषण गर्मी से बेचैन लोग बाहर निकलने की हिम्मत नहीं जुटा सके।
इसके चलते दोपहर को शहर की प्रमुख बाजार व चौराहों पर सन्नाटा पसरा दिखाई दिया। पंखे व कूलर भी गर्मी के सितम से राहत पहुंचाने में नाकाम साबित हुए। देर शाम तक गर्मी के तेवर बरकरार रहे, जिससे लोगों का बदन पसीने से तरबतर होता रहा। सूरज ढलने पर तपिश से राहत मिली लेकिन उमस परेशान करती रही। उमस भरी गर्मी के कारण रात में भी लोग बेचैन नजर आए।
विज्ञापन
मौसम वैज्ञानिक अतुल कुमार सिंह ने बताया कि अधिकतम पारा 42.7 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। वहीं न्यूनतम तापमान 28.6 डिग्री सेल्सियस रहा। गर्मी के प्रकोप से अभी राहत मिलने की संभावना नहीं है।
विज्ञापन
सिद्धार्थनगर। जिले में भीषण गर्मी के तल्ख तेवर बरकरार हैं। बुधवार को भी सूरज के प्रकोप ने लोगों को परेशान किया। तेज धूल भरी गर्म हवाओं के बीच दोपहर में गर्मी का असर अपने चरम पर रहा।
बदन झुलसाती गर्मी के कारण शहर के मुख्य चौराहों व सार्वजनिक रास्तों पर आवाजाही कम नजर आई। जरूरी काम से बाहर निकले लोग तपिश व गर्म हवाओं से बचने के लिए तरह-तरह के जतन करते दिखाई दिए। बुधवार की सुबह से ही गर्मी ने तेवर दिखाने शुरू कर दिए थे। सूरज की गर्म किरणें सुबह नौ बजे ही बदन में चुभने लगीं। तपिश से आम जनमानस बेहाल नजर आया। दोपहर होते-होते चिलचिलाती धूप बदन झुलसाने लगी। आलम यह रहा कि तेज धूप के साथ 20 से 22 किमी प्रति घंटे की गति से चलने वाली गर्म हवा के थपेड़ों ने मुसीबत और बढ़ा दी। भीषण गर्मी से बेचैन लोग बाहर निकलने की हिम्मत नहीं जुटा सके।
विज्ञापन
इसके चलते दोपहर को शहर की प्रमुख बाजार व चौराहों पर सन्नाटा पसरा दिखाई दिया। पंखे व कूलर भी गर्मी के सितम से राहत पहुंचाने में नाकाम साबित हुए। देर शाम तक गर्मी के तेवर बरकरार रहे, जिससे लोगों का बदन पसीने से तरबतर होता रहा। सूरज ढलने पर तपिश से राहत मिली लेकिन उमस परेशान करती रही। उमस भरी गर्मी के कारण रात में भी लोग बेचैन नजर आए।
विज्ञापन
मौसम वैज्ञानिक अतुल कुमार सिंह ने बताया कि अधिकतम पारा 42.7 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। वहीं न्यूनतम तापमान 28.6 डिग्री सेल्सियस रहा। गर्मी के प्रकोप से अभी राहत मिलने की संभावना नहीं है।