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Siddharthnagar News: कागजों में गरीब मुक्त... नौ पैमानों पर कहीं भी आगे नहीं
Sun, 07 Dec 2025 11:17 PM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सिद्धार्थनगर
संवाद न्यूज एजेंसी, सिद्धार्थनगर
Updated Sun, 07 Dec 2025 11:17 PM IST
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- भनवापुर ब्लाॅक क्षेत्र के चौखड़ा गांव को किया गया है गरीब मुक्त की लिस्ट में शामिल, जमीनी हकीकत कुछ और
- सरकार की रिपोर्ट के मुताबिक नहीं हुई गांव की तरक्की, विकास का बना दिया पैमाना
- भनवापुर ब्लाॅक क्षेत्र के हंसुड़ी, औसानपुर को बाल हितैषी तो चौखड़ा को मिला गरीब मुक्त गांव का दर्जा
भनवापुर। चौखड़ा को गरीब मुक्त गांव का दर्जा मिला है। कागजी आंकड़ों पर मंथन के बाद मिले इस तमगे से जमीनी हकीकत काफी दूर है। गांव में 611 लोगों के पास पात्रता गृहस्थी तो गरीबी रेखा से नीचे जीवन यापन (अंत्योदय राशन कार्ड) करने वाले परिवार सरकारी राशन पर निर्भर है। ऐसे में लोगों का कहना है कि नौ पैमानों पर पंचायत को परखा जाना बेमानी है।
केंद्र सरकार ने वर्ष 2015 में न्यूयाॅर्क में आयोजित संयुक्त राष्ट्र शिखर सम्मेलन के महासभा में 15 वर्षों में (2030) तक गांवों के विकास के लिए नौ बिंदुओं पर लक्ष्य निर्धारित कर वर्ष 2016 से 2030 तक हासिल करने का निर्णय लिया गया है। इसी थीम में शामिल जिले का पहला गांव भनवापुर ब्लाॅक क्षेत्र का हंसुड़ी औसानपुर को बाल हितैषी के रूप में चुना गया। वहीं, वर्ष 2025 में जिले का पहला गांव भी भनवापुर ब्लाॅक क्षेत्र का चौखड़ा गरीब मुक्त गांव की सूची में आ गया है।
हर थीम के लिए विजन स्टेटमेंट को स्थानीय लक्ष्यों में जोड़ा जाता है, जिन पर ग्राम पंचायतें काम करेंगी। अधिकांश लक्ष्य राष्ट्रीय लक्ष्यों से जुड़े होते हैं और वे राष्ट्रीय लक्ष्यों के अनुसार होंगे, लेकिन ग्राम पंचायत के दृष्टिकोण से पहचाने जाएंगे। इन सभी नौ थीम में शामिल बिंदुओं में किसी पैमाने पर ग्राम चौखड़ा का विकास खरा नहीं उतर रहा है। इसके बावजूद गांव को गरीब मुक्त घोषित कर दिया गया है।
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यह निर्धारित है नौ थीम-
पंचायतों को विकसित बनने के उद्देश्य से नौ थीम्स की पहचान की गई है, जिनमें से प्रत्येक के लिए एक विजन स्टेटमेंट है।
थीम- 1
गरीब मुक्त और उन्नत आजीविका वाला गांव
थीम -2
स्वस्थ गांव
थीम -3 बाल-अनुकूल गांव
थीम -4
जल-संपन्न गांव।
थीम -5 स्वच्छ और हरित गांव।
थीम- 6 स्वयं-संपूर्ण बुनियादी ढांचे वाला गांव।
थीम -7
सामाजिक रूप से सुरक्षित गांव।
थीम -8
अच्छे शासन वाला गांव।
थीम- 9
लिंग-समान विकास वाला गांव।
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मेहनत मजदूरी से मिलने वाले धनराशि व अंत्योदय कार्ड से मिलने वाले राशन से परिवार चलता है।
आभावती, चौखड़ा
मेहनत मजदूरी करके और अंत्योदय राशन कार्ड के राशन से परिवार का जीवन यापन करते हैं।
राकेश कुमार, चौखड़ा
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मानक के अनुसार गांव में विकास कार्य कराए जाते है, इन सभी बिंदुओं में गांव को संतृप्त करना शासन की मंशा है, जिससे ग्रामीणों को इसका लाभ मिल सके।
चंद्रासू, डीपीएम, पंचायती राज विभाग
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- सरकार की रिपोर्ट के मुताबिक नहीं हुई गांव की तरक्की, विकास का बना दिया पैमाना
- भनवापुर ब्लाॅक क्षेत्र के हंसुड़ी, औसानपुर को बाल हितैषी तो चौखड़ा को मिला गरीब मुक्त गांव का दर्जा
भनवापुर। चौखड़ा को गरीब मुक्त गांव का दर्जा मिला है। कागजी आंकड़ों पर मंथन के बाद मिले इस तमगे से जमीनी हकीकत काफी दूर है। गांव में 611 लोगों के पास पात्रता गृहस्थी तो गरीबी रेखा से नीचे जीवन यापन (अंत्योदय राशन कार्ड) करने वाले परिवार सरकारी राशन पर निर्भर है। ऐसे में लोगों का कहना है कि नौ पैमानों पर पंचायत को परखा जाना बेमानी है।
केंद्र सरकार ने वर्ष 2015 में न्यूयाॅर्क में आयोजित संयुक्त राष्ट्र शिखर सम्मेलन के महासभा में 15 वर्षों में (2030) तक गांवों के विकास के लिए नौ बिंदुओं पर लक्ष्य निर्धारित कर वर्ष 2016 से 2030 तक हासिल करने का निर्णय लिया गया है। इसी थीम में शामिल जिले का पहला गांव भनवापुर ब्लाॅक क्षेत्र का हंसुड़ी औसानपुर को बाल हितैषी के रूप में चुना गया। वहीं, वर्ष 2025 में जिले का पहला गांव भी भनवापुर ब्लाॅक क्षेत्र का चौखड़ा गरीब मुक्त गांव की सूची में आ गया है।
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हर थीम के लिए विजन स्टेटमेंट को स्थानीय लक्ष्यों में जोड़ा जाता है, जिन पर ग्राम पंचायतें काम करेंगी। अधिकांश लक्ष्य राष्ट्रीय लक्ष्यों से जुड़े होते हैं और वे राष्ट्रीय लक्ष्यों के अनुसार होंगे, लेकिन ग्राम पंचायत के दृष्टिकोण से पहचाने जाएंगे। इन सभी नौ थीम में शामिल बिंदुओं में किसी पैमाने पर ग्राम चौखड़ा का विकास खरा नहीं उतर रहा है। इसके बावजूद गांव को गरीब मुक्त घोषित कर दिया गया है।
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यह निर्धारित है नौ थीम-
पंचायतों को विकसित बनने के उद्देश्य से नौ थीम्स की पहचान की गई है, जिनमें से प्रत्येक के लिए एक विजन स्टेटमेंट है।
थीम- 1
गरीब मुक्त और उन्नत आजीविका वाला गांव
थीम -2
स्वस्थ गांव
थीम -3 बाल-अनुकूल गांव
थीम -4
जल-संपन्न गांव।
थीम -5 स्वच्छ और हरित गांव।
थीम- 6 स्वयं-संपूर्ण बुनियादी ढांचे वाला गांव।
थीम -7
सामाजिक रूप से सुरक्षित गांव।
थीम -8
अच्छे शासन वाला गांव।
थीम- 9
लिंग-समान विकास वाला गांव।
मेहनत मजदूरी से मिलने वाले धनराशि व अंत्योदय कार्ड से मिलने वाले राशन से परिवार चलता है।
आभावती, चौखड़ा
मेहनत मजदूरी करके और अंत्योदय राशन कार्ड के राशन से परिवार का जीवन यापन करते हैं।
राकेश कुमार, चौखड़ा
मानक के अनुसार गांव में विकास कार्य कराए जाते है, इन सभी बिंदुओं में गांव को संतृप्त करना शासन की मंशा है, जिससे ग्रामीणों को इसका लाभ मिल सके।
चंद्रासू, डीपीएम, पंचायती राज विभाग