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Siddharthnagar News: कस्तूरबा विद्यालयों से पुरुष कर्मियों की छंटनी का विरोध
Tue, 02 May 2023 11:58 PM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सिद्धार्थनगर
संवाद न्यूज एजेंसी, सिद्धार्थनगर
Updated Tue, 02 May 2023 11:58 PM IST
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एसडीएम ललीत कुमार मिश्र को ज्ञापन देती कस्तुरबा विद्यालय की शिक्षका।
सिद्धार्थनगर। कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालय में कार्यरत पुरुष कर्मियों की छंटनी के संबंध में केजीबीवी संघ के लोगों ने मंगलवार को सांसद, डीएम व बीएसए को ज्ञापन सौंप छंटनी को अनुचित बताते हुए आदेश पर पुनर्विचार करने की मांग की।
जिलाध्यक्ष ममता सिंह, अपर्णा सिंह, निशा सिंह, गीता यादव, नीता वर्मा की अगुवाई में सांसद जगदंबिका पाल को उनके आवास पर मिलकर ज्ञापन सौंपा गया। ज्ञापन में कहा कि केजीबीवी में जरूरत के अनुसार पार्ट टाइम टीचर, लेखाकार, चपरासी और चौकीदार के पद पर पुरुषों की तैनाती हुई थी। वह विद्यालय से संबंधित कार्य को नियमित रूप से करते हैं। विद्यालय संचालन में इनका अहम योगदान है, ऐसे में छंटनी करना इनके भविष्य से खिलवाड़ करना है। यह बेरोजगार हो जाएंगे और इनके परिवार के सामने भरण-पोषण का संकट खड़ा हो जाएगा। विद्यालय में उपयोग होने वाली सब्जी, फल, दूध, गैस सिलेंडर, बीमार बच्चियों को अस्पताल पहुंचाने में मदद करना, हिंसक और जहरीले जंतुओं से बचाव करना जैसे अनेक कार्य में इनका सहयोग मिलता रहा है। छटनी के जद में प्रदेश भर के लगभग तीन हजार और जिले के 50 पुरूष कर्मी प्रभावित होंगे। इसके बाद डीएम संजीव रंजन, बीएसए देवेंद्र कुमार पांडेय को भी ज्ञापन सौंपा गया। इस दौरान अभय कुमार, नितेश गुप्ता, जयप्रकाश, विनय सिंह, रीना यादव, चंद्रभूषण, पंकज, सुनील, संजीव, नीलम, सुनीता आदि मौजूद रहे।
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जिलाध्यक्ष ममता सिंह, अपर्णा सिंह, निशा सिंह, गीता यादव, नीता वर्मा की अगुवाई में सांसद जगदंबिका पाल को उनके आवास पर मिलकर ज्ञापन सौंपा गया। ज्ञापन में कहा कि केजीबीवी में जरूरत के अनुसार पार्ट टाइम टीचर, लेखाकार, चपरासी और चौकीदार के पद पर पुरुषों की तैनाती हुई थी। वह विद्यालय से संबंधित कार्य को नियमित रूप से करते हैं। विद्यालय संचालन में इनका अहम योगदान है, ऐसे में छंटनी करना इनके भविष्य से खिलवाड़ करना है। यह बेरोजगार हो जाएंगे और इनके परिवार के सामने भरण-पोषण का संकट खड़ा हो जाएगा। विद्यालय में उपयोग होने वाली सब्जी, फल, दूध, गैस सिलेंडर, बीमार बच्चियों को अस्पताल पहुंचाने में मदद करना, हिंसक और जहरीले जंतुओं से बचाव करना जैसे अनेक कार्य में इनका सहयोग मिलता रहा है। छटनी के जद में प्रदेश भर के लगभग तीन हजार और जिले के 50 पुरूष कर्मी प्रभावित होंगे। इसके बाद डीएम संजीव रंजन, बीएसए देवेंद्र कुमार पांडेय को भी ज्ञापन सौंपा गया। इस दौरान अभय कुमार, नितेश गुप्ता, जयप्रकाश, विनय सिंह, रीना यादव, चंद्रभूषण, पंकज, सुनील, संजीव, नीलम, सुनीता आदि मौजूद रहे।
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