{"_id":"5daf45cd8ebc3e013a3e583b","slug":"ig-inspection-siddharthnagar-news-gkp3265763168","type":"story","status":"publish","title_hn":"आईजी ने ग्रामीणों से मिलकर जाना कानून व्यवस्था का हाल","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
आईजी ने ग्रामीणों से मिलकर जाना कानून व्यवस्था का हाल
विज्ञापन
अलीगढवा के पचंगवा गांव में निरीक्षण करते एडीजी कानून ब्यवस्था अशोक कुमार सिंह
- फोटो : SIDDHARTHNAGAR
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
फोटो-62
आईजी ने ग्रामीणों से मिलकर जाना कानून व्यवस्था का हाल
कपिलवस्तु कोतवाली, बार्डर व जेल का किया निरीक्षण
दो दिवसीय निरीक्षण पर नोडल अफसर के रूप में जिले में आए हैं आईजी अपराध लखनऊ अशोक कुमार सिंह
अमर उजाला ब्यूरो
सिद्धार्थनगर। कानून व्यवस्था की जानकारी लेने के लिए मंगलवार को जिले में दो दिवसीय निरीक्षण पर आए नोडल अफसर आईजी अपराध लखनऊ अशोक कुमार सिंह ने पुलिस लाइंस, आरक्षी, कपिलवस्तु कोतवाली का निरीक्षण किया। साथ ही भारत-नेपाल सीमा पर स्थित अलीगढ़वा बार्डर का निरीक्षण किया। क्षेत्र के पचगंवा गांव के पास रुके। इसके बाद ग्रामीणों का हाल-चाल लिया।
आईजी अपराध लखनऊ अशोक कुमार सिंह मंगलवार को पुलिस लाइंस पहुंचे। यहां सबसे पहले उन्होंने लाइंस का निरीक्षण किया। शस्त्रागार का निरीक्षण किया। इसके बाद ट्रेनिंग कर रहे आरक्षियों से जानकारी ली। इसके बाद उनके आवासों को देखा। नियमित सफाई करने के निर्देश दिए। इसके बाद लाइंस के आवास का निरीक्षण किया। सुविधाओं के बारे में जानकारी ली। उन्हें नियमित साफ-सफाई करने के निर्देश दिए। यहां से निकलने के बाद कपिलवस्तु कोतवाली पहुंचे। कोतवाली में मालखाना, मेस, पुलिस कर्मियों आवास व परिसर को देखा। कागजात को सही से रखने के लिए कहा। साथ ही थाने पर आने वाले फरियादियों के समस्याओं को सुनने और निस्तारण करने के निर्देश दिए। पुलिस कर्मियों को निर्देश दिए कि थाने पर आने वाले हर व्यक्ति से अच्छा बर्ताव करें। उनकी समस्याओं को सुनें और निस्तारण करें। इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। यहां से निकलने के बाद अलीगढ़वा बार्डर पर पहुंचे। यहां सुरक्षा के जायजा लिया। सीमा पर तैनात एसएसबी के जवानों से सुरक्षा के संबंध में बात की। इसके बाद जिला कारागार पहुंचे। कारागार में पहुंचने के बाद सभी बैरकों का निरीक्षण किया। मगर कोई संदिग्ध वस्तु नहीं मिली। जेल अधीक्षक राकेश सिंह को निर्देश दिए कि शातिर अपराधियों पर नजर रखें और उनसे मिलने वालों की जानकारी एकत्र करें। अगर जेल में किसी प्रकार की गड़बड़ी की आशंका बने तो तत्काल सूचित करें। जेल से निकलने के बाद सिद्धार्थ तिराहा पहुंचकर मार्च किया। व्यापारियों से मिलकर सुरक्षा के बारे में जानकारी ली। उन्हें हर संभव सुरक्षा मुहैया कराने का आश्वासन दिया और पुलिस की मदद करने की अपील की। कहा कि अगर कहीं किसी भी प्रकार की दिक्कत हो या फिर किसी व्यक्ति की गतिविधि संदिग्ध लगे तो पुलिस को सूचित करें, जिससे अपराध होने से पहले उसे रोका जा सके। इस दौरान एसपी विजय ढुल, एएसपी मायाराम वर्मा, सीओ सदर दिलीप कुमार सिंह आदि मौजूद रहे।
ग्रामीणों से मिलकर जाना हाल
कपिलवस्तु कोतवाली जाते समय आईजी अशोक कुमार सिंह पचगंवा गांव के मदरसे में पहुंचे। यहां लोगों से बात की। डॉयल 112 की जानकारी दी। पुलिस कर्मियों के बारे में पूछा तो लोगों ने कहा निरंतर गश्त होने की बात कही। प्रधान शफीक ने कहा यहां कोई अपराध व तस्करी नहीं है। सिद्धार्थ विश्वविद्यालय के बारे में भी लोगों से पढ़ाई के बारे में जानकारी ली। शौचालय स्वच्छता की जानकारी ली। इस दौरान 181 महिला हेल्प लाइन 1090 लड़कियों के लिए 100 और 112 नंबर की जानकारी दी। गांव में शिक्षा की जानकारी ली। उन्होंने लोगों से कहा कि खेती के साथ पढ़ाई भी जरूरी है।
विज्ञापन
विज्ञापन
आईजी ने ग्रामीणों से मिलकर जाना कानून व्यवस्था का हाल
कपिलवस्तु कोतवाली, बार्डर व जेल का किया निरीक्षण
दो दिवसीय निरीक्षण पर नोडल अफसर के रूप में जिले में आए हैं आईजी अपराध लखनऊ अशोक कुमार सिंह
अमर उजाला ब्यूरो
सिद्धार्थनगर। कानून व्यवस्था की जानकारी लेने के लिए मंगलवार को जिले में दो दिवसीय निरीक्षण पर आए नोडल अफसर आईजी अपराध लखनऊ अशोक कुमार सिंह ने पुलिस लाइंस, आरक्षी, कपिलवस्तु कोतवाली का निरीक्षण किया। साथ ही भारत-नेपाल सीमा पर स्थित अलीगढ़वा बार्डर का निरीक्षण किया। क्षेत्र के पचगंवा गांव के पास रुके। इसके बाद ग्रामीणों का हाल-चाल लिया।
आईजी अपराध लखनऊ अशोक कुमार सिंह मंगलवार को पुलिस लाइंस पहुंचे। यहां सबसे पहले उन्होंने लाइंस का निरीक्षण किया। शस्त्रागार का निरीक्षण किया। इसके बाद ट्रेनिंग कर रहे आरक्षियों से जानकारी ली। इसके बाद उनके आवासों को देखा। नियमित सफाई करने के निर्देश दिए। इसके बाद लाइंस के आवास का निरीक्षण किया। सुविधाओं के बारे में जानकारी ली। उन्हें नियमित साफ-सफाई करने के निर्देश दिए। यहां से निकलने के बाद कपिलवस्तु कोतवाली पहुंचे। कोतवाली में मालखाना, मेस, पुलिस कर्मियों आवास व परिसर को देखा। कागजात को सही से रखने के लिए कहा। साथ ही थाने पर आने वाले फरियादियों के समस्याओं को सुनने और निस्तारण करने के निर्देश दिए। पुलिस कर्मियों को निर्देश दिए कि थाने पर आने वाले हर व्यक्ति से अच्छा बर्ताव करें। उनकी समस्याओं को सुनें और निस्तारण करें। इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। यहां से निकलने के बाद अलीगढ़वा बार्डर पर पहुंचे। यहां सुरक्षा के जायजा लिया। सीमा पर तैनात एसएसबी के जवानों से सुरक्षा के संबंध में बात की। इसके बाद जिला कारागार पहुंचे। कारागार में पहुंचने के बाद सभी बैरकों का निरीक्षण किया। मगर कोई संदिग्ध वस्तु नहीं मिली। जेल अधीक्षक राकेश सिंह को निर्देश दिए कि शातिर अपराधियों पर नजर रखें और उनसे मिलने वालों की जानकारी एकत्र करें। अगर जेल में किसी प्रकार की गड़बड़ी की आशंका बने तो तत्काल सूचित करें। जेल से निकलने के बाद सिद्धार्थ तिराहा पहुंचकर मार्च किया। व्यापारियों से मिलकर सुरक्षा के बारे में जानकारी ली। उन्हें हर संभव सुरक्षा मुहैया कराने का आश्वासन दिया और पुलिस की मदद करने की अपील की। कहा कि अगर कहीं किसी भी प्रकार की दिक्कत हो या फिर किसी व्यक्ति की गतिविधि संदिग्ध लगे तो पुलिस को सूचित करें, जिससे अपराध होने से पहले उसे रोका जा सके। इस दौरान एसपी विजय ढुल, एएसपी मायाराम वर्मा, सीओ सदर दिलीप कुमार सिंह आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन
ग्रामीणों से मिलकर जाना हाल
कपिलवस्तु कोतवाली जाते समय आईजी अशोक कुमार सिंह पचगंवा गांव के मदरसे में पहुंचे। यहां लोगों से बात की। डॉयल 112 की जानकारी दी। पुलिस कर्मियों के बारे में पूछा तो लोगों ने कहा निरंतर गश्त होने की बात कही। प्रधान शफीक ने कहा यहां कोई अपराध व तस्करी नहीं है। सिद्धार्थ विश्वविद्यालय के बारे में भी लोगों से पढ़ाई के बारे में जानकारी ली। शौचालय स्वच्छता की जानकारी ली। इस दौरान 181 महिला हेल्प लाइन 1090 लड़कियों के लिए 100 और 112 नंबर की जानकारी दी। गांव में शिक्षा की जानकारी ली। उन्होंने लोगों से कहा कि खेती के साथ पढ़ाई भी जरूरी है।
विज्ञापन