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Siddharthnagar News: सड़क किनारे गड्ढा हाेने से दुर्घटना की आंशका
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-सकारपार चौराहे से उसका मार्ग पर बने गड्ढे को नहीं भरा गया
संवाद न्यूज एजेंसी
खेसरहा। सकारपार चौराहे से उसका मार्ग पर स्थित राप्ती नदी के पुल के पहले सड़क पर दोनों किनारे बड़ा गड्ढा होने से बड़ी दुर्घटना की आशंका हो रही है। विभागीय अधिकारियों से शिकायत करने के बाद भी अभी तक गड्ढे भरे नहीं गए हैं। राहगीरों को जान जोखिम में डालकर सफर करना पड़ रहा है।
सात वर्ष पूर्व चोरईताल व अजगरा गांव के बीच राप्ती नदी पर पुल का निर्माण होने से खेसरहा क्षेत्र के लोगों को जिला मुख्यालय व उसका के क्षेत्रवासियों को मेंहदावल व संतकबीरनगर जिले में आने-जाने के लिए यह मार्ग आसान हो गया है। इस मार्ग पर 50 से अधिक गांवों के लोग दो पहिया व चार पहिया वाहनों से प्रतिदिन सफर करते हैं। पुल के दक्षिण तरफ सड़क के दोनों तरफ टूटकर लगभग दस फीट गहरे होल बन चुके हैं। लोगों को इस जगह पर वाहन को सतर्कता से निकालना पड़ता है। लोगों का कहना है कि किसी दिन यहां बड़ा हादसा हो सकता है।
संजय यादव, सुरेंद्र कुमार, हीरालाल, राजमन, ओम प्रकाश, रमेश पांडेय, राजेन्द्र साहनी, रामफेर ने कहा कई बार पीडब्ल्यूडी में शिकायत की गई, लेकिन अभी तक मरम्मत नहीं की गई है। इस संबंध में पीडब्ल्यूडी के अधिशाषी अभियंता वीके राय ने बताया कि स्थलीय निरीक्षण कराकर जल्द ही मरम्मत का कार्य कराया जाएगा।
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संवाद न्यूज एजेंसी
खेसरहा। सकारपार चौराहे से उसका मार्ग पर स्थित राप्ती नदी के पुल के पहले सड़क पर दोनों किनारे बड़ा गड्ढा होने से बड़ी दुर्घटना की आशंका हो रही है। विभागीय अधिकारियों से शिकायत करने के बाद भी अभी तक गड्ढे भरे नहीं गए हैं। राहगीरों को जान जोखिम में डालकर सफर करना पड़ रहा है।
सात वर्ष पूर्व चोरईताल व अजगरा गांव के बीच राप्ती नदी पर पुल का निर्माण होने से खेसरहा क्षेत्र के लोगों को जिला मुख्यालय व उसका के क्षेत्रवासियों को मेंहदावल व संतकबीरनगर जिले में आने-जाने के लिए यह मार्ग आसान हो गया है। इस मार्ग पर 50 से अधिक गांवों के लोग दो पहिया व चार पहिया वाहनों से प्रतिदिन सफर करते हैं। पुल के दक्षिण तरफ सड़क के दोनों तरफ टूटकर लगभग दस फीट गहरे होल बन चुके हैं। लोगों को इस जगह पर वाहन को सतर्कता से निकालना पड़ता है। लोगों का कहना है कि किसी दिन यहां बड़ा हादसा हो सकता है।
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संजय यादव, सुरेंद्र कुमार, हीरालाल, राजमन, ओम प्रकाश, रमेश पांडेय, राजेन्द्र साहनी, रामफेर ने कहा कई बार पीडब्ल्यूडी में शिकायत की गई, लेकिन अभी तक मरम्मत नहीं की गई है। इस संबंध में पीडब्ल्यूडी के अधिशाषी अभियंता वीके राय ने बताया कि स्थलीय निरीक्षण कराकर जल्द ही मरम्मत का कार्य कराया जाएगा।
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