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Shravasti News: नेपाल सीमा क्षेत्र में नया नहीं फर्जी आधार बनाने का खेल

Wed, 11 Jun 2025 03:56 AM IST
लखनऊ ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, श्रावस्ती
संवाद न्यूज एजेंसी, श्रावस्ती Updated Wed, 11 Jun 2025 03:56 AM IST
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The game of making fake Aadhaar cards in Nepal border area is not new
शांति स्वरूप पांडेय
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श्रावस्ती। नेपाल सीमा से सटे इलाकों में फर्जी जाति, आय व निवास प्रमाण पत्र सहित आधार कार्ड बनाने का खेल पुराना है। इसमें आमजन ही नहीं प्रभावशाली लोगों का भी नाम जुड़ चुका है। इसकी जानकारी भी हुई। इसके बावजूद कार्रवाई न होने से यह अवैध कारोबार लगातार बढ़ता गया। इसके बाद अब एक के बाद एक खुलासा हो रहा है।
भारत व नेपाल के बीच रोटी-बेटी का संबंध है। ऐसे तमाम लोग हैं जिनका घर नेपाल तो खेत भारतीय क्षेत्र में है। ऐसे लोग कूटरचित तरीके से आधार कार्ड बनवाकर अपनी भूमि व भवन बेचते रहे हैं। जमुनहा क्षेत्र के ऐसे कई बैनामा हैं, जिनमें आपत्ति के बाद मामला सिविल न्यायालय में विचाराधीन है। यही नहीं माओवादी आंदोलन के दौरान सीमा क्षेत्र सहित नेपाल के जिलों में बसे लोग अपना घर व खेत बेचकर जिले के निवासी बन गए। वह बाद में ग्राम प्रधान सहित जिला पंचायत सदस्य भी चुने गए।
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जिला पंचायत वार्ड नंबर पांच से सदस्य रहे धनंजय यादव मूल रूप से नेपाल के निवासी थे। इनके पिता दिनेश यादव नेपाल से सांसद व मंत्री भी रह चुके हैं। जिला पंचायत चुनाव के नामांकन के दौरान प्रतिद्वंद्वी प्रत्याशियों की ओर से धनंजय यादव को नेपाली बताते हुए उनके जाति, निवास प्रमाणपत्र सहित आधार कार्ड कूटरचित होने का आरोप भी लगाया, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। वह पांच नंबर वार्ड से चुनाव जीतकर जिला पंचायत सदस्य भी बने। ऐसे ही कई और हैं जो ग्राम प्रधान, बीडीसी सहित कई अन्य पदों पर या तो रह चुके हैं, या फिर चुनाव लड़े। इन पर कार्रवाई न होने से पैसे के लालच में कुछ जनसेवा केंद्र संचालकों ने इस अवैध कारोबार को रोजगार बना लिया। इसके बल पर आज वह मालामाल हैं।(संवाद)
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छह साल में बनाई लाखों की संपत्ति
सिरसिया क्षेत्र के पंडित अर्जुन प्रसाद पब्लिक स्कूल बालापुर के पास से गिरफ्तार लालपुर कुशमहवा के मजरा तकिया निवासी प्रवीण कुमार मिश्रा पुत्र कपिल मुनि मिश्रा वर्ष 2019 में इस काम में जुड़ा था। वह कूटरचित तरीके से जाति, निवास प्रमाणपत्र बनाकर फर्जी तरीके से आधार कार्ड व जन्म प्रमाणपत्र भी बनाता है। इसी के बदौलत उसने न सिर्फ आलीशान मकान बना लिया, बल्कि कार व बाइक खरीदने के साथ शानदार जीवन भी जीने लगा था। फिलहाल अब वह जेल में है।

पहले भी हो चुकी है गिरफ्तारी
मौजूदा वर्ष में नकली आधार कार्ड बनाने का एसओजी टीम प्रभारी नितिन यादव ने यह तीसरा खुलासा किया है। इससे पूर्व उन्होंने मल्हीपुर पुलिस के साथ छह फरवरी को रामपुर जब्दी गांव के पंचायत भवन से पंचायत सहायक एहसान उल्ला पुत्र इनामुल्लाह, गांव निवासी उसके सहयोगी अरविंद यादव व सोहरिया निवासी राशिद को फर्जी आधार कार्ड बनाने के आरोप में गिरफ्तार किया था। वहीं एसओजी टीम प्रभारी ने हरदत्त नगर गिरंट पुलिस के साथ मिलकर 24 जनवरी को हरिवंशपुर के कमला रोड चौराहा से बहराइच के रामगांव थाना क्षेत्र के नकही निवासी रफीकुद्दीन पुत्र इमाम अली को गिरफ्तार कर जेल भेजा था।
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