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सीताद्वार मंदिर व झील के सौंदर्यीकरण से बढ़ेंगी रोजगार की संभावनाएं
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श्रावस्ती। सीताद्वार झील व मंदिर के सौंदर्यीकरण कार्य का बुधवार को देवीपाटन मंडल के आयुक्त ने जायजा लिया। इस प्रोजेक्ट को उन्होंने आम लोगों के लिए रोजगार के अवसर खोलने वाला बताया।
निरीक्षण के दौरान आयुक्त एमपी अग्रवाल ने कहाकि सीताद्वार मंदिर व झील मनोरम स्थल है। यहां पर पर्यटन की अपार संभावनाएं हैं। मंदिर व झील का विकास होगा तो निश्चित ही दूर-दूर के पर्यटक भी आकर दर्शन पूजन कर लाभ उठायेंगे। स्थानीय लोग यहां पर दुकान लगाकर रोजगार से जुड़ेंगे।
इस मौके पर डीएम नेहा प्रकाश ने मंदिर व झील के बारे में जानकारी देते हुए बताया कि झील का कुल क्षेत्रफल 154.5 हेक्टेयर है। झील के पांच हेक्टेयर क्षेत्रफल में बोट क्लब की स्थापना, 20 हेक्टेयर क्षेत्रफल में लोटस गार्डेन, एक हेक्टेयर क्षेत्रफल में फिश एक्योरियम, पांच हेक्टेयर क्षेत्रफल में वाटर पार्क का निर्माण करने के साथ ही झील के मध्य में एक हैंगिंग रेस्टोरेंट की स्थापना की जानी है। जबकि झील के शेष भाग पर मत्स्य विभाग द्वारा मत्स्य पालन को बढ़ावा दिया जाएगा।
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सीताद्वार मंदिर के सामने के मुख्य घाट पर प्रतिदिन शाम को सीता आरती का कार्यक्रम व पौराणिक कथाओं पर आधारित लाइट एंड साउंड शो होगा। झील के बीच में द्वीप काटेज के निर्माण के साथ ही झील के दोनो ओर जॉगिंग ट्रैक का निर्माण कराया जाएगा। झील के घाटों पर आवश्यकतानुसार सीढ़ी के निर्माण के साथ ढलान पर बेहतर ढंग से पत्थरों को लगाकर घाटों को संवारा जाएगा। साथ ही सभी घाटों पर महिलाओं के लिए चेंजिंग रूम की व्यवस्था कराई जाएगी। इस दौरान मुख्य विकास अधिकारी अनुभव सिंह, अपर जिलाधिकारी कमलेश चंद्र, प्रभागीय वनाधिकारी एपी यादव, उपजिलाधिकारी इकौना आरपी चौधरी सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे।
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निरीक्षण के दौरान आयुक्त एमपी अग्रवाल ने कहाकि सीताद्वार मंदिर व झील मनोरम स्थल है। यहां पर पर्यटन की अपार संभावनाएं हैं। मंदिर व झील का विकास होगा तो निश्चित ही दूर-दूर के पर्यटक भी आकर दर्शन पूजन कर लाभ उठायेंगे। स्थानीय लोग यहां पर दुकान लगाकर रोजगार से जुड़ेंगे।
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इस मौके पर डीएम नेहा प्रकाश ने मंदिर व झील के बारे में जानकारी देते हुए बताया कि झील का कुल क्षेत्रफल 154.5 हेक्टेयर है। झील के पांच हेक्टेयर क्षेत्रफल में बोट क्लब की स्थापना, 20 हेक्टेयर क्षेत्रफल में लोटस गार्डेन, एक हेक्टेयर क्षेत्रफल में फिश एक्योरियम, पांच हेक्टेयर क्षेत्रफल में वाटर पार्क का निर्माण करने के साथ ही झील के मध्य में एक हैंगिंग रेस्टोरेंट की स्थापना की जानी है। जबकि झील के शेष भाग पर मत्स्य विभाग द्वारा मत्स्य पालन को बढ़ावा दिया जाएगा।
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सीताद्वार मंदिर के सामने के मुख्य घाट पर प्रतिदिन शाम को सीता आरती का कार्यक्रम व पौराणिक कथाओं पर आधारित लाइट एंड साउंड शो होगा। झील के बीच में द्वीप काटेज के निर्माण के साथ ही झील के दोनो ओर जॉगिंग ट्रैक का निर्माण कराया जाएगा। झील के घाटों पर आवश्यकतानुसार सीढ़ी के निर्माण के साथ ढलान पर बेहतर ढंग से पत्थरों को लगाकर घाटों को संवारा जाएगा। साथ ही सभी घाटों पर महिलाओं के लिए चेंजिंग रूम की व्यवस्था कराई जाएगी। इस दौरान मुख्य विकास अधिकारी अनुभव सिंह, अपर जिलाधिकारी कमलेश चंद्र, प्रभागीय वनाधिकारी एपी यादव, उपजिलाधिकारी इकौना आरपी चौधरी सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे।