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जल संचयन को आंदोलन बनाएं लोग
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श्रावस्ती। जीव, वन व जीवन के लिए जल बेहद आवश्यक है। ऐसे में जल संचयन को जिलेवासी आंदोलन बनाएं। साथ ही इसे प्राथमिकता में शामिल किया जाए। सभी सरकारी, अर्द्धसरकारी व शासकीय कार्यालय व भवनों सहित स्कूल कॉलेज में अनिवार्य रूप से रूफटॉप रेन वाटर हार्वेस्टिंग प्रणाली की स्थापना की जाए।
यह बातें गुरुवार को कलेक्ट्रेट सभागार में अधिकारियों के साथ बैठक में जिलाधिकारी टीके शिबू ने कहीं। उन्होंने कहा कि भविष्य में जल संचयन के कार्यों को सरकार की प्राथमिकता में सम्मिलित किया गया है। इसके लिए जल शक्ति मंत्री डॉ. महेन्द्र सिंह ने जिले के सभी शासकीय, अर्द्धशासकीय भवनों तथा स्कूल व कॉलेज भवनों पर अनिवार्य रूप से रूफटॉप रेन वाटर हार्वेस्टिंग प्रणाली की स्थापना के निर्देश दिए हैं।
इसके लिए शासन स्तर से लघु सिंचाई विभाग के अधिशासी अभियंता व सहायक अभियंता को जिलास्तर पर प्रणाली की स्थापना के कार्य की प्रगति का अनुश्रवण करने के लिए नोडल अधिकारी नामित किया गया है। जिनको समयबद्ध अनुश्रवण के लिए निर्देश दिए गए हैं। नोडल अधिकारी व्यक्तिगत संपर्क करते हुए सभी विभागों को अपने कार्यालय भवनों पर प्रणाली की स्थापना कराने की प्रगति का अनुश्रवण कराएं। लघु सिंचाई विभाग के सहायक अभियंता राजेंद्र सिंह ने जल संचयन को व्यापक जन सहभागिता के द्वारा जन आंदोलन का रूप देने की आवश्यकता पर बल दिया।
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साथ ही सभी व्यवसायिक प्रतिष्ठानों, औद्योगिक इकाइयों, गैर सरकारी संगठनों व किसानों को अपने-अपने कार्य क्षेत्रों में रेन वाटर हार्वेस्टिंग प्रणाली स्थापित करते हुए जल संचयन के कार्य को प्रभावी रूप से करने की अपील की। वहीं ग्रामीण क्षेत्रों में मनरेगा योजना के तहत व्यक्तिगत एवं सार्वजनिक स्थलों पर जल संचयन के विविध कार्य कराए जाने की जानकारी दी।
उन्होंने कहा कि गांव के शासकीय विद्यालयों पर प्रणाली की स्थापना के साथ ही तालाब, रिचार्ज पिट इत्यादि के कार्य भी सम्मिलित हैं। इसके लिए खंड विकास अधिकारी से संपर्क किया जा सकता है। इस मौके पर कई अन्य अधिकारी मौजूद रहे।
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यह बातें गुरुवार को कलेक्ट्रेट सभागार में अधिकारियों के साथ बैठक में जिलाधिकारी टीके शिबू ने कहीं। उन्होंने कहा कि भविष्य में जल संचयन के कार्यों को सरकार की प्राथमिकता में सम्मिलित किया गया है। इसके लिए जल शक्ति मंत्री डॉ. महेन्द्र सिंह ने जिले के सभी शासकीय, अर्द्धशासकीय भवनों तथा स्कूल व कॉलेज भवनों पर अनिवार्य रूप से रूफटॉप रेन वाटर हार्वेस्टिंग प्रणाली की स्थापना के निर्देश दिए हैं।
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इसके लिए शासन स्तर से लघु सिंचाई विभाग के अधिशासी अभियंता व सहायक अभियंता को जिलास्तर पर प्रणाली की स्थापना के कार्य की प्रगति का अनुश्रवण करने के लिए नोडल अधिकारी नामित किया गया है। जिनको समयबद्ध अनुश्रवण के लिए निर्देश दिए गए हैं। नोडल अधिकारी व्यक्तिगत संपर्क करते हुए सभी विभागों को अपने कार्यालय भवनों पर प्रणाली की स्थापना कराने की प्रगति का अनुश्रवण कराएं। लघु सिंचाई विभाग के सहायक अभियंता राजेंद्र सिंह ने जल संचयन को व्यापक जन सहभागिता के द्वारा जन आंदोलन का रूप देने की आवश्यकता पर बल दिया।
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साथ ही सभी व्यवसायिक प्रतिष्ठानों, औद्योगिक इकाइयों, गैर सरकारी संगठनों व किसानों को अपने-अपने कार्य क्षेत्रों में रेन वाटर हार्वेस्टिंग प्रणाली स्थापित करते हुए जल संचयन के कार्य को प्रभावी रूप से करने की अपील की। वहीं ग्रामीण क्षेत्रों में मनरेगा योजना के तहत व्यक्तिगत एवं सार्वजनिक स्थलों पर जल संचयन के विविध कार्य कराए जाने की जानकारी दी।
उन्होंने कहा कि गांव के शासकीय विद्यालयों पर प्रणाली की स्थापना के साथ ही तालाब, रिचार्ज पिट इत्यादि के कार्य भी सम्मिलित हैं। इसके लिए खंड विकास अधिकारी से संपर्क किया जा सकता है। इस मौके पर कई अन्य अधिकारी मौजूद रहे।