{"_id":"64eb40060b00cf0e6e0a120a","slug":"during-the-day-the-cattle-keep-on-the-road-and-in-the-fields-at-night-srawasti-news-c-104-1-slko1050-1026-2023-08-27","type":"story","status":"publish","title_hn":"Shravasti News: दिन में सड़क व रात में खेतों पर रहता मवेशियाें का कब्जा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Shravasti News: दिन में सड़क व रात में खेतों पर रहता मवेशियाें का कब्जा
Sun, 27 Aug 2023 05:52 PM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, श्रावस्ती
संवाद न्यूज एजेंसी, श्रावस्ती
Updated Sun, 27 Aug 2023 05:52 PM IST
विज्ञापन
किसानों ने डीएम से की छुट्टा मवेशियों को आश्रय स्थल पहुंचाने की मांग
फोटो - 12
संवाद न्यूज एजेंसी
जमुनहा (श्रावस्ती)। छुट्टा मवेशियों को लेकर किसान परेशान हैं। वह इन मवेशियों को पशु आश्रय स्थल ले जाने की मांग कर रहें है। वहीं जिले में छुट्टा मवेशियों की संख्या ज्यादा व आश्रय कम होने पर अधिकांश मवेशी अभी भी खुले में घूम रहे हैं। जिनका दिन में सड़क तो रात खेतों में कब्जा देखा जा रहा है।
छुट्टा मवेशियों को गौ आश्रय स्थल में रखने की व्यवस्था है। इसके साथ ही उन किसानों को जो ऐसे मवेशी रख सकते हैं। उन्हें अनुदान देने के लिए प्रशासन ने पहले ही घोषणा की है। यहां तक किसानों को प्राकृतिक व आर्गेनिक खेती में इन पशुओं की उपयोगिता बताई जा रही है। इसके बावजूद किसान इन मवेशियों को अपने घर में रखना चाहते हैं और न ही गौ आश्रय स्थल पर इतना स्थान है कि इन सभी मवेशियों को वहां रखा जा सके। जिसके चलते इन मवेशियों ने सड़क किनारे व खाली स्थान पर अपना आसरा बना रखा है।
दिन भर यह मल्हीपुर बैरियल, गंगापुर, बनगई, जमुनहा बस स्टैंड, जमुनहा बाजार, इंडो नेपाल हाईवे के रामपुर चौराहा, कल कलवा, कोदिया गांव, गंगा भगड़, सागर गांव आदि स्थानों पर जमे रहते हैं। वहीं रात होते ही यह मवेशी किसानों की फसलों पर टूट पड़ते हैं। यदि किसान कुछ देर भी चूक जाए ता पूरी फसल तबाह हो जाती है। ऐसे में किसानों ने डीएम कृतिका शर्मा व मुख्य विकास अधिकारी अनुभव सिंह से मांग की हैं कि इन छुट्टा मवेशियों को आश्रय स्थल पहुंचाया जाए। ताकि उनकी फसल बच सके। संवाद
विज्ञापन
विज्ञापन
फोटो - 12
संवाद न्यूज एजेंसी
जमुनहा (श्रावस्ती)। छुट्टा मवेशियों को लेकर किसान परेशान हैं। वह इन मवेशियों को पशु आश्रय स्थल ले जाने की मांग कर रहें है। वहीं जिले में छुट्टा मवेशियों की संख्या ज्यादा व आश्रय कम होने पर अधिकांश मवेशी अभी भी खुले में घूम रहे हैं। जिनका दिन में सड़क तो रात खेतों में कब्जा देखा जा रहा है।
छुट्टा मवेशियों को गौ आश्रय स्थल में रखने की व्यवस्था है। इसके साथ ही उन किसानों को जो ऐसे मवेशी रख सकते हैं। उन्हें अनुदान देने के लिए प्रशासन ने पहले ही घोषणा की है। यहां तक किसानों को प्राकृतिक व आर्गेनिक खेती में इन पशुओं की उपयोगिता बताई जा रही है। इसके बावजूद किसान इन मवेशियों को अपने घर में रखना चाहते हैं और न ही गौ आश्रय स्थल पर इतना स्थान है कि इन सभी मवेशियों को वहां रखा जा सके। जिसके चलते इन मवेशियों ने सड़क किनारे व खाली स्थान पर अपना आसरा बना रखा है।
विज्ञापन
दिन भर यह मल्हीपुर बैरियल, गंगापुर, बनगई, जमुनहा बस स्टैंड, जमुनहा बाजार, इंडो नेपाल हाईवे के रामपुर चौराहा, कल कलवा, कोदिया गांव, गंगा भगड़, सागर गांव आदि स्थानों पर जमे रहते हैं। वहीं रात होते ही यह मवेशी किसानों की फसलों पर टूट पड़ते हैं। यदि किसान कुछ देर भी चूक जाए ता पूरी फसल तबाह हो जाती है। ऐसे में किसानों ने डीएम कृतिका शर्मा व मुख्य विकास अधिकारी अनुभव सिंह से मांग की हैं कि इन छुट्टा मवेशियों को आश्रय स्थल पहुंचाया जाए। ताकि उनकी फसल बच सके। संवाद
विज्ञापन